गोहाना: सीएसआईआर-यूजीसी नेट परीक्षा को लेकर पेपर लीक का झांसा देकर अभ्यर्थियों से ठगी करने वाले गिरोह का हरियाणा मुख्यमंत्री उड़नदस्ता ने भंडाफोड़ किया है। यह कार्रवाई गोहाना क्षेत्र में की गई, जहां परीक्षा से एक दिन पहले दर्जनों अभ्यर्थियों को बुलाकर उनसे मोटी रकम वसूली जा रही थी।
जानकारी के अनुसार, 18 दिसंबर को एनटीए द्वारा आयोजित सीएसआईआर-यूजीसी नेट परीक्षा से पहले 17 दिसंबर की रात पानीपत रोड स्थित गांव चिढ़ाना की एक कबड्डी अकैडमी में 37 अभ्यर्थियों को बुलाया गया। इनमें 16 केमिस्ट्री और 21 लाइफ साइंस विषय के परीक्षार्थी शामिल थे। आरोप है कि यहां उन्हें प्रश्न पत्र दिखाकर परीक्षा लीक होने का भरोसा दिया गया।
सूचना मिलने पर मुख्यमंत्री उड़नदस्ता रोहतक की टीम ने तुरंत कार्रवाई की और सदर थाना गोहाना में मामला दर्ज कराया। शिकायत उड़नदस्ता में तैनात सब इंस्पेक्टर करमबीर की ओर से दी गई। पुलिस ने मौके से नीरज और सचिन, दोनों निवासी गांव करोथा (रोहतक), को गिरफ्तार किया है।
प्रश्न पत्र भी बरामद
इनके अलावा धीरज, पवन और आशीष के खिलाफ भी केस दर्ज किया गया है। छापेमारी के दौरान पुलिस ने पेपर के ए और बी सेट के प्रश्न पत्र भी बरामद किए हैं। हालांकि, मौके पर मौजूद किसी भी अभ्यर्थी को आरोपी नहीं बनाया गया है।
यह ठगी का मामला है- एसीपी
गोहाना के एसीपी राहुल देव ने स्पष्ट किया कि सीएसआईआर-यूजीसी नेट परीक्षा पूरी तरह सुरक्षित थी और पेपर लीक नहीं हुआ था। यह पूरा मामला ठगी से जुड़ा है। मामले की जांच के लिए एसआईटी गठित कर दी गई है।
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