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बालोद में टेंडर खुलने से पहले ही शुरू हुआ काम, इंटरनेशनल जंबूरी में ठेकेदार पर उठे सवाल

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बालोद: जिले के ग्राम मालीघोरी में इस बार आयोजित होने जा रहे अंतरराष्ट्रीय रोवर-रेजर जंबूरी की तैयारियां शुरू होते ही विवादों में घिर गई हैं. आयोजन स्थल पर टेंडर खुलने से पहले ही निर्माण कार्य शुरू कर दिए जाने से विभाग की व्यवस्था और पारदर्शिता पर सवाल खड़े हो गए हैं. टेंडर प्रक्रिया स्कूल शिक्षा विभाग की ओर से जेम पोर्टल पर जारी की गई थी.

टेंडर प्रक्रिया में बीड खोलने की तारीख 20 दिसंबर शाम 5:30 बजे तय थी. मगर ठेकेदार ने इससे पहले ही निर्माण कार्य आरंभ कर दिया. इससे यह चर्चा जोरों पर है कि क्या ठेकेदार पहले से तय था और जेम पोर्टल की प्रक्रिया केवल औपचारिकता भर थी?

अधिकारी बोले, मुझे जानकारी नहीं: इस पूरे मामले में विकासखंड शिक्षा अधिकारी हिमांशु मिश्रा ने कहा कि उन्हें केवल स्थानीय स्तर पर निगरानी की जिम्मेदारी दी गई है, टेंडर प्रक्रिया की कोई जानकारी नहीं है. वहीं जिला शिक्षा अधिकारी मधुलिका तिवारी ने भी कहा, टेंडर आमंत्रित किया गया था, लेकिन काम कैसे और किसके द्वारा शुरू हुआ, मुझे इसकी जानकारी नहीं है. मामला जांच का विषय है.

ठेकेदारों में नाराजगी: जेम पोर्टल के दस्तावेज बता रहे कि इस अंतरराष्ट्रीय आयोजन के लिए कई कार्यों के टेंडर जेम पोर्टल पर लगाए गए हैं. इसके लिए जिला स्तरीय समिति भी गठित की गई है. ऐसे में अन्य ठेकेदारों ने सवाल उठाया है कि जब सभी को प्रतिस्पर्धा में शामिल किया गया था, तो कार्य आवंटन पहले से तय क्यों दिखाई दे रहा है?

कांग्रेस ने कहा गलत हुआ: पूरे मामले पर जब जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष चंद्रेश हिरवानी से चर्चा की गई तो उन्होंने कहा कि यह स्पष्ट नजर आ रहा है कि काम पहले से ही तय लोगों को दिया गया है. भ्रष्ट्राचार की बू सामने आ रही है. इतने बड़े आयोजन में भी जिम्मेदार लोग केवल पैसे कमाने की जुगत में लगे है. मामले में जांच होनी चाहिए ताकि विश्वसनीयता बनी रहे.

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