नोएडा अजय हत्याकांड का पर्दाफाश: साढ़ू ही निकला कातिल, ई-रिक्शा चालक समेत 3 गिरफ्तार; ‘अवैध संबंधों’ ने दी मौत
नोएडा के सेक्टर-126 थाना क्षेत्र में अवैध संबंधों के चलते हुए एक सनसनीखेज हत्याकांड का पुलिस ने खुलासा कर लिया है. इस मामले में पुलिस ने 24 घंटे के अंदर तीन लोगों को गिरफ्तार किया है. आरोपियों ने पूछताछ में कई हैरान करने वाले खुलासे किए है. जांच में सामने आया है कि एक व्यक्ति ने अपने ही साढ़ू की गला दबाकर हत्या कर दी और शव को छिपाने के लिए गड्ढे में दबा दिया था.
पुलिस के अनुसार, मृतक की पहचान बिहार के समस्तीपुर के रहने वाले अजय मुखिया के रूप में हुई थी. अजय रायपुर गांव क्षेत्र में झुग्गी में रहकर मजदूरी करता था. वह 28 दिसंबर को अचानक से लापता हो गया था. जिसके बाद परिजनों ने थाना सेक्टर-126 में उसकी गुमशुदगी दर्ज कराई थी. तलाश के दौरान गुरुवार देर रात रायपुर पुश्ता रोड के पास झाड़ियों में उसका शव बरामद हुआ.
अवैध संबंध में साढ़ू की हत्या
डीसीपी नोएडा यमुना प्रसाद ने बताया कि शव मिलने के बाद पुलिस ने पोस्टमार्टम कराया, जिसमें गला दबाकर हत्या करने की बात सामने आई. इसके बाद पुलिस ने हत्या का मुकदमा दर्ज कर जांच तेज कर दी. जांच में खुलासा हुआ कि मुख्य आरोपी रामवचन मांझी की पत्नी के साथ मृतक अजय मुखिया के अवैध संबंध थे, जो कि रिश्ते में उसका जीजा लगता था. इसी बात को लेकर रामवचन और अजय के बीच लंबे समय से विवाद चल रहा था.
शव को लगा दिया था ठिकाने
पारिवारिक तनाव और बदनामी के डर से रामवचन ने अपने साढ़ू अजय को रास्ते से हटाने की साजिश रची. रामवचन ने अपने दूसरे साढ़ू साजन मांझी उर्फ सज्जन के साथ मिलकर मर्डर का प्लान तैयार किया. प्लान के तहत, साजन ने अजय को शराब पीने के बहाने बुलाया और फिर नशे की हालत में दोनों ने मिलकर अजय का गला दबाकर हत्या कर दी. इसके बाद दोनों लोगों ने शव को सुनसान इलाके में गड्ढा खोदकर दबा दिया और फिर मौके से फरार हो गए.
ई-रिक्शा चालक ने की थी मदद
पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि हत्या के बाद आरोपियों ने शव को ठिकाने लगाने के लिए तीसरे आरोपी अशोक जो ई-रिक्शा चालक है उसकी मदद ली थी. तीनों ने मिलकर शव को पॉलिथीन में बांधा और सेक्टर-126 के रायपुर इलाके में एक गड्ढे में दबा दिया था, ताकि किसी को भी हत्या के बारे में पता न चले. पुलिस ने इलेक्ट्रॉनिक सर्विलांस, मोबाइल लोकेशन और स्थानीय सूचना तंत्र के आधार पर आरोपियों की पहचान की.
पूछताछ में तीनों आरोपियों ने अपना जुर्म कबूल कर लिया है. उनकी निशानदेही पर मृतक का मोबाइल फोन ई-रिक्शा और अन्य अहम साक्ष्य भी बरामद किए गए है. इस खौफनाक हत्या से इलाके में दहशत का माहौल था. हालांकि, पुलिस की त्वरित कार्रवाई से स्थानीय लोगों ने राहत की सांस ली है.
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