Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
Mahashivratri 2026: विदेशी फूलों से महका बाबा महाकाल का दरबार, 44 घंटे तक लगातार होंगे दर्शन; जानें ... Tantrik Kamruddin Case: 8 लोगों का कातिल तांत्रिक कमरुद्दीन, अवैध संबंध और तंत्र-मंत्र के खौफनाक खेल... Delhi News: दिल्ली में नकली और घटिया दवाओं पर बड़ा एक्शन, स्वास्थ्य मंत्री ने 10 फर्मों के खिलाफ दिए... Mumbai Mayor Action: मुंबई की मेयर बनते ही एक्शन में ऋतु तावड़े, अवैध बांग्लादेशियों और फर्जी दस्ताव... ED Action: कोयला घोटाले के आरोपियों पर ईडी का शिकंजा, 100 करोड़ से अधिक की प्रॉपर्टी अटैच Last Cabinet Meeting: मोदी सरकार की आखिरी कैबिनेट बैठक खत्म, किसानों और युवाओं के लिए हुए ये बड़े ऐल... Amit Shah News: अमित शाह का राहुल गांधी पर पलटवार, बोले- 'ट्रेड डील से किसानों को नहीं होगा कोई नुकस... PM Modi in Guwahati: असम में गरजे पीएम मोदी, बोले- 'सत्ता से बाहर होकर कांग्रेस और जहरीली हो गई' Noida Metro News: नोएडा वासियों के लिए बड़ी खुशखबरी, सेक्टर-142 और बॉटनिकल गार्डन मेट्रो कॉरिडोर को ... Noida School Bomb Threat: नोएडा के स्कूलों को बम से उड़ाने की धमकी देने वाले गैंग का भंडाफोड़, STF न...

हमीदिया में हर वार्ड के चिकित्सकों को देंगे टीबी प्रिवेंटिव थैरेपी के लिए प्रशिक्षण

17

भोपाल। टीबी के खिलाफ देश में महाअभियान चला हुआ है। इसमें विभाग के साथ समाजसेवी संस्थाओं के द्वारा भी निरंतर प्रयास किया जा रहा है। इसके नतीजे भी निकल रहे हैं। सरकार का मानना है कि टीबी रोगियों के साथ उनके संपर्क में आए स्वजन व अन्य लोगों की स्क्रीनिंग व दवा भी जरूरी है।

राजधानी के हमीदिया अस्पताल में अब इसके लिए टीबी प्रिवेंटिव थैरेपी (टीपीटी) कार्यक्रम उन सभी के लिए चलाया जाएगा कि जिनमें किसी भी तरह से टीबी को हराया जा सकता है। गांधी मेडिकल कालेज के डीन डा.सलिल भार्गव ने बताया कि इसे लेकर हमीदिया के सभी विभाग के प्रभारियों का प्रशिक्षण कार्यक्रम चलाया जाना है। अभी बाहर से प्रशिक्षण प्राप्त कर चिकित्सक लौटे हैं। उन्होंने बताया कि इसमें क्षय रोगी के परिवार के लोगों को छह महीने तक क्षय रोग की प्रतिरोधी दवा आयु के हिसाब से दी जाती है। डा.सलिल भार्गव ने बताया कि क्षय रोग को समाप्त करने में स्वास्थ्य विभाग के साथ ही सामाजिक संगठनों, आम जन, प्राइवेट चिकित्सकों तथा अन्य लोगों को समन्वित रुप से आगे आना होगा। उन्होंने कहा कि क्षय रोगियों के इलाज के साथ ही उनके पोषण में भी सहयोग आवश्यक है, तभी इस रोग को जड़ से समाप्त किया जा सकता है।

एक मरीज से 15 व्यक्तियों तक प्रसार

राष्ट्रीय क्षय रोग जिला अधिकारी डा. मनोज वर्मा बताते हैं कि यदि किसी आदमी को फेफड़े की टीबी है तो वह कम से कम 15 व्यक्तियों को टीबी फैलाता है। इसलिए टीबी मरीजों के परिवार के लोगों के उपर विशेष ध्यान देने की आवश्यकता होती है।

टीबी से ग्रस्त मरीज के परिवार को टीपीटी कार्यक्रम से जोड़ें

डीन डा. भार्गव बताते हैं कि क्षय रोग के टीपीटी कार्यक्रम को अपनाकर ही क्षय रोग को समाप्त किया जा सकता है। क्षय रोग को जड़ से समाप्त करने के लिए चलाए जा रहे कार्यक्रमों को ध्यान में रखते हुए बेहतर कार्य करने की जरुरत है। यदि कोई व्यक्ति टीबी से ग्रस्त है तो उसके परिवार को टीपीटी कार्यक्रम से जोड़ें।

इनका कहना है

प्रिवेंटिव थैरेपी के लिए विभाग के कुछ चिकित्सकों को प्रशिक्षण मिला है। इसी आधार पर अब भोपाल हमीदिया अस्पताल में काम करने वाले चिकित्सकों को भी टीबी प्रिवेंटिव थैरेपी के लिए प्रशिक्षित किया जाएगा। इससे टीबी मरीजों के संपर्क में आने वाले मरीजों को टीपीटी से जोड़े जाने की योजना है।

डा. सलिल भार्गव, डीन गांधी मेडिकल कालेज

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.