Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
Punjab High Court Notice to Govt: डीए/डीआर भुगतान में विफलता पर मुख्य सचिव तलब; तरुण चुग का मान सरका... Jalandhar BJP News: जालंधर में भाजपा बस्ती बावा खेल मंडल की नई टीम घोषित; मिशन 2027 को लेकर कार्यकर्... Punjab UDISE Survey 2026-27: यूडाइस सर्वे के काम में देरी पर शिक्षा विभाग सख्त; 30 सितंबर तक अल्टीमे... Punjab Crime News: गुरदासपुर केंद्रीय जेल में कैदियों में भिड़ंत; सायरन बजते ही इलाके में हड़कंप, 2 ... Jashpur Wildlife News: जशपुर में खेत के पास मिला नर दंतैल हाथी का शव; दुलदुला वन परिक्षेत्र में मची ... Jashpur Crime Action: जशपुर में गुंडागर्दी पर बड़ा एक्शन! हवाई फायर कर मोबाइल लूटने वाले BRCC की सेव... Baloda Bazar Ganesh Visarjan: बलौदा बाजार में गणेश विसर्जन से पहले पुलिस का फ्लैग मार्च; उपद्रवियों ... Chhattisgarh Infrastructure News: कवर्धा शहर को जाम से मिलेगी मुक्ति; ₹54 करोड़ की 4-लेन फोरलेन परिय... EC Voter List SIR Row: दो चुनाव आयुक्तों की आपत्ति पर छत्तीसगढ़ में सियासी घमासान; कांग्रेस बोली- 'ज... FJCCI Demand Ranchi: उद्घाटन के 3 साल बाद भी बंद पड़ा रांची ट्रांसपोर्ट नगर! FJCCI ने परिवहन सचिव रा...

बलिया में क्रूड ऑयल का विशाल भंडार, ONGC ने शुरू की खुदाई; UP के गंगा बेसिन से देश में शुरू होगी ऊर्जा क्रांति

39

उत्तर प्रदेश के बलिया स्थित गंगा बेसिन में कच्चे तेल और प्राकृतिक गैस का बड़ा भंडार मिला है. यह तेल और गैस का भंडार बलिया के सागर पाली से लेकर प्रयागराज के फाफामऊ तक करीब 300 किमी से भी अधिक क्षेत्र में है. माना जा रहा है कि इस भंडार की बदौलत देश दशकों तक इंधन के मामले में आत्मनिर्भर हो जाएगा. इस भंडार की खोज ऑयल एंड नेचुरल गैस कॉरपोरेशन लिमिटेड (ONGC) ने की है और संबंधित विभागों से एनओसी हासिल कर ओएनजीसी ने बलिया के सागरपाली में खुदाई भी शुरू कर दी है.

फिलहाल यह खुदाई करीब 3 वर्ग कमी एरिया में हो रही है. इसके लिए इस एरिया को बाड़ लगाकर आम आदमी के लिए प्रतिबंधित कर दिया गया है. ओएनजीसी के अधिकारियों के मुताबिक उत्तर प्रदेश के लिए यह तेल और गैस का भंडार किसी तोहफे से कम नहीं है. बल्कि इस परियोजना के दम पर देश में चल रही विकास की दौड़ में उत्तर प्रदेश चौकड़ी भरने की तैयारी कर ली है. बता दें कि तीन साल पहले इस एरिया में तेल और गैस का भंडार मिलने की सूचना मिली थी.

तीन साल पहले मिले थे सबूत

इस सूचना के बाद ओएनजीसी ने तीन साल तक लगातार सेटेलाइट, भू-रासायनिक, गुरुत्वाकर्षण-चुंबकीय और मैग्नेटो-टेल्यूरिक (MT) सर्वेक्षण किए और इस सर्वे की रिपोर्ट के बाद केंद्र और राज्य सरकार के विभिन्न विभागों से खुदाई के लिए अनुमति हासिल की है. रिपोर्ट के मुताबिक ओएनजीसी ने केंद्र और राज्य सरकार से एनओसी हासिल करते ही बलिया के सागर पाली में 8 एकड़ भूखंड को पट्टे पर लेकर खुदाई शुरू कर दी है. इसके लिए असम से क्रेन एवं अन्य अत्याधुनिक उपकरण व मशीनें मंगाई गई हैं.

8 एकड़ जमीन पर लगाई बाड़

खुदाई में किसी तरह की बाधा को रोकने के लिए ओएनजीसी ने पूरे एरिया को बाड़ लगाकर घेर दिया है. ओएनजीसी के अधिकारियों के मुताबिक यह खुदाई के बलिया के सागर पाली के पास वैना रत्तू चक में हो रही है. यह स्थान नेशनल हाईवे और सागरपाली गांव के बीच है. अधिकारियों के मुताबिक अभी केवल एक कुएं की खुदाई हो रही है. यह खुदाई करीब 3,001 मीटर की गहराई तक होगी. यहां से पॉजिटिव रिपोर्ट आने के बाद गंगा बेसिन में चिन्हित अन्य स्थानों पर कुएं खोदे जाएंगे.

ये होगा फायदा

आजादी की लड़ाई में बलिया ने बढ़चढ़ कर हिस्सा लिया था. सागर पाली के ही रहने वाले स्वतंत्रता सेनानी चित्तू पांडेय के नेतृत्व में बलिया ने देश में सबसे पहले आजादी का स्वाद भी चखा. अब चूंकि दुनिया ऊर्जा क्रांति की ओर बढ़ रही है, ऐसे में माना जा रहा है कि एक बार फिर बलिया इस क्रांति में शामिल होकर देश का नेतृत्व करने वाला है. ओएनजीसी के अधिकारियों का भी दावा है कि बलिया की मिट्टी में इतना तेल और गैस है, जिससे दशकों तक भारत ऊर्जा के क्षेत्र में आत्मनिर्भर हो सकता है. बस दिक्कत इतनी भर है कि यहां पर तेल और गैस काफी गहराई में है और वहां तक पहुंचने में अभी एक से डेढ़ महीने का वक्त लग सकता है.

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.