Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
संभागायुक्त श्री आशीष सिंह ने 4 ग्रामों में VHSND सत्रों का किया निरीक्षण, उच्च जोखिम गर्भवती महिलाओ... हर घर तिरंगा अभियान के तहत जिले में विभिन्न आयोजन होंगे व्यापक, जनभागीदारी के साथ आयोजन के दिए निर्द... कवर्धा में नकली नोट गिरोह का भंडाफोड़: ₹12.50 लाख के जाली नोट, टाटा पंच EV कार और प्रिंटर के साथ 3 ग... पचमढ़ी नागद्वारी मेले में दो दिन में पहुंचे 2 लाख श्रद्धालु: अव्यवस्थाओं से आक्रोशित भीड़ का हंगामा,... छतरपुर में सनसनी: मशहूर व्यापारी के इंजीनियर बेटे की रेलवे ट्रैक किनारे मिली संदिग्ध लाश, वर्क फ्रॉम... बुरहानपुर में 'वेस्ट से बेस्ट' की अनूठी मिसाल, केले के तनों से महिलाओं ने बनाईं ईको-फ्रेंडली राखियां विदिशा में बेतवा नदी के उफान से बिगड़े हालात, चरणतीर्थ घाट डूबा; शिव मंदिर में फंसे 3 बेजुबान जबलपुर में स्वास्थ्य विभाग को मिली ऐतिहासिक सफलता, नई थेरेपी से एड्स पीड़ित माताओं के 13 बच्चे बने ए... ग्वालियर के श्मशान घाटों में खत्म होगी मनमानी: अब तय रेट पर मिलेंगे कंडे और लकड़ी, नगर निगम का बड़ा ... मध्य प्रदेश में लगेगा नेशनल सोयाबीन रिसर्च इंस्टीट्यूट, भोपाल-विदिशा मार्ग होगा 4-लेन; MP कैबिनेट के...

AIIMS Delhi Milestone: एम्स दिल्ली ने रचा इतिहास! एक साल में कीं 10 हजार सर्जरी, रोबोटिक ऑपरेशन में भी बनाया रिकॉर्ड

19

मेडिकल के क्षेत्र में दिल्ली एम्स लगातार नए कीर्तिमान स्थापित कर रहा है. इस कड़ी में दिल्ली एम्स में एक साल में 10 हजार से ज्यादा सर्जरी की है. इसमें बड़ी संख्या में जटिल और हाई-रिस्क ऑपरेशन शामिल हैं. एम्स में मरीजों की रोबोटिक सर्जरी भी की जा रही हैं. इससे इलाज आसानी से और कम समय में हो रहा है. खासबात यह है कि इन सर्जरी में मरीजों के ऑर्गन ट्रांसप्लाट भी किए गए हैं. जिनमें अधिकतर सफल रहे हैं.

एम्स दिल्ली में सर्जरी विभाग में प्रोफेसर डॉ. सुनील चुम्बर ने बताया कि AIIMS दिल्ली लंबे समय से देश का प्रमुख रेफरल सेंटर रहा है, जहां देशभर से गंभीर मरीज इलाज के लिए पहुंचते हैं. इनमें से कई मरीजों को सर्जरी की भी जरूरत होती है. जिनकी सर्जरी एम्स में की जाती है. यहां यहां जनरल सर्जरी से लेकर न्यूरोसर्जरी, कार्डियक सर्जरी, ऑर्थोपेडिक्स, गैस्ट्रो सर्जरी, यूरोलॉजी और गायनेकोलॉजी से संबंधित सर्जरी की जाती है.हर दिन सैकड़ों मरीज ओपीडी में आते हैं और बड़ी संख्या में मरीजों को सर्जरी की जरूरत पड़ती है.

रोबोटिक सर्जरी से इलाज में नई क्रांति

डॉ सुनील ने बताया कि दिल्ली एम्स में रोबोटिक सर्जरी भी की जा रही है.यूरोलॉजी, गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल सर्जरी और कैंसर सर्जरी में बढ़ा है. इस तकनीक में सर्जन रोबोटिक की मदद से बेहद बारीकी से डॉक्टरों की निगरानी में ऑपरेशन करते हैं. इससे सामान्य सर्जरी की तुलना में मरीज को बहुत कट छोटा लगता है. इसका सबसे बड़ा फायदा ये है कि ब्लड लॉस कम होता है और मरीज की रिकवरी तेजी से होती है. इसमें सामान्य सर्जरी की तुलना में समय भी कम ही लगता है. एक साल में 1 हजार से ज्यादा रोबोटिक सर्जरी की गई हैं.

मरीजों को हो रहा फायदा

AIIMS में हर साल होने वाली हजारों सर्जरी से यह साफ है कि सरकारी अस्पतालों में भी अब अत्याधुनिक तकनीक के जरिए इलाज संभव हो रहा है. एम्स में यह सर्जरी लगभग निशुल्क की जा रही हैं. सर्जरी के अलावा रोबोटिक सर्जरी के लिए युवा डॉक्टरों और सर्जनों को आधुनिक तकनीकों की ट्रेनिंग भी दी जा रही है. एम्स में सर्जरी को लेकर नई तकनीकों और रिसर्च पर भी लगातार काम किया जा रहा है.

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.