Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
Iran-Israel War Impact: ईरान युद्ध के कारण बढ़ सकते हैं पानी और कोल्ड ड्रिंक की बोतलों के दाम; भारतीय... मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड का बड़ा फरमान: "मुसलमानों के लिए इस्लामी उत्तराधिकार कानून अनिवार्य"; संपत्ति... विकसित भारत 2047: हरियाणा बनेगा देश का 'ग्रोथ इंजन'! उद्योग और युवाओं के कौशल पर सरकार का बड़ा दांव;... दिल्ली-देहरादून हाईवे पर 'आपत्तिजनक नारा' लिखना पड़ा भारी! दो युवतियों समेत 3 गिरफ्तार; माहौल बिगाड़ने... सावधान! दिल्ली में 48 घंटे बाद बरसेगा पानी, यूपी-राजस्थान में 'तूफान' जैसी हवाओं का अलर्ट; IMD ने पह... आगरा में 'जहरीली गैस' का तांडव! कोल्ड स्टोरेज से रिसाव के बाद मची भगदड़, जान बचाने के लिए खेतों की त... Bus Fire News: जैसलमेर से अहमदाबाद जा रही स्लीपर बस में लगी भीषण आग, एक यात्री झुलसा; खिड़कियों से क... कश्मीर में VIP सुरक्षा पर 'सर्जिकल स्ट्राइक'! फारूक अब्दुल्ला पर हमले के बाद हिला प्रशासन; अब बुलेटप... ईरान की 'हिट लिस्ट' में Google, Apple और Microsoft? अब टेक कंपनियों को तबाह करेगा तेहरान; पूरी दुनिय... दिल्ली में 'Zero' बिजली बिल वालों की शामत! खाली पड़े घरों की सब्सिडी छीनने की तैयारी; क्या आपका भी बं...

“JDU के कुछ विधायक नीतीश के फिर से NDA में शामिल होने के पक्ष में”, जीतन राम मांझी का दावा

25

पटना: बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री और हिंदुस्तानी अवाम मोर्चा (हम) के संरक्षक जीतनराम मांझी ने दावा किया कि जनता दल यूनाइटेड (जदयू) के कुछ विधायक मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के फिर से राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) में शामिल होने के पक्ष में हैं।

“नीतीश के राजग में लौटने पर हमें कोई आपत्ति नहीं”
जीतन राम मांझी ने शनिवार को संवाददाताओं से बातचीत के दौरान कहा कि जदयू के कुछ विधायक मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के फिर से राजग में लौटने के पक्ष में हैं। उन्होंने दावा किया कि ये विधायक नीतीश कुमार पर महागठबंधन छोड़ने और फिर से राजग में शामिल होने के फैसले के लिए हावी हो सकते हैं। हम संरक्षक ने कहा कि उन्हें नीतीश के राजग में लौटने पर कोई आपत्ति नहीं है। उन्होंने चुटकी लेते हुए कहा कि यदि नीतीश कुमार ने ऐसा कोई फैसला लिया तो वह उसका स्वागत करेंगे। मांझी ने कहा कि उन्होंने नीतीश कुमार के साथ बने रहने का वादा किया था और पिछले साल अगस्त में उनके साथ राजग छोड़कर महागठबंधन में शामिल हो गए थे।

हम नेता ने कहा कि यह नीतीश कुमार ही थे जिन्होंने उनकी पार्टी हम का जदयू में विलय करने का दबाव डालकर उन्हें महागठबंधन छोड़ने के लिए मजबूर किया था। उन्होंने कहा कि उनकी पार्टी में कोई भी जदयू में विलय के लिए तैयार नहीं था। उन्होंने कहा कि ऐसी स्थिति में उनके पास महागठबंधन को छोड़कर राजग में शामिल होने के अलावा कोई विकल्प नहीं था। राजग में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने उन्हें बहुत सम्मान दिया।

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.