Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
West Bengal Politics: टीएमसी छोड़ने के बाद कोयल मल्लिक को मिला बड़ा राजनीतिक तोहफा, बीजेपी ने दिया राज... दिल्ली में वायु प्रदूषण के खिलाफ सख्ती: ‘ऑपरेशन क्लीन एयर’ के तहत CAQM ने रिंग रोड पर चलाया विशेष नि... मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे की मांग पर दिल्ली में घमासान: इंडिया गेट पर AAP का विरोध मार्च, सौरभ भ... Amritsar Border Security: अमृतसर में पाकिस्तान के आतंकी मॉड्यूल का भंडाफोड़, एके-47 और हैंड ग्रेनेड ... Delhi VIP Theft News: राज्यसभा सांसद डॉ. राधा मोहन दास अग्रवाल के सरकारी आवास में चोरी, गटर का ढक्कन... मुजफ्फरपुर में पुलिस की शर्मनाक करतूत: अंतरजातीय विवाह से जुड़ी समस्या को लेकर पहुंची महिला को बाल प... Delhi High Court Notice: करोल बाग में मेट्रो निर्माण के लिए पेड़ काटने पर दिल्ली हाईकोर्ट सख्त, DDA ... पश्चिम बंगाल में समान नागरिक संहिता (UCC) का ऐलान: सीएम शुभेंदु अधिकारी ने मांगे 6 महीने, 'लव जिहाद'... Seoni Murder Case: मध्य प्रदेश के सिवनी में सनसनीखेज हत्याकांड, मां और मामा ने मिलकर की 22 वर्षीय यु... विपक्ष की रैली पर आशीष शेलार का तीखा हमला: मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ प्रदर्शन को बताया ‘लोमड़ियों ...

छत्तीसगढ़ में जंगली हाथी के हमले से दो सगे भाईयों की मौत, एक को बचाने के चक्कर में दूसरे की गई जान

33

जशपुर : छत्तीसगढ़ के जशपुर जिले में जंगली हाथी के हमले में दो सगे भाइयों की मौत हो गई। अधिकारियों शनिवार को यह जानकारी दी। अधिकारियों ने बताया कि जशपुर के तपकरा वन परिक्षेत्र के अंतर्गत केरसई गांव में शुक्रवार देर रात जंगली हाथी के हमले में दो सगे भाइयों कोकडे राम (45) और पड़वा राम (43) की मौत हो गई। अधिकारियों के मुताबिक, जंगली हाथियों ने देर रात लगभग तीन बजे केरसई गांव में हमला बोला और वहां मकानों को तोड़ना शुरू कर दिया। उन्होंने बताया कि जब दोनों भाई जान बचाने के लिए वहां से भागने लगे, तब एक को हाथी ने अपनी सूंड से पकड़ लिया और कुचलकर उसकी जान ले ली, जब अपने भाई को बचाने के लिए दूसरा भाई वहां पहुंचा और हाथी को भगाने की कोशिश करने लगा, तब हाथी ने उसे भी कुचलकर मार डाला।

अधिकारियों ने बताया कि घटना की जानकारी मिलने के बाद वन विभाग का दल मौके पर पहुंचा और शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा। अधिकारियों ने कहा कि मृतकों के परिजनों को आर्थिक सहायता दी जा रही है। उन्होंने बताया कि तपकरा वन परिक्षेत्र में पिछले लगभग छह महीने से हाथियों का झुंड घूम रहा है और वन विभाग इन सभी की गतिविधियों पर नजर रख रहा है। अधिकारियों ने कहा कि जंगल के भीतर घर बनाकर रहने वाले ग्रामीणों को जंगली हाथियों के हमले से बचाने के लिए सामुदायिक भवन में रखा जा रहा है। छत्तीसगढ़ के उत्तरी जिलों में जंगली हाथियों और मनुष्यों के बीच संघर्ष की खबरें लगातार आती रहती हैं। इन क्षेत्रों में जंगली हाथियों के हमलों में कई लोगों की जान जा चुकी है।

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.