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Latehar Sadar Block: कभी भी ध्वस्त हो सकती है गुरगु पुलिया, ग्रामीणों ने की मरम्मत की मांग; DDC ने दिए जांच के आदेश

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लातेहार (झारखंड): जिला मुख्यालय को ग्रामीण अंचल से जोड़ने वाली गुरगु-ओरवाई पथ पर स्थित महत्वपूर्ण पुलिया भारी बारिश के बाद बेहद जर्जर और खतरनाक स्थिति में पहुंच गई है।

लातेहार सदर प्रखंड की दो प्रमुख पंचायतों को आपस में जोड़ने वाली यह पुलिया करीब आधा दर्जन गांवों के ग्रामीणों को प्रखंड मुख्यालय और जिला मुख्यालय से जोड़ती है। जिले में लगातार हुई मूसलाधार बारिश के चलते सदर प्रखंड के गुरगु गांव में स्थित एक स्थानीय बांध टूट गया था। बांध टूटने के बाद नदी का जलस्तर और बहाव इतना तेज हो गया कि पुलिया के नीचे का पक्का फाउंडेशन बुरी तरह कटकर बह गया। मुख्य खंभे (Pillar) के नीचे की पूरी मिट्टी बह जाने से संरचना अत्यंत कमजोर हो गई है, जिससे इस मार्ग पर भारी वाहनों के साथ-साथ पैदल आवागमन भी जानलेवा साबित हो सकता है। ग्रामीणों को आशंका है कि यदि पुनः तेज बारिश हुई तो पुलिया पूरी तरह धराशायी हो जाएगी।

🌉 दो पंचायतों और आधा दर्जन गांवों की लाइफलाइन: ग्रामीणों की बढ़ी चिंता

पुलिया का भौगोलिक व सामाजिक महत्व:

  • दो पंचायतों का संपर्क सूत्र: यह पुलिया तरवाडीह और बेंदी पंचायत को आपस में जोड़ती है।

  • प्रभावित होने वाले गांव: सदर प्रखंड के अंतर्गत आने वाले ओरवाई, छतरीटांड़, भोकाखाड़ सहित आसपास के कई अन्य गांवों के सैकड़ों लोगों का दैनिक आवागमन इसी रास्ते से होता है।

  • मुख्यालय जाने का एकमात्र मार्ग: स्कूली बच्चों, मरीजों और दैनिक कामगारों को प्रखंड एवं जिला मुख्यालय तक पहुंचने के लिए इसी जर्जर पुलिया से होकर गुजरना पड़ता है।

📢 जनप्रतिनिधियों ने उठाई मरम्मत की मांग: तत्काल सुधार न होने पर ध्वस्त होने का खतरा

स्थानीय जनप्रतिनिधियों की प्रतिक्रिया:

  • वरिष्ठ नेता पंकज तिवारी का बयान: स्थानीय निवासी और वरिष्ठ कांग्रेस नेता पंकज तिवारी ने बताया कि पुलिया काफी पुरानी है। हालिया बाढ़ में नीचे से मिट्टी का कटाव अत्यधिक होने के कारण यह खतरनाक मोड़ पर है। यदि प्रशासन ने तत्काल प्रभाव से सुदृढ़ीकरण नहीं कराया, तो किसी भी क्षण बड़ा हादसा हो सकता है।

  • उप प्रमुख राजकुमार प्रसाद की चिंता: लातेहार प्रखंड के उप प्रमुख राजकुमार प्रसाद ने कहा कि बांध टूटने के कारण आई तेज धार ने पुलिया की नींव हिला दी है। यदि समय रहते सुरक्षात्मक दीवार और मरम्मत कार्य नहीं कराया गया, तो दर्जनों गांवों का आवागमन पूरी तरह ठप हो जाएगा।

📋 उप विकास आयुक्त (DDC) ने लिया संज्ञान: तकनीकी जांच के बाद होगी त्वरित कार्रवाई

प्रशासनिक रुख और समाधान की दिशा:

  • डीडीसी का आश्वासन: इस गंभीर समस्या के संदर्भ में लातेहार के उप विकास आयुक्त (DDC) सैयद रियाज अहमद ने त्वरित व सकारात्मक पहल का भरोसा दिलाया है।

  • इंजीनियरिंग जांच के निर्देश: उप विकास आयुक्त ने स्पष्ट किया कि संबंधित तकनीकी विभाग के माध्यम से क्षतिग्रस्त स्थल का भौतिक सत्यापन व जांच कराई जाएगी, जिसके तुरंत बाद सुरक्षात्मक निर्माण कार्य प्रारंभ कराया जाएगा।

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