Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
जबलपुर में देशभक्ति का अनूठा जुनून: उफनती नर्मदा नदी में एक हाथ में तिरंगा थामकर 7 किमी तैरे तैराक, ... मध्य प्रदेश के धार का प्रसिद्ध 'बाग प्रिंट' पहुंचा राष्ट्रपति भवन, 'एट होम' समारोह की बढ़ाएगा शोभा बालाघाट के आदिवासी गांवों में रहस्यमयी बीमारी और मलेरिया का कहर: डेढ़ माह में मासूमों की मौत, स्कूल ... जब क्लास में 'गुरुजी' बने गुना कलेक्टर: किशोर कन्याल ने ब्लैकबोर्ड पर बच्चों को पढ़ाया पाठ, सिखाया '... इंदौर: नगर निगम ARO जितेंद्र पांडे के ठिकानों पर लोकायुक्त की बड़ी कार्रवाई, 31 साल की नौकरी में बना... एमपी बोर्ड 10वीं-12वीं परीक्षा 2027 की तारीखें घोषित: 17 फरवरी से 12वीं और 24 फरवरी से 10वीं के एग्ज... जबलपुर रेल मंडल का टिकट चेकिंग दस्ता फुल एक्शन मोड में, 4 महीने में वसूला 28 करोड़ का रिकॉर्ड जुर्मा... लखनऊ में सनसनीखेज वारदात: जानकीपुरम में पत्नी ने लोहे के तवे से वार कर ली पति की जान, 5 साल से चल रह... महाराष्ट्र की आश्रमशालाओं में 2 साल के भीतर 584 छात्रों की मौत, सुरक्षा और स्वास्थ्य व्यवस्था पर उठे... भारी विरोध के बाद झुकी बार काउंसिल ऑफ इंडिया: NALSAR छात्रों के एनरोलमेंट पर रोक का आदेश BCI ने लिया...

सरकार का बड़ा कदम, अश्लील कंटेंट दिखाने के लिए 18 OTT प्लेटफॉर्म, 19 वेबसाइट और 10 ऐप को किया गया बैन

27

सोशल मीडिया और ओटीटी एक ऐसा प्लेटफॉर्म है, जो घर-घर में मौजूद है. वेबसाइट्स और ऐप्स के जरिए आजकल आप घर बैठे-बैठ जो चाहे वो देख सकते हैं. लेकिन इनका गलत इस्तेमाल करने वालों की भी कोई कमी नहीं है. ऐसी कई सारी वेबसाइट्स, ओटीटी प्लेटफॉर्म और ऐप्स हैं, जो अश्लील कंटेंट लोगों तक पहुंचाते हैं. इस मामले पर सूचना एंव प्रसारण मंत्रालय ने बड़ा कदम उठाया है. सूचना एंव प्रसारण मंत्रालय ने कार्रवाई करते हुए 18 ओटीटी प्लेटफॉर्म, 19 वेबसाइट और 10 ऐप को बैन कर दिया है.

इतना ही नहीं 57 सोशल मीडिया हैंडल को भी ब्लॉक किया गया है. भारत सरकार के मुताबिक इन सभी साइट्स और ओटीटी प्लेटफॉर्म ने आईटी एक्ट का उल्लंघन किया है. इसके अलावा ये ऑनलाइन प्लेटफॉर्म इंडियन पीनल कोड का भी उल्लंघन कर रहे थे. सरकार का ये भी मानना है कि पिछले कई सालों से ये ओटीटी प्लेटफार्म और वेबसाइट महिलाओं की इमेज खराब करने वाले कंटेंट दिखा रहे थे. 12 मार्च 2024 को यूनियन मिनिस्टर अनुराग सिंह ठाकुर ने ये अनाउंसमेंट की है.

बता दें, जो हैंडल ब्लॉक और बैन किए गए हैं, उनमें से किसी के एक करोड़ तो किसी के 15 लाख यूजर भी थे. इस मामले को भारत सरकार के सूचना एंव प्रसारण मंत्रालय ने कानूनी विशेषज्ञ और एक्सपर्ट कमेटी के साथ डिस्कस करने के बाद ये अहम फैसला लिया गया है. एएनआई ने अपने ट्वीटर अकाउंट पर एक लिस्ट भी शेयर की है.

शेयर की गई इस लिस्ट में उन सभी ओटीटी प्लेटफर्म, ऐप, वेबसाइट्स के नाम मेंशन किए गए हैं, जिन्हें भारत सरकार के सूचना प्रसारण मंत्रालय ने बैन और ब्लॉक किया है. सरकार का मानना है कि अश्लील कंटेंट का युवाओं पर बुरा असर होता है.

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.