Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
Indore Congress Press Conference: इंदौर में बोले कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी; 'छात्रों की गूंज' कार... Madhya Pradesh News Today: कूनो के बाद गांधीसागर बना चीतों का नया ठिकाना; मुख्यमंत्री मोहन यादव ने द... Haryana Industrial CLU Rules: कम चौड़ाई वाले रास्तों की समस्या होगी दूर, जानिए सेल्फ-मेड पंचायती रास... Sonepat Crime News: बिजली निगम के कर्मचारी पर भ्रष्टाचार का शिकंजा, 2 लाख की रिश्वत लेते ALM गिरफ्ता... CIA Raid in Rewari: एसपी हेमेन्द्र मीणा के निर्देश पर अवैध तेल भंडारण पर छापा, एक शख्स हिरासत में और... Haryana News: संदीप सिंह यौन उत्पीड़न मामले में नया मोड़, अदालत में धारा 376/511 जोड़ने की याचिका पर... Haryana Crime News: घासेड़ा मोड़ पर पुलिस मुठभेड़ के बाद पकड़े गए गौ तस्कर, भारी मात्रा में हथियार औ... Sonepat Crime News: एसटीएफ ने एनएच-44 पर घेराबंदी कर दबोचे बदमाश, अवैध हथियार और कार बरामद Hooda Targets BJP Government: हरियाणा में कानून-व्यवस्था और घोटालों को लेकर घिरी सरकार, कांग्रेस ने ... Ambala Crime News: CIA-2 पुलिस ने पकड़ी करोड़ों की हेरोइन, पाकिस्तान बॉर्डर से जुड़े कनेक्शन की हो र...

आज रात 10:12 बजे तक रहेगा रवि योग इस समय शिव पूजा का मिलेगा विशेष फल आज रात 10:12 बजे तक रहेगा रवि योग इस समय शिव पूजा का मिलेगा विशेष फल

39

मंदसौर। भगवान शिव का प्रिय सावन का पावन महीना चल रहा है। अधिक मास होने के कारण इस बार सावन पूरे 58 दिनों का है। जो 30 अगस्त तक चलेगा। 24 जुलाई को सावन का तीसरा सोमवार हैं। और इस दिन प्रसिद्ध श्री पशुपतिनाथ महादेव मंदिर सहित सभी शिवालयों में हजारों भक्त पहुंचेंगे। इस बार सावन में 8 सोमवार हैं। इनमें से दो बीत चुके हैं और 6 अभी बाकी हैं। 24 जुलाई को सावन का तीसरा सोमवार है. इस दौरान कुछ अद्भुत योग भी बन रहे हैं।

सावन के तीसरे सोमवार पर खास संयोग बन रहा है। रवि और शिव योग भक्तों के लिए अमृत काल के समान है। शिव योग में पूजा से हर काम में सफलता मिलती है। वही रवि योग में अमंगल की स्थिति भी मंगल में बदल जाती है। इसके चलते श्रद्धालुओं को इस योग में पूजा करना चाहिये। शिव योग 23 जुलाई को दोप. में 2:17 बजे से 24 जुलाई को दोप. 2:52 बजे तक रहेगा। वहीं रवि योग 24 जुलाई को सुबह 5:38 बजे से रात 10:12 बजे तक रहेगा।

सावन के तीसरे सोमवार के व्रत में रखे यह नियम

पं. जगदीश लाड़ आचार्य के अनुसार सोमवार को सूर्योदय से पहले उठ जाएं, नहाकर साफ कपड़े पहनें। सूर्योदय से पहले की गई शिवजी की पूजा बहुत ही फलदायी होती है। शिव मंदिर में जाकर दर्शन और पूजा करें। बेल पत्र, धतूरा और दूध शिवलिंग पर चढ़ाएं। भगवान शिव और माता गौरी की एक साथ पूजा करें। इंद्रियों पर काबू रखे और किसी का बुरा नहीं सोचे। संयम से रहें, सादा फलाहार करें। साथ ही यह सावधानियां रखे कि मांस, मदिरा और तामसिक भोजन से दूर रहें। न देर तक सोएं, ना ही देर से पूजा करें। शिवलिंग पर हल्दी या सिंदूर नहीं लगाना चाहिये।

31 ढोल से होगी भगवान पशुपतिनाथ की महाआरती

शिव ॐ ग्रुप द्वारा सावन के तीसरे सोमवार 24 जुलाई को रात 9:30 बजे भूतभावन भगवान पशुपतिनाथ की महाआरती की जाएगी। आरती से पहले भगवान का भव्य श्रृंगार भी किया जाएगा। भगवान की आरती 31 ढोल, ताशे, खंजरिया, डमरू से की जाएगी। सवा क्विंटल प्रसादी, 251 पान, 21 श्रीफल का भोग भी लगाया जाएगा। महाआरती में हर वर्ष सैकड़ों भक्त शामिल होते हैं। शिव ॐ ग्रुप 5 वर्षों से भगवान पशुपतिनाथ की महाआरती का आयोजन करते आ रहा है।

20वें दिन 200 से अधिक श्रद्धालुओं ने किया मनोकामना अभिषेक

भगवान पशुपतिनाथ महादेव मंदिर परिसर में चल रहे मनोकामना अभिषेक के 20वे दिवस मनोकामना अभिषेक में रेवास देवड़ा स्थित नर्सिंग कालेज की छात्राओं सहित 200 से अधिक श्रद्धालुजनों ने उपस्थित होकर शिव आराधना की। प्रारंभ में रजत प्रतिमा पूजन व दीप प्रज्वलन किशोर जामलानी अजमेर, संजय जैन, विमला जैन दिल्ली, वर्षा मराठा निम्बांहेड़ा, पवन रत्नावत, मनोज नामदेव आदि ने किया। पशुपतिनाथ संस्कृत पाठशाला के आचार्य व बटुको द्वारा अभिषेक कराया गया। मीडिया प्रभारी बंशीलाल टांक ने बताया कि आचार्य पं. विष्णुप्रसाद ज्ञानी ने अभिषेकार्थियों को पूजन विधि की क्रिया मंत्रों के महत्व और भावों को समझाया। अभिषेकार्थियों ने कहा कि मनोकामना अभिषेक में बैठने से मन की शांति और आंतरिक सुख का उन्हें सुखद अनुभव हुआ है जो अभी तक अभिषेक में नहीं बैठे हैं उनको एक बार अवश्य इसमें बैठना चाहिए उन्हें स्वयं अनुभव हो जाएगा कि वास्तव में अभिषेक में बैठना उनके लिए कितना सुकून भरा रहा।

टीलाखेड़ा बालाजी से पैदल यात्रा निकली

पिपलियामंडी। रविवार को सुबह पिपलियामंडी टीलाखेड़ा बालाजी से हरकियाखाल बालाजी तक के लिए पैदल यात्रा रवाना हुई। पैदल यात्रा में सैकड़ों पदयात्री शामिल हुए। सभी श्रद्धालु हाथ में ध्वजा लिए चल रहे थे। जगह-जगह नागरिकों द्वारा तोरण द्वार सजाए गए थे। नगर के टीलाखेड़ा बालाजी से हरकियाखाल तक कई सामाजिक व समाजसेवी संस्थाओं द्वारा पुष्प वर्षा कर स्वागत किया गया। श्रद्धालुओं द्वारा रास्ते भर स्वल्पाहार की व्यवस्था भी रखी गई। यात्रा के सूत्रधार पं. लक्ष्मीनारायण शर्मा, पं. दशरथ शर्मा का साफा बांधकर अभिनंदन किया गया। दोप. करीब तीन बजे पैदल यात्रा मंदिर धाम पहुची। जहां महाआरती के बाद श्रद्धालुओं ने महाप्रसादी ग्रहण की। समाजसेवी रुपचंद होतवानी, शंकरलाल हरजानी, मनोहर मनवानी, पंकज पितलिया, चौथमल गुप्ता, अनिल उस्ताद, अनिल शर्मा, अनिल बोराना, विनय पितलिया, मनीष जैन, मुकेश निडर, राजेंद्र हरजानी, श्याम पोरवाल आदि उपस्थित थे। डीजे, ढोल व बेंड की धुन पर श्रद्धालुओं ने 27 किमी तक की पैदल यात्रा की।

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.