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Nayab Singh Saini: नायब सैनी के ‘निराले अंदाज’ के मुरीद हुए हरियाणा के लोग, क्यों हो रही है ताऊ देवी लाल से तुलना? जानें बड़ी वजह

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चंडीगढ़ : अक्सर देखने में आता है कि जैसे-जैसे व्यक्ति सफलता की ऊंचाइयों को छूता है । वैसे ही उसकी आमजन ही नही अपनो से भी दूरियां बढ़ती चली जाती हैं। जबकि राजनेता  तो अक्सर इस बात के लिए हमेशा से निशाने पर रहते हैं कि सत्ता के नशे में चूर होकर वे जनता दूरी बना लेते हैं।

ऐसे में आम ही नहीं वे खास आदमी की पहुंच से भी बहुत दूर हो जाते हैं। लेकिन इन सब धारणाओं को ठेंगा दिखाते हुए सौम्य स्वभाव, हरदिल अजीज, हंसमुख ,मिलनसार, मृदु भाषी न जाने कितने ही नामों से विख्यात एक छोटे से किसान परिवार से आने वाले मुख्यमंत्री नायब सैनी राजनीति के मायने  बदल रहे हैं। जब कभी भी चुनावी मौसम होता था तो यह जुमला आमतौर राजनेताओं के मुंह से सुनने को मिलता था कि अगर आपने मुझे सत्ता सौंपी तो मैं मुख्यमंत्री पद और राजनीति के मायने बदल दूंगा। लेकिन प्रदेश के राजनीति इतिहास में लंबे समय बाद इन सब बातों को मुख्यमंत्री नायब सैनी साकार करने में लगे हैं ।

हां जी सीएम साहब आप तो ज्यों चौधरी देवीलाल की तरह हर जगह रुकते हो

 चाहे सीएम आवास हो या फिर उनका प्रदेश में कहीं भी कोई  सामाजिक राजनीतिक या सरकारी किसी भी प्रकार का कार्यक्रम हो मुख्यमंत्री जनता से जुड़ाव कोई भी मौका नहीं छोड़ते यही नहीं सड़क पर चलते हुए स्वयं ही हुए आमजन के पास रुक जाते हैं। ऐसा ही एक वीडियो उनका सोशल मीडिया पर भी खूब वायरल हो रहा है जिसमें उन्हें एक जगह लोगों के साथ आग सेकते हुए देखा जा सकता है। जहां एक आम नागरिक उनसे संवाद करते हुए कहता है कि हां जी सीएम साहब आप तो ज्यों चौधरी देवीलाल की तरह हर जगह रुकते हो बिल्कुल बहुत बढ़िया देवीलाल भी इसी तरह लोगों से मिलते थे।

फिर वही ठेठ देसी अंदाज

 इसी दौरान जब एक व्यक्ति ने उन्हें अपने समस्या बारे अवगत कराया तो उन्होंने कहा कि उसको लेकर  जिला उपायुक्त को कह दिया गया है। यही नहीं सीएम  को समान स्वरूप दी जाने वाली शॉल को भी उन्होंने वहां आए एक अन्य व्यक्ति देते हुए अपने ठेठ देसी अंदाज में कहा इन्हीं वास्ता तो है यो सब और किन वास्ता। और सब ठीक आ  ना, यो क्या लयाया, ऊरा आ, आगा आजा।  इसी दौरान लोगों द्वारा कुछ राजनीतिक औपचारिकताएं पूरी करने के बाद उन्होंने तपाक से कहा कि 1 मिनट सेक तो ले (मतलब ठंड है अलाव का सहारा लिया जाए। बता दे कि इससे पूर्व भी मुख्यमंत्री अपने ठेठ देसी अंदाज लोगों के दिलों के एक अलग ही जगह बना रहे हैं।

सैनी ने कुछ ही समय में बनाया अपना अलग राजनीतिक मुकाम

ताऊ के नाम से मशहूर  दिवंगत पूर्व उप प्रधानमंत्री और हरियाणा के मुख्यमंत्री रहे देवीलाल जहां लंबे समय तक प्रदेश ही नहीं देश की राजनीति  की धूरी बने रहे उन्होंने बिना किसी दिखावे के एक आम इंसान की तरह राजनीति की जिनके बारे में इस बात का आज भी उदाहरण दिया जाता है कि उन्होंने प्रधानमंत्री का पद भी ठुकरा दिया था। राजनीति में उनका जादू इस कदर था कि उन्होंने 90 में से 85 विधानसभा सीटों पर जीत दर्ज कर इतिहास रच दिया था। इसी प्रकार से पूर्व मुख्यमंत्री बंसीलाल, भजनलाल, भूपेंद्र हुड्डा  इसके अलावा वर्तमान में केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल ने भी जनता के बीच में एक अलग ही छाप छोड़ने का काम किया। परंतु वर्तमान राजनीति में जिस प्रकार से नायब आमजन से मिलने और उसका दुख दर्द बांटने का कोई भी मौका नहीं छोड़ते।  उनका मुख्यमंत्री आवास चंडीगढ़ भी लोगों के लिए 24 घंटे खुला रहता है जहां वे हर दिन प्रदेश के भिन्न-भिन्न कोनो आए लोगों से रूबरू होकर उनकी समस्याओं का समाधान भी करते हैं। उनके इस मिलनसार व्यवहार के चलते राजनीतिक हलकों में उन्हें लंबी रेस का घोड़ा और जन नेता के रूप मे देखा जा रहा है। वहीं वर्तमान राजनीतिक परिदृश्य में उनकी इस छवि के आसपास कोई भी नेता दिखाई नहीं देता।

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