Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
Iran-Israel War Impact: ईरान युद्ध के कारण बढ़ सकते हैं पानी और कोल्ड ड्रिंक की बोतलों के दाम; भारतीय... मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड का बड़ा फरमान: "मुसलमानों के लिए इस्लामी उत्तराधिकार कानून अनिवार्य"; संपत्ति... विकसित भारत 2047: हरियाणा बनेगा देश का 'ग्रोथ इंजन'! उद्योग और युवाओं के कौशल पर सरकार का बड़ा दांव;... दिल्ली-देहरादून हाईवे पर 'आपत्तिजनक नारा' लिखना पड़ा भारी! दो युवतियों समेत 3 गिरफ्तार; माहौल बिगाड़ने... सावधान! दिल्ली में 48 घंटे बाद बरसेगा पानी, यूपी-राजस्थान में 'तूफान' जैसी हवाओं का अलर्ट; IMD ने पह... आगरा में 'जहरीली गैस' का तांडव! कोल्ड स्टोरेज से रिसाव के बाद मची भगदड़, जान बचाने के लिए खेतों की त... Bus Fire News: जैसलमेर से अहमदाबाद जा रही स्लीपर बस में लगी भीषण आग, एक यात्री झुलसा; खिड़कियों से क... कश्मीर में VIP सुरक्षा पर 'सर्जिकल स्ट्राइक'! फारूक अब्दुल्ला पर हमले के बाद हिला प्रशासन; अब बुलेटप... ईरान की 'हिट लिस्ट' में Google, Apple और Microsoft? अब टेक कंपनियों को तबाह करेगा तेहरान; पूरी दुनिय... दिल्ली में 'Zero' बिजली बिल वालों की शामत! खाली पड़े घरों की सब्सिडी छीनने की तैयारी; क्या आपका भी बं...

सिर्फ पटना और हजारीबाग में लीक हुआ पेपर, सिस्टमैटिक फेल नहीं…सुप्रीम कोर्ट ने बताया क्यों नहीं रद्द की परीक्षा

36

नीट यूजी 2024 परीक्षा पेपर लीक मामले में सुनवाई के दौरान आज, 2 अगस्त को सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि नीट का पेपर केवल पटना और हजारीबाग में ही लीक हुआ था. पेपर बड़े पैमाने पर पेपर नहीं लीक हुआ. वहीं सीजेआई ने कहा कि यदि किसी छात्र को दिए गए फैसले पर कोई दिक्कत है, तो वह हाईकोर्ट जा सकता है.

सीजेआई ने कहा कि सरकार द्वारा जो कमेटी गठित की गई है. उसमें एक मूल्यांकन कमेटी शामिल होगी. उन्होंने कहा कि परीक्षा प्रणाली की साइबर सुरक्षा में संभावित कमजोरियों की पहचान करने के लिए तकनीकी विकसित करने की जरूरत है.

सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि सिस्टमैटिक ब्रीच नहीं था. पेपर लीक सिर्फ पटना और हजारीबाग तक सीमित था. वहीं SC ने केंद्र द्वारा नियुक्त के. राधाकृष्णन विशेषज्ञ समिति के लिए अतिरिक्त नियम और शर्तें निर्धारित की हैं.

क्यों नहीं रद्द की गई परीक्षा?

सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि परीक्षा के आयोजन में कोई व्यवस्थागत कमी नहीं पाई गई. अगर परीक्षा को रद्द किया जाता, तो लाख स्टूडेंट्स इससे प्रभावित होते, जो परीक्षा में शामिल हुए थे. वहीं एग्जाम पास करने वाले छात्रों पर इसका विपरीत असर पड़ता. ऐसे में पूरी जांच और सभी बिंदुओं पर विचार के बाद परीक्षा नहीं रद्द करने का फैसला किया गया.

SOP तैयार करने के निर्देश

परीक्षा और इसकी प्रक्रियाओं की पवित्रता और अखंडता सुनिश्चित करने के लिए तंत्र विकसित करने और उम्मीदवारों के प्रतिरूपण को रोकने के लिए भी दिए निर्देश सुप्रीम कोर्ट ने दिए हैं. सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि निजता के अधिकार से समझौता किए बिना तकनीकी इनोवेशन और उम्मीदवारों की पहचान की समय-समय पर जांच यह सुनिश्चित करने के लिए जरूरी है कि कोई भी उम्मीदवार परीक्षा के लिए प्रॉक्सी न रखे.

SC ने की NTA की आलोचना

CJI डी वाई चंद्रचूड़ की अगुवाई वाली बेंच ने कहा कि सभी परीक्षा केंद्रों पर सीसीटीवी निगरानी होनी चाहिए. सुप्रीम कोर्ट ने प्रणालीगत उल्लंघन नहीं होने की बात दोहराते हुए पेपर लीक, गलत प्रश्न पत्र के वितरण और भौतिकी के प्रश्न के गलत विकल्प के लिए अंक देने पर NTA की आलोचना भी की.

केंद्र सरकार और NTA की ओर से पेश सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने सुप्रीम कोर्ट को आश्वासन दिया कि नीट और एनटीए द्वारा आयोजित अन्य परीक्षाओं की सुरक्षा, पवित्रता और अखंडता बढ़ाने के लिए उसके सभी निर्देशों को लागू किया जाएगा.

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.