Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
केरल के कोच्चि में ‘स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन’ के खिलाफ सड़कों पर उतरेगी कॉकरोच जनता पार्टी, मुख्य चुना... आरा में रिटायर्ड कस्टम अधिकारी हत्याकांड का मुख्य शूटर मुठभेड़ में घायल, पुलिस ने पैर में मारी गोली झारखंड के खूंटी में दिल दहला देने वाला सड़क हादसा— तेज रफ्तार ट्रक ने सड़क पर खड़े लोगों को कुचल, 10... महाराष्ट्र के जलगांव में एसीबी का बड़ा एक्शन— 10 हजार की घूस लेते पकड़ा गया अधिकारी, घर और लॉकर से न... देश के मौसम का हाल, उत्तर भारत में बढ़ी ठंड और दक्षिण के इन राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट भिंड में कमरे का फर्श धंसने से पलंग समेत 16 फीट गहरे गड्ढे में समाई महिला, सिंधिया रियासत के दौर से ... दिल्ली में दिवाली से पहले ही हवा हुई बेहद जहरीली, कई इलाकों में एक्यूआई 450 के पार— गंभीर श्रेणी में... या एसी, टीवी या फ्रिज खरीदते समय क्या एक्सटेंडेड वारंटी लेना सच में फायदेमंद है? जानिए इसके फायदे और... मुंबई के कांदिवली में बुजुर्ग महिला के साथ लूट, परिचित बनकर आया बदमाश गले से सोने की चेन छीनकर फरार उत्तरकाशी के केदारताल एवलांच में जान गंवाने वाली लखनऊ की दो सगी बहनों की दर्दनाक दास्तान, अंतिम सांस...

हमीदिया अस्पताल को एनएबीएच प्रमाण पत्र दिलाने की तैयारी, यह आएगा बदलाव

64

भोपाल। राजधानी के हमीदिया अस्पताल को नेशनल एक्रीडिटेशन बोर्ड फार हास्पिटल्स (एनएबीएच) प्रमाण पत्र दिलाने की तैयारी शुरू हो गई है। इससे नए साल में हमीदिया में आने वाले मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं मिल सकेंगी। इसके लिए सरकार द्वारा अधिकृत कंपनी से मेडिकल कालेज प्रबंधन का एमओयू हो गया है।

एनएबीएच का प्रमाण पत्र दिलाने का पहली बार प्रयास

प्रदेश के सभी 14 सरकारी मेडिकल कालेजों से संबद्ध अस्पतालों को एनएबीएच का प्रमाण पत्र दिलाने का पहली बार प्रयास हो रहा है, जिसमें भोपाल मेडिकल कालेज का अस्पताल भी शामिल है। यह प्रमाण पत्र हासिल करने के लिए अस्पतालों को स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता में सुधार करना होगा। साथ ही प्रमाण पत्र मिलने के बाद भी सेवाएं बेहतर रखनी होंगी। इसके लिए चिकित्सा शिक्षा संचालनालय ने क्वालिटी काउंसिल आफ इंडिया को प्रमाण पत्र के लिए आवेदन किया था।

इस तरह मिलता है प्रमाण पत्र

यह प्रमाण पत्र क्वालिटी काउंसिल आफ इंडिया की तरफ से दिया जाता है। पहला चरण एंट्री लेवल का होता है, इसमें अस्पताल की गुणवत्ता के स्तर में सुधार करना होता है। इसके बाद दूसरा चरण प्रोग्रेसिव स्तर का होता है, इसमें अस्पताल को कुछ मापदंडों पर खरा उतरना पड़ेगा। इस चरण को पूरा करने के बाद अंतिम सर्टिफिकेट दिया जाता है। यह प्रक्रिया लंबे समय तक चलती है। मेडिकल कालेज के डीन डा. सलिल भार्गव ने बताया कि एनएबीएच के लिए एमओयू हो गया है। इसकी देखरेख खुद अधीक्षक हमीदिया कर रहे हैं।

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.