बिहार में ‘राज्यसभा’ का रण: 5 सीटें और 6 दावेदार! क्या ओवैसी बनेंगे तेजस्वी के लिए ‘संकटमोचक’ या NDA मारेगी बाजी? जानें 5वीं सीट का पूरा गणित
बिहार में राज्यसभा चुनाव की लड़ाई रोमांचक हो गई है. यहां पर 5 सीटों के लिए चुनाव हो रहे हैं और मैदान में 6 उम्मीदवार हैं. इसमें से 5 प्रत्याशी NDA के हैं, जिसमें नीतीश कुमार और बीजेपी अध्यक्ष नितिन नवीन शामिल हैं. वहीं एक उम्मीदवार आरजेडी का है. उसका भविष्य AIMIM पर टिका है.
बिहार विधानसभा सचिव ख्याति सिंह के अनुसार, छह उम्मीदवारों में से किसी ने भी अपना नामांकन पत्र वापस नहीं लिया और एक दशक से अधिक समय बाद राज्य में पहली बार मतदान की आवश्यकता हुई है. राज्य में एक सीट के लिए कड़ा मुकाबला देखने को मिलेगा, क्योंकि व्यवसायी से नेता बने आरजेडी ने अमरेंद्र धारी सिंह को फिर से उम्मीदवार बनाया है. बिहार से NDA उम्मीदवारों में केंद्रीय मंत्री रामनाथ ठाकुर और उपेन्द्र कुशवाह और शिवेश कुमार शामिल हैं.
क्या हैं हालात?
बिहार में 5 सीटें हैं. एक सीट के लिए 41 वोट जरूरी है. एनडीए के पास 202 विधायक हैं. सभी पांचों सीटों पर जीत के लिए उसे 205 वोट चाहिए. वहीं, महागठबंधन के पास 35 विधायक हैं. AIMIM के 5 विधायक हैं और एक विधायक बसपा का है. अगर ये साथ आए जाएं तो विपक्ष एक सीट निकाल सकता है. मगर अगर क्रॉस वोटिंग हुई तो महागठबंधन को दिक्कत का सामना करना पड़ सकता है.
तेजस्वी ने बुलाई विधायकों की बैठक
आरजेडी नेता तेजस्वी प्रसाद यादव ने मंगलवार को चुनाव के लिए गठबंधन की रणनीति पर चर्चा करने के लिए महागठबंधन के विधायकों की बैठक बुलाई. मीटिंग के बाद मीडिया से बात करते हुए तेजस्वी ने कहा, यह बहुत पॉजिटिव मीटिंग थी. राज्यसभा चुनाव पास आ रहे हैं और हमें पूरा भरोसा है कि हमारी जीत होगी. हमारे पास काफी नंबर हैं, इसीलिए हम चुनाव लड़ रहे हैं. कांग्रेस के तीन विधायक अलग-अलग कारणों से बैठक में शामिल नहीं हो पाए. तीनों विधायकों ने इसकी जानकारी पार्टी को दे दी थी.
क्या RJD-AIMIM में होगी डील?
विधानसभा में AIMIM के 5 विधायक हैं और वो किसका समर्थन करेंगे, ये साफ नहीं है. इमान ने कहा कि AIMIM ने अभी तक यह तय नहीं किया है कि वह राज्यसभा चुनाव में किसे सपोर्ट करेगी. उन्होंने कहा कि बिहार से पांच सीटों पर छह उम्मीदवार चुनाव लड़ रहे हैं, जिसका मतलब है कि वोटिंग जरूरी होगी. उन्होंने कहा, अगर पांच उम्मीदवार होते, तो चुनाव नहीं होता. अब छह हैं, इसलिए वोटिंग होगी और हम स्थिति का अंदाज़ा लगा रहे हैं.
तेजस्वी यादव के साथ कुछ दिन पहले हुई मीटिंग का ज़िक्र करते हुए इमान ने कहा कि RJD नेता ने सपोर्ट के लिए AIMIM से संपर्क किया था. उनके मुताबिक, AIMIM ने इस बात पर जोर दिया था कि अपर हाउस में उसका रिप्रेजेंटेशन नहीं है और उसे सहयोग की उम्मीद है. इमान ने आगे कहा कि तेजस्वी यादव ने दिल्ली से लौटने के बाद आगे बातचीत का वादा किया था, लेकिन कोई फॉलो-अप मीटिंग नहीं हुई. रिपोर्ट्स के मुताबिक, AIMIM राज्यसभा चुनाव में विपक्षी उम्मीदवार को सपोर्ट करने के बदले में MLC सीट मांग रही है.
बसपा किसके साथ जाएगी?
इस चुनाव में बसपा किसके साथ, इसपर भी सबकी नजर है. पार्टी के एकमात्र विधायक सतीश कुमार सिंह यादव ने कहा कि बसपा किस गठबंधन के राज्यसभा उम्मीदवार का समर्थन करेगी, इसका निर्णय पार्टी का आलाकमान करेगा. बिहार विधानसभा में एनडीए के 202 विधायक हैं और उसे बहुमत हासिल है. हालांकि, एनडीए के पास सभी पांच राज्यसभा सीट जीतने के लिए तीन सदस्य कम हैं. जबकि, महागठबंधन को राज्यसभा सीट जीतने के लिए छह विधायकों की जरूरत है.
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