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Ladakh Pashmina at Fashion Week: चांगथांग समुदाय की मेहनत और पश्मीना की अनूठी कला, दिल्ली के ‘द ताज’ होटल में सजा विशेष स्टॉल

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नई दिल्ली के ऐतिहासिक ‘द ताज’ होटल में इन दिनों ‘लैक्मे फैशन वीक’ का आयोजन चल रहा है, और इस प्रतिष्ठित मंच पर लद्दाख की विश्व प्रसिद्ध पश्मीना, पारंपरिक शॉल, हाथ से बुने हुए कपड़े, खूबसूरत कढ़ाई और स्वदेशी हस्तशिल्प का शानदार प्रदर्शन किया जा रहा है। यह फैशन वीक 13 से 18 अक्टूबर तक आयोजित हो रहा है, और इसके अंतिम दिन रैंप पर लद्दाखी हुनर का अनूठा जलवा देखने को मिलेगा।

पश्मीना से जुड़े पारंपरिक परिधानों के लिए इस फैशन वीक में एक विशेष स्टॉल लगाया गया है, जो राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय मंच पर लद्दाख की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत और वहाँ के कारीगरों की उत्कृष्ट कारीगरी को बखूबी प्रदर्शित कर रहा है। इस विश्व प्रसिद्ध पश्मीना के पीछे चांगथांग समुदाय का कड़ा समर्पण, अथक मेहनत और पीढ़ियों से चला आ रहा पारंपरिक ज्ञान छिपा हुआ है।

🐐 चांगथांग समुदाय और चांगरा बकरी के बीच का गहरा नाता

चांगथांग समुदाय का जीवन अत्यधिक ऊंचाई वाले और दुर्गम क्षेत्रों में पाई जाने वाली विशेष ‘चांगरा’ बकरियों से गहराई से जुड़ा हुआ है, जिनसे दुनिया भर में मशहूर बेहद बारीक और कीमती पश्मीना ऊन प्राप्त होती है। चांगथांग पठार की भीषण ठंड और बेहद कठोर मौसम की परिस्थितियों को सहते हुए, इन पारंपरिक पशुपालकों ने सदियों पुरानी इस अनूठी कला और परंपरा को आज भी पूरी शिद्दत के साथ जीवित रखा है।

इस विशेष स्टॉल पर लद्दाख के कुशल कारीगरों, बुनकरों और स्थानीय महिला उद्यमियों द्वारा तैयार की गई बेहतरीन पश्मीना शॉलें, पारंपरिक वस्त्र और बारीक कढ़ाई वाले उत्पाद प्रदर्शित किए गए हैं। यह पहल यह दर्शाती है कि कैसे चांगथांग के ऊंचे चरागाहों से आने वाली पश्मीना सदियों पुरानी परंपराओं और आधुनिक फैशन डिजाइन का एक बेहद खूबसूरत संगम तैयार करती है।

💃 18 अक्टूबर को रैंप पर दिखेगा लद्दाख के डिजाइनरों का खास कलेक्शन

इस भव्य आयोजन का एक सबसे बड़ा और मुख्य आकर्षण आगामी रविवार यानी 18 अक्टूबर को देखने को मिलेगा, जब लद्दाख के प्रतिभाशाली फैशन डिजाइनर रैंप पर अपना विशेष कलेक्शन पेश करेंगे। इस शो-केस के दौरान पश्मीना के आधुनिक परिधानों के अलावा पारंपरिक कढ़ाई और लद्दाख के स्थानीय कपड़ों के नए और आधुनिक डिजाइनों का प्रदर्शन किया जाएगा, जो देश के मुख्यधारा के फैशन उद्योग में लद्दाख को एक नई और अलग पहचान दिलाएगा।

🤝 RAMP योजना के तहत स्थानीय कारीगरों और महिला समूहों को बढ़ावा

लद्दाख की यह भागीदारी न केवल यहाँ के बेहतरीन और स्वदेशी उत्पादों का उत्सव मनाती है, बल्कि उन तमाम मेहनतकश लोगों का भी गहरा सम्मान करती है जो इस कला को अपनी मेहनत से जीवित रखे हुए हैं, जैसे चांगथांग के चरवाहे, स्थानीय हस्तशिल्प कारीगर और महिलाओं द्वारा संचालित स्वयं सहायता समूह (SHGs)। इस पूरी पहल का मुख्य उद्देश्य लद्दाख के स्थानीय कारीगरों को देश के बड़े फैशन उद्योग और बाजार से जोड़कर उनके लिए रोजगार तथा व्यापार के नए अवसर पैदा करना है।

यह सारा प्रयास केंद्र शासित प्रदेश लद्दाख प्रशासन, उद्योग एवं वाणिज्य विभाग और केंद्र सरकार की ‘रैम्प’ (RAMP) योजना के तहत संयुक्त रूप से किया जा रहा है, ताकि लद्दाख के पारंपरिक हस्तशिल्प और हथकरघा क्षेत्र को और अधिक मजबूती मिल सके तथा स्थानीय उत्पादों को एक बड़ा और राष्ट्रीय बाजार मिल सके।

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