Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
Lok Sabha Update: भारी हंगामे के कारण पीएम मोदी का संबोधन रद्द, 8 सांसदों के निलंबन और नरवणे की किता... MP Politics: 'ब्राह्मण समाज सबकी आंखों में खटक रहा है...', बीजेपी विधायक गोपाल भार्गव के बयान से मध्... Rajya Sabha Update: लोकसभा के बाद अब राज्यसभा में टकराव के आसार! PM मोदी के भाषण से पहले कांग्रेस ने... Pune-Mumbai Expressway: पुणे एक्सप्रेस-वे पर 24 घंटे से लगा महाजाम, हजारों गाड़ियां फंसी; सीएम फडणवी... Delhi Pollution: प्रदूषण के खिलाफ जंग में दिल्ली मेट्रो का कमाल, सीएम रेखा ने की तारीफ; कहा- 'राजधान... Muktinath Yatra: भारत-नेपाल के बीच शुरू हुई सीधी बस सेवा; जानें मुक्तिनाथ यात्रा का रूट, किराया और स... Ranchi Crime News: रांची के पुंदाग में नाबालिग लड़के की हत्या, निर्माणाधीन अपार्टमेंट में मिला लहूलु... Viksit Bharat Mission: साइकिल पर राष्ट्र निर्माण का संदेश, 'नशा-मुक्त भारत' के संकल्प के साथ देश भ्र... Dhanbad Election: संजीव सिंह और भाजपा समर्थित मेयर प्रत्याशी का नामांकन, प्रदेश अध्यक्ष बोले- अनुशास... Ranchi Khadgarha Bus Stand: खादगढ़ा बस स्टैंड में आगजनी की घटनाओं का बड़ा खुलासा, CCTV की मदद से एक ...

ईरान-अमेरिका महायुद्ध की आहट? अमेरिकी युद्धपोत के पास पहुंचा ईरानी ड्रोन, फाइटर जेट ने मार गिराया

1

मध्य पूर्व में मंगलवार को हालात अचानक बेहद तनावपूर्ण हो गए, जब एक ईरानी ड्रोन अमेरिकी एयरक्राफ्ट कैरियर USS Abraham Lincoln के बेहद करीब पहुंच गया. कुछ देर के लिए ऐसा लगा कि ईरान और अमेरिका के बीच सीधी जंग किसी भी वक्त शुरू हो सकती है. अमेरिकी सेना ने ड्रोन को खतरनाक और उकसावे वाला कदम बताते हुए फाइटर जेट से मार गिराया, जिसके बाद पूरे इलाके में हाई अलर्ट घोषित कर दिया गया.

जानकारी के मुताबिक, अमेरिकी नौसेना का शक्तिशाली विमानवाहक पोत USS Abraham Lincoln अरब सागर/खाड़ी क्षेत्र में तैनात था. इसी दौरान एक ईरानी ड्रोन तेज़ी से कैरियर की ओर बढ़ता हुआ काफी नजदीक आ गया. अमेरिकी सेना का कहना है कि ड्रोन का इरादा साफ नहीं था, लेकिन उसकी उड़ान का तरीका आक्रामक था और वह अमेरिकी सैन्य ठिकाने के लिए सीधा खतरा बन सकता था.

CENTCOM का दावा: आत्मरक्षा में कार्रवाई

अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने घटना की पुष्टि करते हुए कहा कि यह कार्रवाई आत्मरक्षा (self-defence) में की गई. CENTCOM के मुताबिक, कैरियर से एक F-35 फाइटर जेट उड़ाया गया, जिसने हवा में ही ईरानी ड्रोन को नष्ट कर दिया. अमेरिकी सेना ने यह भी साफ किया कि इस घटना में किसी अमेरिकी सैनिक को नुकसान नहीं पहुंचा और न ही किसी सैन्य उपकरण को क्षति हुई.

ईरान ने भी ड्रोन गिरने की बात मानी

ईरान की ओर से भी इस घटना पर प्रतिक्रिया आई है. ईरानी रिवॉल्यूशनरी गार्ड (IRGC) से जुड़े सूत्रों ने ड्रोन के नष्ट होने की पुष्टि की. हालांकि ईरान का दावा है कि ड्रोन अंतरराष्ट्रीय जल क्षेत्र में नियमित निगरानी मिशन पर था और उसने कोई गैरकानूनी या आक्रामक गतिविधि नहीं की थी. ईरानी पक्ष का यह भी कहना है कि ड्रोन ने गिरने से पहले अपना मिशन पूरा कर लिया था.

जंग की कगार तक क्यों पहुंच गए हालात?

विशेषज्ञों के मुताबिक, अमेरिका और ईरान के बीच पहले से ही तनाव चरम पर है. ऐसे में अमेरिकी एयरक्राफ्ट कैरियर के करीब ड्रोन का पहुंचना,अमेरिका द्वारा इसे संभावित हमला मानना और फिर जवाबी सैन्य कार्रवाई, ये तीनों घटनाएं मिलकर युद्ध की चिंगारी बन सकती थीं. रक्षा जानकारों का कहना है कि अगर ड्रोन गिराए जाने के बाद ईरान ने तुरंत जवाबी सैन्य कदम उठाया होता, तो मंगलवार को ही हालात खुले युद्ध में बदल सकते थे.

फिलहाल टली टक्कर, लेकिन तनाव बरकरार

हालांकि इस घटना के बाद दोनों देशों की ओर से कोई तत्काल बड़ा हमला नहीं किया गया, लेकिन क्षेत्र में तनाव बना हुआ है. अमेरिकी सैन्य ठिकाने हाई अलर्ट पर हैं और ईरान-अमेरिका के बीच टकराव की आशंका अभी पूरी तरह टली नहीं मानी जा रही.

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.