Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
Chhattisgarh Road Accident Update: भीषण सड़क हादसे के बाद एनएच पर लगे जाम के हालात, मृतकों की शिनाख्... Ramanujganj Idol Makers News: पुश्तैनी कारोबार से जुड़े मूर्तिकार रंजीत और दीपांकर बोले- लागत निकलना... Bhilai Steel Plant Iron Theft Case: बीएसपी लोहा चोरी मामले में सीबीआई की आधिकारिक एंट्री, दुर्ग-भिला... Korba Murder News: जमीन के बंटवारे के विवाद में भतीजे ने की 85 साल के चाचा की हत्या, मध्य प्रदेश के ... Solid Waste Rules Raipur News: अब चार श्रेणियों में अलग करना होगा कचरा, नियम तोड़ने पर लगेगा पर्यावर... CRPF 205 Cobra Battalion Jawan: बस्तर में नक्सल ऑपरेशन में दे चुके थे सेवाएं, इलाज के दौरान हुआ निधन... Pundag OP Incharge Bravery: पुंदाग थाना प्रभारी संजीव की सूझबूझ से बची युवक की जान, टावर पर चढ़ने से... Jharkhand Road Accident News: एफसीआई गोदाम के पास भारी वाहनों के आवागमन पर रोक की मांग, रातभर मचा रह... Jharkhand Education News: हिंदी साहित्य सम्मेलन मध्यमा प्रमाणपत्र विवाद पर हाईकोर्ट का निर्णय, 8 हफ्... Palamu Road Jam News: झारखंड आंदोलनकारियों ने सड़क पर लेटकर किया प्रदर्शन, पुलिस बल मौके पर मौजूद, ज...

चुनावी आहट और ED की दस्तक: बंगाल में छापेमारी ने बढ़ाया सियासी पारा, आमने-सामने आए ममता और मोदी के सिपाही

26

पश्चिम बंगाल में कथित कोयला तस्करी मामले में I-PAC के ऑफिस पर प्रवर्तन निदेशालय (ED) की छापेमारी से वहां की राजनीति में उबाल आ गया है. मुख्यमंत्री ममता बनर्जी और उनकी पार्टी इस छापेमारी को लेकर लगातार केंद्र पर हमला कर रही है. वहीं विपक्ष भी सत्तारुढ़ पार्टी पर हमलावर है. इस बीच छापे के एक दिन बाद, इंडियन पॉलिटिकल एक्शन कमेटी (I-PAC) ने बयान जारी कर इसे ‘दुर्भाग्यपूर्ण’ और ‘चिंताजनक मिसाल’ करार दिया.

अपने ऑफिस पर ED की छापेमारी को लेकर ‘गंभीर चिंता’ जताते हुए, I-PAC ने यह साफ किया कि उसने इस दौरान जांच अधिकारियों को पूरा सहयोग दिया और ‘पेशेवर ईमानदारी के उच्चतम मानकों’ के सिद्धांतों का पालन करते हुए अपना काम जारी रखेगा.

I-PAC बोली- हम बेखौफ काम करते रहेंगे

बयान में यह कहा गया, “I-PAC जैसे प्रोफेशनल संगठन के लिए यह बेहद मुश्किल और दुर्भाग्यपूर्ण दिन था. हमारा मानना ​​है कि इससे गंभीर चिंताएं पैदा होती हैं और परेशान करने वाली परंपरा भी कायम होती है. बावजूद इसके, हमने पूरा सहयोग दिया और जरूरत पड़ने पर आगे भी ऐसा करना जारी रखेंगे, हम कानून के पालन और सम्मान के साथ इस प्रक्रिया में शामिल रहेंगे.”

बयान में आगे कहा गया, “हमने अपने सभी कामों में हमेशा पेशेवर ईमानदारी के उच्चस्तरीय मानकों को बनाए रखा है. कल जो कुछ भी हुआ, उसके बावजूद, हम बेखौफ और बिना किसी परेशानी के, उसी उद्देश्य के साथ जिसने हमें शुरू से आकार दिया, पूरी निरंतरता और जवाबदेही के साथ अपना काम जारी रखने के लिए पूरी तरह से प्रतिबद्ध हैं.”

ED की छापैमारी और ममता की बौखलाहट

कंपनी ने यह भी कहा कि उसने भारतीय जनता पार्टी (BJP), कांग्रेस, आम आदमी पार्टी (AAP) और शिवसेना समेत अलग-अलग विचारधारा वाले दलों के साथ पेशेवर सलाहकार के रूप में काम किया है. बयान में यह भी कहा गया, “हम चुनाव नहीं लड़ते और न ही कोई राजनीतिक पद धारण करते हैं. हमारी भूमिका पारदर्शी और पेशेवर राजनीतिक सलाह तक ही सीमित है.”

प्रवर्तन निदेशालय ने 2 दिन पहले गुरुवार को कोलकाता में I-PAC के ऑफिस और इसके डायरेक्टर प्रतीक जैन के घर पर तलाशी ली थी. हालांकि, जब ED छापेमारी कर रही थी, तभी पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी भी प्रतीक जैन के घर पहुंच गईं.

जांच एजेंसी का आरोप है कि जब जैन के घर तलाशी अभियान चलाया जा रहा था, तब सीएम ममता जैन के घर में घुस गईं. उसने मुख्यमंत्री पर मौके से फिजिकल डॉक्यूमेंट्स और इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस सहित “अहम सबूत” ले जाने का भी आरोप लगाया.

ED के छापे से हाई पॉलिटिकल ड्रामा

ममता के करीबी माने जाने वाले I-PAC ऑफिस पर ED के छापों ने पश्चिम बंगाल में बड़ा राजनीतिक विवाद पैदा कर दिया है. ममता कल शुक्रवार को कोलकाता की सड़कों पर उतरीं और केंद्रीय एजेंसी के खिलाफ विरोध रैली का नेतृत्व किया. 8B बस स्टैंड इलाके से शुरू हुई इस प्रदर्शन में पार्टी के कई वरिष्ठ पार्टी नेताओं के अलावा मंत्रियों, सांसदों, विधायकों और समर्थकों ने हिस्सा लिया. सांसदों ने इसे राजनीतिक रूप से प्रेरित बताया. यहीं नहीं दिल्ली में भी कल टीएमसी सांसदों ने गृह मंत्री अमित शाह के ऑफिस के बाहर प्रदर्शन किया. विरोध प्रदर्शन तेज होने पर दिल्ली पुलिस ने 8 सांसदों को हिरासत में ले लिया.

केंद्र में सत्तारुढ़ भारतीय जनता पार्टी (BJP) को निशाना बनाते हुए सीएम ममता ने कहा, “मैं कभी रिएक्ट नहीं देती, लेकिन अगर कोई मुझे चोट पहुंचाता है, तो मैं उसे नहीं छोड़ती.” उन्होंने बीजेपी पर हमला करते हुए कहा कि इससे पहले उन्होंने कभी भी BJP जैसी कोई पार्टी नहीं देखी.

टीएमसी ने हाई कोर्ट में याचिका दायर कर जांच एजेंसी की ओर से जब्त दस्तावेजों के ‘दुरुपयोग और प्रसार’ पर रोक लगाने की मांग की गई है तो बीजेपी ने मुख्यमंत्री ममता की, एक प्राइवेट कंपनी के ऑफिस पर ईडी की रेड के दौरान उनके आचरण को लेकर कड़ी निंदा की. बीजेपी ने आरोप लगाया कि सीएम ममता के कृत्यों से संकेत मिलता है कि उन्होंने कुछ संवेदनशील चीज को बचाने की कोशिश की, जिससे वह और उनकी पार्टी कथित कोयला तस्करी से जुड़े मामले में फंस सकती हैं.

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.