Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
CGSSB Lecturer Vacancy 2026: 8 विषयों में होगी शिक्षकों की भर्ती; 29 नवंबर को संभावित परीक्षा, व्याप... Durg Crime News: कॉलेज की फीस भरने के लिए बने चैन स्नेचर; दुर्ग में इंजीनियरिंग के दो छात्र-छात्रा ग... Korba News: छोटे भाई को बचाने भालू से भिड़ा बड़ा भाई! छातीबहार के जंगल में हादसा, एनजीओ की लापरवाही ... Janjgir Gambling Raid: बनारी में सूने मकान में चल रहा था हाई-प्रोफाइल जुआ; पुलिस ने निकाला कारोबारिय... Durg Cylinder Theft Case: 36 भरे एलपीजी सिलेंडर चोरी करने वाला आरोपी चढ़ा पुलिस के हत्थे; खरीदने वाल... Lesliganj Robbery Attempt: ग्राहक सेवा केंद्र में घुसे दो हथियारबंद लुटेरे; मां-बेटे ने जमकर की धुना... Karma Puja 2026: मांदर की थाप पर थिरका झारखंड; करमा पर्व की पूर्व संध्या पर रांची में सांस्कृतिक कार... State Level Nehru Hockey Tournament: रांची में सिमडेगा का दबदबा; अंडर-17 में सिमडेगा और अंडर-15 में ... Ranchi News: त्योहारों पर जरूरी सामानों की न हो किल्लत; रांची चैंबर ने एसएसपी से मांगी नो-एंट्री समय... Jhasa vs Yogendra Sau: हजारीबाग सीओ से बदसलूकी मामले में भड़का प्रशासनिक सेवा संघ; डीसी से की कार्रव...

अनिल अंबानी ने की सबकी बोलती बंद, कर दिखाया ये बड़ा कमाल

46

कभी कर्ज के भारी बोझ से दबे उद्योगपति अनिल अंबानी ने अब ऐसा कमाल करके दिखाया है कि उसने सबकी बोलती बंद कर दी है.उनकी कंपनी रिलायंस इंफ्रास्ट्रक्चर ने अपने कर्ज के बोझ को 806% तक कम कर लिया है. इसी के साथ शेयर बाजार में कंपनी के स्टॉक में तेजी का मोमेंटम भी दिखने लगा है.

दिवालिया हो चुके अनिल अंबानी लंबे वक्त से अपनी कंपनियों की माली हालत सुधारने में लगे हुए हैं. इसी क्रम में उनकी कंपनी रिलायंस इंफ्रास्ट्रक्चर ने बीते कुछ समय में अपने कर्ज के बोझ को 3,831 करोड़ रुपए से घटाकर 475 करोड़ रुपए किया है. कंपनी ने जब शेयर बाजार को इसकी जानकारी दी, तो इसका शेयर 254 रुपए के उच्च स्तर तक पहुंच गया.

इस कंपनी का कर्ज चुकाते ही घट गया बोझ

रिलायंस इंफ्रास्ट्रक्चर का कहना है कि उसने उसे कर्ज देने वालों में से एक ‘इंवेंट एसेट सिक्योरिटाइजेशन एंड री-कंस्ट्रक्शन प्राइवेट लिमिटेड’ (Invent ARC) ने अपने बकाया को क्लियर करने के लिए उसके पास गिरवी रखी कुछ प्रतिभूतियों का नवीनीकरण किया है. इससे इंवेंट एआरसी का फंड बेस्ड बकाया पूरी तरह चुक गयाय है और इससे रिलायंस इंफ्रास्ट्रक्चर के कर्ज में भारी कमी आई है.

LIC और बैंको का लोन भी चुकाया

रिलायंस इंफ्रास्ट्रक्चर की ओर से साफ किया गया है कि उसने भारतीय जीवन बीमा निगम (LIC), एडेलवाइस एसेट रीकंस्ट्रक्शन कंपनी लिमिटेड, आईसीआईसीआई बैंक, यूनियन बैंक ऑफ इंडिया और अन्य कई कर्ज देने वालों का फंडे बकाया लोन चुका दिया है.

वहीं आरइंफ्रा ने एलआईसी के साथ एक ‘वन टाइम सेटलमेंट’ डील की है. इसके तहत कंपनी ने एलआईसी को उसके बकाया के बदले नॉन-कन्वर्टिबल डिबेंचर (NCDs) जारी किए हैं, जो उसके ऊपर कंपनी 600 करोड़ रुपए बकाया के बदले जारी किए गए हैं. इसके बाद एलआईसी का कोई बकाया कंपनी पर बाकी नहीं रहा है.

इसी तरह कंपनी ने एडलवाइस को भी 235 करोड़ रुपए के बकाया के बदले एनसीडी जारी किए हैं. रिलायंस इंफ्रा के अपने एक्टर्नल डेट की देनदारी कम करने से उसकी नेटवर्थ अब 9,041 करोड़ रुपए के करीब पहुंच चुकी है.

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.