शहडोल (मध्य प्रदेश): इंसानों का पालतू जानवरों और पशु-पक्षियों के प्रति अगाध प्रेम व जुड़ाव की एक अत्यंत भावुक और अनूठी मिसाल मध्य प्रदेश के शहडोल जिले से सामने आई है। यहाँ एक परिवार अपने गुमशुदा पालतू तोते की खोज ठीक उसी प्रकार कर रहा है, जैसे परिवार के किसी मुख्य सदस्य के लापता होने पर की जाती है। तोते की सुरक्षित वापसी और सटीक जानकारी देने वाले व्यक्ति के लिए ₹21,000 के नकद पुरस्कार की भी सार्वजनिक घोषणा की गई है। उल्लेख्य है कि ऐसा ही एक मिलता-जुलता मामला कुछ समय पूर्व ग्वालियर जिले से भी प्रकाश में आया था।
🦜 कभी पिंजरे में नहीं रहा ‘गोपी’, पत्नी के पीछे निकला और रास्ता भटक गया
प्राप्त विवरण के अनुसार, शहडोल जिले के सोहागपुर निवासी एवं सेना से सेवानिवृत्त (Retired Army Personnel) चंदन मिश्रा का पालतू तोता अचानक गुम हो गया है।
इस बहुचर्चित पालतू तोते का नाम परिवार ने प्यार से ‘गोपी’ रखा है। चंदन मिश्रा वर्तमान में शासकीय मेडिकल कॉलेज में सुरक्षा पर्यवेक्षक (Security Supervisor) के पद पर कार्यरत हैं। उन्होंने बताया कि शनिवार की दोपहर गोपी घर के बच्चों के साथ सामान्य रूप से खेल रहा था। इसके उपरांत जब उनकी धर्मपत्नी किसी कार्यवश बाहर निकलने लगीं, तो तोता भी उनके पीछे-पीछे उड़ गया और उसके बाद से वापस गृह नहीं लौटा। गोपी को परिवार ने कभी पिंजरे में बंद करके नहीं रखा था; वह घर में पूर्णतः आजाद घूमता था। तोते की गर्दन के चारों ओर स्पष्ट काली रिंग (काली धारी) बनी हुई है।
📜 शहर भर में लगाए गए गुमशुदगी के पोस्टर, तोते की सलामती हेतु घर में रखा गया विशेष हवन
तोते गोपी के अचानक गायब हो जाने से संपूर्ण मिश्रा परिवार गहरे मानसिक सदमे में है और बच्चों का रो-रोकर बुरा हाल है।
चंदन मिश्रा का मानना है कि गोपी स्वेच्छा से उड़कर दूर नहीं गया है, बल्कि वह किसी कारणवश अपना रास्ता भूल गया है। तोते की सकुशल घर वापसी की कामना हेतु परिवार ने सोमवार को अपने आवास पर एक विशेष हवन-पूजन अनुष्ठान आयोजित करने का निर्णय लिया है। इसके अतिरिक्त, संपूर्ण सोहागपुर एवं आसपास के इलाकों में तोते की फोटो युक्त पोस्टर चस्पा किए गए हैं तथा सोशल मीडिया के माध्यम से भी नागरिकों से ढूंढने की अपील की जा रही है।
🦜 ग्वालियर में भी आ चुका है ऐसा मामला, ‘शकुंतला’ तोती के लिए घोषित हुआ था ₹50,000 का इनाम
उल्लेखनीय है कि पशु-पक्षियों के प्रति अटूट संवेदना और आत्मीयता का यह कोई पहला मामला नहीं है।
इससे पूर्व मध्य प्रदेश के ही ग्वालियर जिले में ओझा परिवार ने अपनी लापता पालतू तोती ‘शकुंतला’ (उर्फ मिट्ठू) की खोजबीन हेतु ₹50,000 के विशाल नकद पुरस्कार की घोषणा की थी, जो काफी समय तक चर्चा का विषय बनी रही थी। शहडोल का यह ताजा मामला भी अब सोशल मीडिया और संपूर्ण अंचल में कौतूहल एवं चर्चा का केंद्र बना हुआ है।
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