धनबाद में साइबर ठगों के ‘नेटवर्क’ पर पुलिस का प्रहार! दो अलग-अलग मामलों में 2 शातिर गिरफ्तार, खाते से उड़ाते थे लाखों
धनबाद: साइबर ठगी के दो अलग-अलग मामलों में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है. करोड़ों रुपये के अवैध लेनदेन और व्हाट्सऐप के जरिए की गई ठगी के मामले में धनबाद साइबर थाना पुलिस की टीम ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है. दोनों मामलों में पुलिस पूरे नेटवर्क की जांच कर रही है और अन्य आरोपियों की तलाश जारी है.
धनबाद के सिटी एसपी ऋत्विक श्रीवास्तव ने बताया कि पहला मामला करीब 2.5 करोड़ रुपये की साइबर ठगी से जुड़ा है. इस मामले में साइबर थाना धनबाद में 9 जुलाई 2025 को केस दर्ज किया गया था. जांच के दौरान यह खुलासा हुआ कि फर्जी कंपनियों के नाम पर बैंक ऑफ बड़ौदा में खाते खोलकर करीब ढाई करोड़ रुपये का अवैध लेनदेन किया गया था.
पुलिस के अनुसार कई लोगों ने फर्जी तरीके से म्यूल बैंक अकाउंट खोलकर ठगी की रकम ट्रांजेक्शन में मदद की थी. जांच के दौरान पुलिस ने मुख्य आरोपी मनीष सिंह को गिरफ्तार किया है. जिसे सरायढेला थाना क्षेत्र के विकास नगर से गिरफ्तार किया गया है.
व्हाट्सऐप के जरिए 50 लाख रुपये की ठगी
वहीं दूसरा मामला व्हाट्सऐप के जरिए 50 लाख रुपये की साइबर ठगी का है. सरायढेला थाना क्षेत्र के वनस्थली कॉलोनी निवासी अभय कुमार अग्रवाल से साइबर अपराधियों ने व्हाट्सऐप चैट के माध्यम से खुद को हिलटॉप हायराइज प्राइवेट लिमिटेड का डायरेक्टर बताकर 50 लाख रुपये ट्रांसफर करा लिए थे.
कर्नाटक से आरोपी की गिरफ्तारी
इस मामले में 29 जनवरी 2026 को साइबर थाना में केस दर्ज किया गया था. मामले की गंभीरता को देखते हुए वरीय पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर एसआईटी गठित की गई थी. जांच के दौरान पुलिस ने कर्नाटक के शिवमोगा जिले के होसानगर थाना क्षेत्र निवासी मोहम्मद अफसर को गिरफ्तार किया है. आरोपी को कर्नाटक के हुबली स्थित एक लॉज से पकड़ा गया है.
पुलिस के अनुसार आरोपी साइबर ठगी के लिए बैंक खाते उपलब्ध कराता था और पैसों के ट्रांजेक्शन में सहयोग करता था. उसके पास से एक मोबाइल फोन और तीन सिम कार्ड भी बरामद किया गया है. फिलहाल पुलिस दोनों मामलों में पूरे नेटवर्क की जांच कर रही है और गिरोह से जुड़े अन्य लोगों की तलाश जारी है.
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