Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
बालाघाट में घर में घुसकर सो रही महिला को उठा ले गया बाघ: कान्हा बफर जोन में दिल नहला देने वाला हादसा... पन्ना में दर्दनाक हादसा: 9 माह की गर्भवती महिला और अजन्मे बच्चे की मौत, एनीमिया बनी वजह; पति पर लापर... इंदौर ने नम आंखों से दी वीर सपूत को अंतिम विदाई, मेजर हमजा आरिफ सैन्य सम्मान के साथ सुपुर्द-ए-खाक ग्वालियर में गुमशुदा तोते 'शकुंतला' के लिए 50 हजार का इनाम: ढोल-लाउडस्पीकर से तलाश में जुटा ओझा परिव... इंदौर में महज 7 दिन में टूटा शादी का बंधन, फैमिली कोर्ट ने तलाक की अर्जी को दी मंजूरी रतलाम में एग्रीमेंट वाली शादी का खौफनाक अंत: 3rd फ्लोर से रस्सी के सहारे भाग रही थी 23 साल की दुल्हन... छतरपुर में हॉस्टल की बड़ी लापरवाही! छत फांदकर एक साथ भागे 3 छात्र; मचा हड़कंप, परिजनों के उड़े होश गोरखपुर में दिल दहला देने वाली घटना, बहन से छेड़छाड़ का विरोध करने पर 9 वर्षीय मासूम की पीट-पीटकर हत... Vपप्पू यादव की प्रेस कॉन्फ्रेंस में हंगामा: चाकू लेकर पहुंचा युवक, समर्थकों ने दबोचा; सांसद बोले— 'म... Solar Eclipse 2027: 75 साल बाद सऊदी अरब में दिखेगा पूर्ण सूर्य ग्रहण, 21वीं सदी की सबसे बड़ी खगोलीय ...

नक्सली हटे तो पहाड़ पर नेटवर्क तलाश बना रहे आयुष्मान कार्ड

42

अंबिकापुर। झारखंड के नक्सल प्रभावित बूढ़ा पहाड़ से लगे बलरामपुर जिले के चुनचुना-पुंदाग में रहने वाले लोगों के स्वस्थ जीवन की राह पहाड़ पर मिली है। गांव में मोबाइल नेटवर्क की समस्या के कारण पहाड़ पर चढ़कर गांववाले आयुष्मान कार्ड बनवा रहे हैं। ई-गवर्नेस के वीएलई मोहर साय यहां के लोगों का आयुष्मान कार्ड विशेष अभियान चलाकर बना रहे हैं ताकि स्वास्थ्यगत परेशानियां आने पर इन दोनों गांवों के लोगों को भी निश्शुल्क स्वास्थ्य सुविधा मिल सके।

उत्तर छत्तीसगढ़ का चुनचुना -पुंदाग नक्सल गतिविधियों का बड़ा केंद्र हुआ करता था। जंगल-पहाड़ से घिरे इस क्षेत्र को भी विकास की मुख्यधारा से जोड़ने के लिए प्रशासन प्रयासरत है।यहां के लोगों को भी शासन की योजनाओं से लाभान्वित करने का प्रयास किया जा रहा है।

चुनचुना-पुंदाग पहुंचविहीन एवं नक्सली प्रभावित क्षेत्र होने के कारण यहां मोबाइल नेटवर्क की समस्या बनी रहती है। ऐसे में आयुष्मान कार्ड बनाना बेहद कठिन एवं चुनौतीपूर्ण कार्य है। लेकिन इस कार्य को मोहरसाय घने जंगलों के बीच ऊंची पहाड़ी पर जाकर पूरी कर रहे हैं। पहाड़ पर नेटवर्क कनेक्ट कर तथा स्थानीय ग्रामीणों का आयुष्मान कार्ड के पंजीयन के लिए नेटवर्क वाली जगह पर बुलाकर उनका आयुष्मान कार्ड बना रहे हैं। मोहर साय बताते हैं कि चुनचुना में 785 तथा पुंदाग में 990 लोगों का आयुष्मान कार्ड बनाने का लक्ष्य था। जिसके विरूद्ध अब तक चुनचुना में 339 एवं पुंदाग में 537 लोगों का आयुष्मान कार्ड बनाया जा चुका है। मोहर साय ने बताया कि सामान्य स्थिति में इस लक्ष्य को बड़ी आसानी से पूरा किया जा सकता था लेकिन यहां नेटवर्क की समस्या होने के कारण कार्ड बनाने में समान्य से अधिक समय लग रहा है। परन्तु वे ऐसी विकट परिस्थिति में भी लोगों का आयुष्मान कार्ड बना रहे हैं। वे इस क्षेत्र में अब तक कुल 876 लोगों का आयुष्मान कार्ड बना चुके हैं। इसके इसके अलावा मोहरसाय स्थानीय लोगों का आधार कार्ड, पैन कार्ड एवं बैंक से संबंधित अन्य सभी कार्य भी कर रहे हैं।

सड़क बन जाने से जीवन में बदलाव

छत्तीसगढ़ के उत्तरी छोर में स्थित बलरामपुर जिले का चुनचुना-पुंदाग क्षेत्र चारों तरफ से ऊंची पहाडियों और घनें जंगलों से घिरा हुआ है। यह क्षेत्र अति संवेदनशील नक्सल प्रभावित तथा पहुंच विहिन माना जाता था। लेकिन जिला प्रशासन के निरंतर प्रयासों के बाद आज इस क्षेत्र को कई बुनियादी सुविधाएं मुहैया कराई जा रही हैं। सड़क निर्माण का कार्य प्रगति पर है। इससे लोगों के जीवन में बदलाव आ रहा है। आज सड़क मार्ग स यहां तक पहुंचा जा सकता है। यहां के लोगों को शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं से जोड़कर उसका समुचित लाभ दिलाने के लिए प्रशासन निरंतर प्रयासरत है।

शासकीय योजनाओं का मिल रहा लाभ

बलरामपुर जिले के कुसमी से सामरी तक सड़क है।वहां से आगे चुनचुना-पुंदाग तक जाने का रास्ता नहीं होने के कारण पूर्व के वर्षों में नक्सलियों ने इस दुर्गम क्षेत्र को अपना ठिकाना बना लिया था। अब परिस्थिति बदल चुकी है।सामरी से चुनचुना-पुंदाग के बीच बंदरचुआ और भूताही में सुरक्षाबलों के दो कैंप खुल चुके हैं। पुलिस व प्रशासन के अधिकारी-कर्मचारियों की आवाजाही होने से शासकीय योजनाओं का क्रियान्वयन भी इस क्षेत्र में होने लगा है। ग्रामीणों को योजनाओं का लाभ भी मिल रहा है।

इनका कहना

आवागमन की सुविधा मिलने से चुनचुना-पुंदाग जैसे दुर्गम क्षेत्र को भी विकास की मुख्यधारा से जोड़ दिया गया है। शासकीय योजनाओं का क्रियान्वयन बेहतर तरीके से किया जा रहा है।ग्रामीणों को बेहतर बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही है।इस क्षेत्र के लोगों को स्वास्थ्य सुविधाओं का लाभ दिलाने के लिए स्वास्थ्य शिविरों का भी आयोजन किया जा रहा है। यहां के लोगों के पास आयुष्मान कार्ड होने से वे भी निश्शुल्क स्वास्थ्य सुविधा का लाभ उठा सकेंगे।जिले में शत-प्रतिशत आयुष्मान कार्ड के लक्ष्य के साथ कार्य किया जा रहा है।

आर एक्का

कलेक्टर , बलरामपुर-रामानुजगंज

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.