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‘सो रहा था मंगेश, जगाकर ले गए पुलिस वाले, चार दिन बाद बोले ले जाओ लाश…’ मां की गुहार पर SP और STF के खिलाफ वाद दर्ज

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उत्तर प्रदेश के चर्चित मंगेश यादव एनकाउंटर मामले में सुल्तानपुर एसपी, एसटीएफ प्रभारी समेत कई पुलिसकर्मियों के खिलाफ जौनपुर कोर्ट में वाद दर्ज हुआ है. मृतक मंगेश की मां शीला देवी ने कोर्ट में प्रार्थना पत्र देकर बेटे की षड्यंत करके हत्या करने का आरोप लगाया है. कोर्ट ने शीला देवी के प्रार्थनापत्र पर मामला दर्ज किया है, साथ ही बख्शा थानाध्यक्ष से रिपोर्ट तलब करते हुए 11 अक्टूबर को अगली तारीख तय की है.

सुल्तानपुर में ज्वैलर्स के यहां लूटकांड के मामले में पुलिस ने 5 सितंबर को आरोपी मंगेश यादव को एनकाउंटर में मार गिराया था. मंगेश के एनकाउंटर के वाद प्रदेश में राजनीतिक पारा बढ़ गया. सपा सुप्रीमो अखिलेश यादव ने भी मंगेश के एनकाउंटर को फर्जी करार देते हुए निष्पक्ष जांच और दोषी पुलिसकर्मियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की थी.

एसपी सहित पुलिस टीम के खिलाफ वाद

एनकाउंटर में मारा गया लूटकांड का आरोपी मंगेश यादव जौनपुर जिले के बक्शा थानाक्षेत्र के गांव अगरौरा का रहने वाला था. उसकी मां शीला देवी ने अपने अधिवक्ता समर बहादुर यादव और ऋषि यादव के माध्यम से सीजेएम कोर्ट, जौनपुर में प्रार्थनापत्र दिया है. उनका आरोप है कि सुल्तानपुर के एसपी, एसटीएफ प्रभारी डीके शाही और उनकी टीम, तत्कालीन थानाध्यक्ष देहात कोतवाली सुल्तानपुर और उनकी टीम के साथ ही जौनपुर के बक्शा थाने की पुलिस टीम समेत कई अन्य अज्ञात पुलिसकर्मियों ने उनके बेटे की षड्यंत करके, घर से ले जाकर हत्या कर दी.

बेटे को घर से ले गयी थी पुलिस- शीला

शीला देवी ने कोर्ट में दिए गए प्रार्थनापत्र में आरोप लगाया कि 2 सितंबर 2024 की रात 2 बजे उसके दरवाजे पर चार-पांच पुलिसकर्मी आए. उस समय उसका लड़का मंगेश सो रहा था. पुलिसकर्मी मंगेश यादव को जगा कर ले जाने लगे. शीला देवी का कहना है कि उसके पूछने पर पुलिसकर्मियों ने बताया कि मंगेश को पूछताछ के लिए ले जा रहे हैं, पूंछताछ करके मंगेश को छोड़ देंगे.

आरोप है कि तीन व चार सितंबर को बक्सा थाने के पुलिसकर्मी रात में घर पर आकर वीडियो बनाते हुए उससे जबरदस्ती यह कहलवाया कि तुम्हारा लड़का दो-तीन माह से घर पर नहीं है. इसके बाद 5 सितंबर को बक्सा थाने से ही पुलिस आई और कहा कि सुल्तानपुर पोस्टमार्टम हाउस जाकर अपने लड़के मंगेश की लाश लेकर आओ. यह सब सुनते ही वह आवक रह गई.

घर से ले जाकर हत्या का आरोप, नहीं दी PM रिपोर्ट

कोर्ट में दिए गए प्रार्थनापत्र में शीला देवी ने कहा है कि उसके बेटे को घर से ले जाकर उसकी हत्या करने के बाद उसके पोस्टमार्टम की रिपोर्ट भी आजतक उसे नही दी गयी, जबकि इसके लिए उसने सौ रुपये शुल्क भी जमा किया था. पोस्टमार्टम रिपोर्ट मांगने पर कहा गया कि एसपी ने देने से मना किया है. शीला देवी ने कहा कि लंभुआ एसडीएम द्वारा एनकाउंटर की जांच की जा रही है. नोटिस देकर बयान के लिए बुलाया गया था. परिवार के लोगों को भेजकर जब उसने पीएम रिपोर्ट मांगी तो देने से मना कर दिया गया. शीला देवी ने कोर्ट में कहा कि उसके बेटे की हत्या करने वाले पुलिसकर्मियों के खिलाफ आजतक न ही कोई कार्रवाई हुई और न ही उसे पीएम रिपोर्ट दी गयी.

क्या था पूरा मामला?

बीती 28 अगस्त को उत्तर प्रदेश के सुल्तानपुर शहर के चौक ठठेरी बाजार निवासी भरत जी सोनी के सर्राफा शोरुम में दिन दहाड़े लूटेरों ने डकैती की घटना को अंजाम दिया था. 12 बदमाशों ने शोरुम से 1.35 करोड़ रुपयों की ज्वेलरी और नगदी लूटी थी. सभी बदमाशों ने प्लानिंग के तहत तीन ग्रुप में बंटकर लूट की घटना को अंजाम दिया था. 2 सितंबर की रात पुलिस ने घेराबंदी कर तीन बदमाशों को गिरफ्तार किया था. इनके पास से पुलिस ने करीब 15 किलोग्राम चांदी के जेवरात, 38,500 रुपए की नकदी, चोरी की बाइक, तीन अवैध तमंचे, तीन कारतूस, और छह खोखे भी बरामद किए थे. जबकि डकैती में शामिल गैंग के सरगना विपिन सिंह ने रायबरेली कोर्ट में दूसरे मामले में सरेंडर कर दिया था. पुलिस ने 5 सितंबर को लूट के आरोपी मंगेश यादव को एनकाउंटर में ढेर कर दिया था. इसके बाद पुलिस ने 23 सितंबर को लूट के आरोपी अनुज प्रताप सिंह मारा गया था.

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