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जब क्लास में ‘गुरुजी’ बने गुना कलेक्टर: किशोर कन्याल ने ब्लैकबोर्ड पर बच्चों को पढ़ाया पाठ, सिखाया ‘गुलाब, गुनिया और धनिया’ का फॉर्मूला

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गुना (मध्य प्रदेश): मध्य प्रदेश में अक्सर ऐसी सकारात्मक और प्रेरक तस्वीरें देखने को मिल जाती हैं, जब कोई वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी अचानक किसी सुदूर प्राथमिक विद्यालय में पहुँचकर स्वयं शिक्षक की भूमिका में नजर आता है।

ऐसा ही एक आत्मीय और प्रेरणादायी दृश्य गुना जिले की चाचौड़ा तहसील अंतर्गत स्थित एक सरकारी प्राथमिक स्कूल में देखने को मिला। शुक्रवार को जिले के कलेक्टर किशोर कन्याल जब शासकीय योजनाओं और शैक्षणिक व्यवस्था का औचक निरीक्षण करने निकले, तो वे सीधे कक्षा में पहुँच गए और बच्चों के बीच एक आदर्श शिक्षक बनकर उन्हें पढ़ाने लगे।

✏️ चाचौड़ा के खटकीया स्कूल में संभाली क्लास, हाथों में चॉक थामकर ब्लैकबोर्ड पर सिखाया पाठ

कलेक्टर किशोर कन्याल चाचौड़ा तहसील की ग्राम पंचायत खटकीया स्थित शासकीय प्राथमिक विद्यालय पहुँचे।

स्कूल परिसर का सामान्य निरीक्षण करने के उपरांत वे सीधे बच्चों की कक्षा में दाखिल हुए। कलेक्टर ने बच्चों से बेहद आत्मीय और सरल अंदाज में संवाद स्थापित किया और उनके शैक्षणिक ज्ञान व समझ की जांच की। नौनिहालों का उत्साहवर्धन करने हेतु कलेक्टर स्वयं ब्लैकबोर्ड के पास पहुँचे, हाथ में चॉक थामी और बोर्ड पर लिखकर बच्चों को पाठ समझाया। जिले के सर्वोच्च प्रशासनिक अधिकारी को अपने गुरुजी के रूप में पाकर स्कूली बच्चे अत्यंत प्रफुल्लित दिखे और उन्होंने पूछे गए प्रश्नों के बेझिझक उत्तर दिए।

🍲 मध्याह्न भोजन की गुणवत्ता और स्कूल परिसर की स्वच्छता का लिया गहन जायजा

बच्चों को पढ़ाने के साथ-साथ कलेक्टर ने स्कूल में उपलब्ध मूलभूत जनसुविधाओं, स्वच्छता व्यवस्था और बच्चों को परोसे जाने वाले मध्याह्न भोजन (Mid-Day Meal) की गुणवत्ता का भी बारीक निरीक्षण किया।

उन्होंने विद्यालय में उपस्थित शिक्षकों को सख्त निर्देश दिए कि छात्रों की नियमित उपस्थिति और शिक्षण की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान दिया जाए। कलेक्टर ने कहा कि प्राथमिक शिक्षा ही बच्चों के भविष्य की मजबूत नींव होती है, इसलिए ग्रामीण अंचल के बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है।

🌸 “गुना गुलाब गुनिया देखेगी सारी दुनिया”— कलेक्टर का अनोखा वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल

कक्षा में पढ़ाने के दौरान कलेक्टर का एक अत्यंत रोचक और ज्ञानवर्धक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से प्रसारित हो रहा है।

वीडियो में कलेक्टर बच्चों को जिले की पहचान समझाते हुए कहते नजर आ रहे हैं— “गुना गुलाब गुनिया देखेगी सारी दुनिया, क्योंकि हमारे पास है धनिया जो देखेगी सारी दुनिया!” दरअसल, कलेक्टर बच्चों को खेल-खेल में यह समझा रहे थे कि गुना जिला अब उन्नत कृषि के क्षेत्र में गुलाब की खेती का प्रमुख केंद्र बनकर उभर रहा है, जहाँ किसान पॉलीहाउस तकनीक से लाखों रुपये का मुनाफा कमा रहे हैं और यहाँ के गुलाब अन्य महानगरों में भेजे जा रहे हैं।

🌿 कुंभराज की धनिया मंडी और 80 करोड़ से संवरने वाली गुनिया नदी का महत्व बताया

कलेक्टर ने बच्चों को गुना की पहचान से जुड़े अन्य महत्वपूर्ण पहलुओं की भी जानकारी दी।

उन्होंने बताया कि गुना शहर के बीचो-बीच से गुजरने वाली ऐतिहासिक गुनिया नदी, जो लगभग 5 किलोमीटर क्षेत्र में फैली है, उसके कायाकल्प और सौंदर्यीकरण हेतु 80 करोड़ रुपये की महत्वाकांक्षी परियोजना पर कार्य किया जा रहा है। इसके साथ ही, गुना जिले की कुंभराज कृषि उपज मंडी पूरे प्रदेश ही नहीं बल्कि देश भर में धनिया की सबसे बड़ी मंडी मानी जाती है, जहाँ से उच्च गुणवत्ता वाले प्रीमियम धनिए की आपूर्ति देश के विभिन्न राज्यों में की जाती है।

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