संगरूर: शिरोमणि अकाली दल के वरिष्ठ नेता एवं पूर्व मंत्री सुखदेव सिंह ढींडसा के अंतिम संस्कार के अवसर पर उनके बेटे परमिंदर सिंह ढींडसा बेहद भावुक हो गए। उन्होंने संगत को संबोधित करते हुए कहा कि किसी भी बेटे के लिए इससे ज्यादा मुश्किल की घड़ी नहीं हो सकती। वह खुशकिस्मत हैं और भगवान का शुक्रिया अदा करते हैं कि उन्हें सुखदेव सिंह ढींडसा जैसे पिता मिले।
आज वह जो कुछ भी हैं, वह समझते हैं उनकी कोई काबलियत नहीं है, सिर्फ एक ही काबलियत है कि वह सुखदेव सिंह ढींडसा के बेटा हैं। परमिंदर सिंह ढींडसा ने कहा कि उन्होंने परिवार के लिए जो किया है, यह बताना संभव नहीं है, लेकिन उन्हें बहुत प्यार मिला है और जीवन में किसी चीज की कमी नहीं होने दी। उन्होंने पूरे दिल से कहा कि उन्हें अपने माता-पिता से जितना प्यार मिला है, दुनिया के हर बच्चे को अपने माता-पिता से उतना ही प्यार मिले।
परमिंदर सिंह ढींडसा ने कहा कि आज हजारों की संख्या में उनके साथी विदेश से सुखदेव सिंह ढींडसा की अंतिम अरदास में शामिल होने आए हैं, जिनका वह धन्यवाद करते हैं। सुखदेव सिंह ढींडसा ने अपने जीवन में कभी किसी का बुरा नहीं किया और न ही किसी को गलत सलाह दी। उन्होंने कहा कि ढींडसा का सपना था कि श्री अकाल तख्त साहिब की छत्रछाया में अकाली दल हमेशा मजबूत और सुदृढ़ रहे और इसके लिए वह हमेशा प्रयासरत रहेंगे।
Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.