Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
Iran-Israel War Impact: ईरान युद्ध के कारण बढ़ सकते हैं पानी और कोल्ड ड्रिंक की बोतलों के दाम; भारतीय... मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड का बड़ा फरमान: "मुसलमानों के लिए इस्लामी उत्तराधिकार कानून अनिवार्य"; संपत्ति... विकसित भारत 2047: हरियाणा बनेगा देश का 'ग्रोथ इंजन'! उद्योग और युवाओं के कौशल पर सरकार का बड़ा दांव;... दिल्ली-देहरादून हाईवे पर 'आपत्तिजनक नारा' लिखना पड़ा भारी! दो युवतियों समेत 3 गिरफ्तार; माहौल बिगाड़ने... सावधान! दिल्ली में 48 घंटे बाद बरसेगा पानी, यूपी-राजस्थान में 'तूफान' जैसी हवाओं का अलर्ट; IMD ने पह... आगरा में 'जहरीली गैस' का तांडव! कोल्ड स्टोरेज से रिसाव के बाद मची भगदड़, जान बचाने के लिए खेतों की त... Bus Fire News: जैसलमेर से अहमदाबाद जा रही स्लीपर बस में लगी भीषण आग, एक यात्री झुलसा; खिड़कियों से क... कश्मीर में VIP सुरक्षा पर 'सर्जिकल स्ट्राइक'! फारूक अब्दुल्ला पर हमले के बाद हिला प्रशासन; अब बुलेटप... ईरान की 'हिट लिस्ट' में Google, Apple और Microsoft? अब टेक कंपनियों को तबाह करेगा तेहरान; पूरी दुनिय... दिल्ली में 'Zero' बिजली बिल वालों की शामत! खाली पड़े घरों की सब्सिडी छीनने की तैयारी; क्या आपका भी बं...

बंगाल में सियासी घमासान! TMC पंचायत सदस्य का नाम वोटर लिस्ट से गायब, ‘बांग्लादेशी’ होने के आरोप पर मचा भारी बवाल

23

तृणमूल कांग्रेस की पंचायत सदस्य पर बांग्लादेशी होने के आरोप SIR के दौरान लगाए गए थे. अब फाइनल वोटर लिस्ट जारी होने के बाद यह जानकारी मिली है कि तृणमूल पंचायत सदस्य का नाम फाइनल वोटर लिस्ट में नहीं है, जिससे सियासी विवाद पैदा हो गया है. तृणमूल ने बीजेपी पर हमला बोला है. हालांकि उस बूथ के BLO ने कहा कि तृणमूल पंचायत सदस्य कोई भी दस्तावेज नहीं दिखा पाईं.

धुपगुड़ी ब्लॉक के बारोघरिया ग्राम पंचायत की तृणमूल पंचायत सदस्य झरना मंडल बर्मन हैं. बीजेपी ने SIR के शुरुआती दौर में उनके खिलाफ आवाज उठाई थी. उनका दावा था कि झरना मंडल बांग्लादेश की रहने वाली हैं.

इस पंचायत सदस्य के पति रतन बर्मन ने उस समय माना था कि शादी के बाद वह इस देश में आईं और 2011 में वोटर लिस्ट में अपना नाम दर्ज कराया.

TMC पंचायत सदस्य पर बांग्लादेशी होने का आरोप

फिर 2013 में झरना पंचायत चुनाव में बीजेपी उम्मीदवार के तौर पर खड़ी हुईं, लेकिन बाद में तृणमूल में शामिल हो गईं. आरोप लगा कि उस समय उनकी बांग्लादेशी नागरिकता के मुद्दे पर दबाव बनाकर दंपत्ति को तृणमूल में शामिल किया गया था. आखिरकार 2023 में तृणमूल ने उन्हें कैंडिडेट बनाया और वह पंचायत सदस्य बनीं.

कल जब वोटर लिस्ट जारी हुई, तो देखा गया कि झरना मंडल बर्मन का नाम लिस्ट में नहीं है. जब झरना मंडल से संपर्क किया गया, तो उन्होंने जवाब देने से मना कर दिया. हालांकि, नाम छूटने से वह घबराई हुई हैं. दूसरी ओर, बीजेपी इस मुद्दे चुनावी हथियार बनाकर हमला करना शुरू कर दिया है.

फाइनल वोटर लिस्ट में नाम नहीं रहने पर घमासान

पंचायत सदस्य का नाम मतदाता सूची में शामिल किए जाने पर तृणमूल का कहना है, “बीजेपी भी वही मांग करती है जो वे करते हैं. बीजेपी चाहती है कि पूरा बंगाल खाली हो जाए. उनके कुछ ही नेता बचे रहें. हम कहेंगे, चलो उनके पेपर्स अच्छे से देख लेते हैं और बीजेपी पहले से कैसे कह रही है कि उनका नाम हटा दिया जाएगा?”

दूसरी तरफ, उस बूथ के BLO ज़हीरुल इस्लाम ने कहा कि ईआरओ ने उन्हें गैर-कानूनी वोटर बताकर कैंसिल कर दिया है. वह कोई डॉक्यूमेंट नहीं दिखा सकी. वह शादी करके यहां रहती हैं. मुझे नहीं पता कि उनके पिता का घर कहां है? मेरे बूथ से 14 नाम हटा दिए गए हैं और 170 नाम संदिग्ध लिस्ट में हैं. मेरा नाम भी संदिग्ध लिस्ट में है.”

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.