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गाजा सीजफायर पर संकट: हमास की ‘यह शर्त’ बनी बड़ी रुकावट, क्या फिर टूट जाएगा शांति का सपना?

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गाजा और इजराइल का युद्ध खत्म कराने के लिए राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने 20 प्वाइंट का एक गाजा पीस प्लान पेश किया था. जिसके तहत युद्धविराम हुआ. लेकिन, अभी इसके पहले चरण यानी कैदियों की अदला-बदली का ही सिलसिला शुरू हुआ है. इस डील को पूरा करने के लिए कुछ ऐसी शर्तें हैं जिन पर एक बार फिर हमास अड़ गया है. इसी के साथ फिर से दिखाई दे रहा है कि क्या एक बार फिर गाजा युद्धविराम में पेच फंस जाएगा.

दरअसल, ट्रंप के 20 प्वाइंट की पीस डील में शामिल है कि उसको अपने हथियार डालने होंगे. अपने सभी हथियार छोड़ने होंगे. हमास इस शर्त को मानने के लिए राजी नहीं है. एक वरिष्ठ हमास अधिकारी ने रॉयटर्स को बताया कि हमास अस्थायी अवधि के दौरान गाजा में सुरक्षा नियंत्रण बनाए रखने का इरादा रखता है. उन्होंने यह भी कहा कि वो समूह के हथियार डालने की कोई गारंटी नहीं दे सकते.

हथियार डालने की शर्त पर छिड़ी बहस

हमास के राजनीतिक ब्यूरो के सदस्य मोहम्मद नज्जाल ने कहा कि हमास 5 साल तक युद्धविराम के लिए तैयार है, ताकि तबाह गाजा का पुनर्निर्माण किया जा सके और उसके बाद क्या होगा इसका आश्वासन इस बात पर निर्भर करेगा कि फिलिस्तीनियों को राज्य की मान्यता और भविष्य के लिए आशा और दिशा दी जाए. हालांकि, उन्होंने 20 प्वाइंट में शामिल एक अहम शर्त को लेकर साफ कह दिया कि वो समूह के हथियार डालने की कोई गारंटी नहीं दे सकते.

इजराइल का रिएक्शन आया सामने

नज्जाल की टिप्पणियों पर प्रतिक्रिया देने के लिए, इजराइल के प्रधानमंत्री कार्यालय ने कहा कि इजराइल युद्धविराम समझौते के प्रति प्रतिबद्ध है और वो अपनी तरफ की सभी शर्तों का पालन करता रहेगा. उन्होंने कहा, हमास को पहले चरण में सभी बंधकों को छोड़ना था. उन्होंने ऐसा नहीं किया. हमास को पता है कि हमारे बंधकों के शव कहां हैं. इस समझौते के तहत हमास को हथियार डालने थे. कोई शर्त नहीं, कोई बहाना नहीं. उन्होंने ऐसा नहीं किया. हमास को 20-प्वाइंट योजना का पालन करना होगा. उनका समय खत्म हो रहा है.

ट्रंप की डील में हमास पर दबाव है कि वो हथियार डालें और गाजा का नियंत्रण सौंप दें, नहीं तो संघर्ष फिर से शुरू हो सकता है.

हमास छोड़ेगा हथियार?

नज्जाल ने बुधवार को कहा कि हमास अपने हथियार छोड़ देगा, इस पर वो हां या नहीं में जवाब नहीं दे सकते. उन्होंने कहा, ईमानदारी से कहूं तो यह इस योजना की प्रकृति पर निर्भर करता है. जिस निरस्त्रीकरण परियोजना की आप बात कर रहे हैं, इसका क्या मतलब है? हथियार किसको सौंपे जाएंगे? उन्होंने यह भी कहा कि अगली वार्ता के चरण में चर्चा के लिए रखे गए मुद्दे, जिसमें हथियार शामिल हैं, सिर्फ मास तक सीमित नहीं हैं बल्कि अन्य सशस्त्र पब्लिस्टीन समूहों से भी जुड़े हैं और इसके लिए व्यापक रूप से फिलिस्तीनियों को अपनी स्थिति तय करनी होगी.

शवों को लेकर क्या कहा?

नज्जाल ने यह भी कहा कि समूह का 7 अक्टूबर, 2023 को हुए हमलों में मारे गए बंधकों के बचे हुए शव रखने में कोई दिलचस्पी नहीं है. उन्होंने बताया कि हमास ने कुल 28 में से कम से कम 9 शव सौंप दिए हैं और बाकी शवों को वापस पाने में समूह तकनीकी समस्याओं का सामना कर रहा है. उन्होंने यह भी कहा कि जरूरत पड़ने पर अंतरराष्ट्रीय पक्ष जैसे तुर्की या अमेरिका खोज में मदद करेंगे.

हालांकि, इस बीच मंगलवार को ट्रंप ने कहा कि उन्होंने हमास को स्पष्ट कर दिया है कि उसे हथियार डालने होंगे, वरना उसे मजबूर किया जाएगा.

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