Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
Iran-Israel War Impact: ईरान युद्ध के कारण बढ़ सकते हैं पानी और कोल्ड ड्रिंक की बोतलों के दाम; भारतीय... मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड का बड़ा फरमान: "मुसलमानों के लिए इस्लामी उत्तराधिकार कानून अनिवार्य"; संपत्ति... विकसित भारत 2047: हरियाणा बनेगा देश का 'ग्रोथ इंजन'! उद्योग और युवाओं के कौशल पर सरकार का बड़ा दांव;... दिल्ली-देहरादून हाईवे पर 'आपत्तिजनक नारा' लिखना पड़ा भारी! दो युवतियों समेत 3 गिरफ्तार; माहौल बिगाड़ने... सावधान! दिल्ली में 48 घंटे बाद बरसेगा पानी, यूपी-राजस्थान में 'तूफान' जैसी हवाओं का अलर्ट; IMD ने पह... आगरा में 'जहरीली गैस' का तांडव! कोल्ड स्टोरेज से रिसाव के बाद मची भगदड़, जान बचाने के लिए खेतों की त... Bus Fire News: जैसलमेर से अहमदाबाद जा रही स्लीपर बस में लगी भीषण आग, एक यात्री झुलसा; खिड़कियों से क... कश्मीर में VIP सुरक्षा पर 'सर्जिकल स्ट्राइक'! फारूक अब्दुल्ला पर हमले के बाद हिला प्रशासन; अब बुलेटप... ईरान की 'हिट लिस्ट' में Google, Apple और Microsoft? अब टेक कंपनियों को तबाह करेगा तेहरान; पूरी दुनिय... दिल्ली में 'Zero' बिजली बिल वालों की शामत! खाली पड़े घरों की सब्सिडी छीनने की तैयारी; क्या आपका भी बं...

बांग्लादेश हिंसा की आग शिक्षकों तक भी आई, 40 अल्पसंख्यकों को इस्तीफा देने के लिए किया मजबूर

24

बांग्लादेश में हिंसा के बाद तख्तापलट हो गया. पांच अगस्त को शेख हसीना की सरकार गिर गई. इसके बाद देश में जो बड़े पैमाने पर हिंसा हुई, उस हिंसा की आग शिक्षकों तक भी आ गई. बांग्लादेश में 5 अगस्त से अब तक 49 अल्पसंख्यक शिक्षकों को इस्तीफा देने के लिए मजबूर किया गया है. अल्पसंख्यकों के एक संगठन ने यह जानकारी दी है. शेख हसीना सरकार के तख्तापलट के बाद से 52 जिलों में अल्पसंख्यक समुदाय के लोगों पर हमले की कम से कम 205 घटनाएं हुई हैं.

बांग्लादेश हिंदू बौद्ध ईसाई ओइक्या परिषद की छात्र शाखा बांग्लादेश छात्र ओइक्या परिषद के समन्वयक साजिब सरकार ने शनिवार को मीडिया से बातचीत में बताया कि पीएम शेख हसीना के पद से हटने और उनके देश से जाने के बाद देश में कई दिनों तक हिंसा जारी रही. देश भर में अल्पसंख्यक शिक्षकों के साथ मारपीट की घटनाएं हुईं और उनमें से कम से कम 49 को इस्तीफा देने के लिए मजबूर होना पड़ा. हालांकि, बाद में उनमें से 19 को बहाल कर दिया गया.

साजिब सरकार ने कहा कि हिंसा के दौरान धार्मिक और जातीय अल्पसंख्यक समुदाय के घरों में लूटपाट, महिलाओं पर हमले, मंदिरों में तोड़फोड़, उनके घरों और व्यवसायों पर आगजनी और हत्याओं जैसी घटनाओं का भी सामना करना पड़ा.

तख्तापलट के बाद बांग्लादेश में 200 से ज्यादा मौतें

बांग्लादेश में फिलहाल नोबेल पुरस्कार विजेता 84 वर्षीय मुहम्मद यूनुस अंतरिम सरकार के मुख्य सलाहकार के रूप में नेतृत्व कर रहे हैं. पिछले सप्ताह उन्होंने देश के हिंदू समुदाय के नेताओं से मुलाकात की थी. यूनुस ने अंतरधार्मिक सद्भाव को बढ़ावा देने की कसम खाई और कहा कि वह एक ऐसा बांग्लादेश बनाना चाहते हैं जहां हर कोई बिना किसी डर के अपने विश्वास का पालन कर सके और जहां किसी भी मंदिर की सुरक्षा की आवश्यकता न हो. बांग्लादेश में हसीना सरकार के पतन के बाद देश भर में भड़की हिंसा की घटनाओं में 230 से अधिक लोग मारे गए. जुलाई में कोटा सिस्टम के विरोध में शुरू हुई हिंसा के बाद से मरने वालों की संख्या 600 से अधिक हो गई है.

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.