चट्टानों के बीच फंसी रही ‘नन्ही जान’! रायगढ़ में हाथी के बच्चे की तड़प-तड़प कर मौत, जंगल में मचा हड़कंप
रायगढ़: घरघोड़ा विकासखंड अंतर्गत ग्राम कया के जंगल क्षेत्र में एक हाथी के बच्चे की मौत का मामला सामने आया है. 27 जनवरी की शाम को स्थानीय ग्रामीणों ने वन अमले को सूचना दी कि वन क्षेत्र में एक हाथी का बच्चा मृत अवस्था में पड़ा हुआ है. सूचना मिलते ही वन अमला तत्काल मौके के लिए रवाना हुआ, लेकिन रात होने और दुर्गम स्थल और मृत हाथी के दल के अन्य हाथियों की आसपास मौजूदगी के कारण घटना स्थल तक पहुंचना संभव नहीं हो सका.
नर हाथी शावक की मौत, लगभग 1 साल उम्र
डीएफओ रायगढ़ ने जानकारी देेते हुए बताया 28 जनवरी को सुबह वन अमला आरक्षित वन कक्ष क्रमांक 1310 स्थित घटना स्थल पर पहुंचा और मौके का निरीक्षण किया गया. निरीक्षण के दौरान पता चला कि मृत हाथी शावक नर है, जिसकी आयु एक वर्ष से कम हो सकती है.
दो बड़ी चट्टानों के बीच फंसा मिला शव
डीएफओ ने कहा कि प्रारंभिक जांच में यह सामने आया कि अत्यधिक ढलान वाले क्षेत्र में गिरने के दौरान वह दो बड़ी चट्टानों के बीच की दरार में फंस गया, जिससे उसे गंभीर आंतरिक चोट लगी और ज्यादा खून बहने से मौत हुई.
शावक की मौत से हाथी आक्रमक
डीएफओ ने जानकारी दी कि वर्तमान में घटना स्थल के आसपास हाथियों का दल घूम रहा है, जिस कारण क्षेत्र में विशेष सतर्कता बरती जा रही है और लगातार निगरानी रखी जा रही है, ताकि किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना से बचा जा सके.
शावक का कराया जा रहा पोस्टमॉर्टम
मृत हाथी शावक का विधिवत पोस्टमॉर्टम कराया जा रहा है. पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर मौत के वास्तविक कारणों की विस्तृत जांच की जाएगी.
वन विभाग ने ग्रामीणों को किया अलर्ट
शावक की मौत के बाद हाथी दल आक्रमक है इसलिए वन विभाग ने ग्रामीणों से हाथियों की आवाजाही वाले क्षेत्रों में सतर्क रहने और जंगल में नहीं जाने की अपील की है. हाथियों के विचरण की जानकारी तुरंत वन विभाग को देने के लिए कहा गया है.
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