Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
INDIA Alliance News: विपक्ष के आंदोलन में आपसी मतभेद आए सामने, राष्ट्रपति से मिलने वाले प्रतिनिधिमंड... Delhi Metro Service Update: CJP के विरोध प्रदर्शन के मद्देनजर दिल्ली में 57 मेट्रो स्टेशन बंद, जानें... JNU Professor Dismissed: जेएनयू में यौन उत्पीड़न के आरोपी प्रोफेसर अंगोमचा बिमोल अकॉइजम को नौकरी से ... UP Rajya Sabha Election: उत्तर प्रदेश में राज्यसभा की 10 सीटों पर सभी उम्मीदवार निर्विरोध निर्वाचित,... Bathinda District News: बठिंडा में रात के वक्त कंबाइनों से धान की कटाई पर रोक, पराली जलाने पर भी सख्... Jalandhar News: जालंधर में रेडक्रॉस भवन की दीवार पर खालिस्तान समर्थक नारे लिखने वाले SFJ के दो ऑपरेट... Punjab DGP Appointment: पंजाब सरकार ने गौरव यादव को बनाया राज्य का नियमित डीजीपी, जारी हुआ आधिकारिक ... LPU Violence Case Update: लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी हिंसा मामले में बड़ा खुलासा, रेडिट पर पोस्ट करन... Ludhiana News: चीन से सस्ते आईफोन मंगाने के नाम पर 22.20 लाख की ठगी, आरोपी के खिलाफ आपराधिक मामला दर... Mid-Day Meal Update: स्कूलों में दोपहर के भोजन के लिए नया वीकली मेनू जारी, 31 अक्टूबर तक रहेगा लागू

Palamu News Today: PTR के गारू क्षेत्र में ग्रामीणों ने छोड़ी हिंसा और शिकार की राह, वन देवी को साक्षी मानकर जमा कीं बंदूकें

1

पलामू टाइगर रिजर्व (PTR) के अंतर्गत गारू इलाके में पर्यावरण और वन्यजीव संरक्षण की दिशा में एक ऐतिहासिक और प्रेरणादायक कदम सामने आया है। यहाँ के 25 गांवों के ग्रामीणों ने एकजुट होकर स्वेच्छा से अपने 31 देसी हथियार सरेंडर कर दिए हैं। यह अनोखा समर्पण कार्यक्रम गारू इलाके में वन देवी के समक्ष संपन्न हुआ। विदित हो कि प्रतिवर्ष 2 से 8 अक्टूबर तक वन्य जीव सप्ताह मनाया जाता है, जिसके तहत वन विभाग और पलामू टाइगर रिजर्व प्रबंधन द्वारा विभिन्न जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं। इसी कड़ी में ग्रामीणों ने आगे आकर यह बड़ा कदम उठाया है।

🌳 नक्सल प्रभावित इलाके में बदलाव की बयार, प्रकृति प्रेम के लिए छोड़े हथियार

कभी अति नक्सल प्रभावित रहे पलामू टाइगर रिजर्व के इन इलाकों में वन्यजीवों के शिकार और सुरक्षा के लिए पारंपरिक व देसी हथियारों का इस्तेमाल किया जाता था। नक्सलकाल के दौरान ग्रामीणों तक ये हथियार पहुँचे थे। हालांकि, पलामू टाइगर रिजर्व प्रशासन लगातार ग्रामीणों से हथियार सरेंडर करने की अपील कर रहा था। इसके सकारात्मक परिणाम भी सामने आए हैं, जहाँ साल 2025 में 23 हथियार सरेंडर किए गए थे, वहीं 2026 में यह आंकड़ा बढ़कर 31 तक पहुँच गया है, जो PTR के इतिहास में एक नया रिकॉर्ड है।

🤝 ‘हम प्रकृति के संरक्षक हैं’ – उपनिदेशक कुमार आशीष

पलामू टाइगर रिजर्व के उपनिदेशक कुमार आशीष ने बताया कि ग्रामीण खुद से वन्यजीवों और प्रकृति को बचाने के लिए आगे आए हैं। ग्रामीणों का कहना है कि वे प्रकृति के सच्चे आराधक हैं और जंगलों व वन्यजीवों की रक्षा के लिए वे अपने हथियारों का त्याग कर रहे हैं। वन देवी को साक्षी मानकर 25 गांवों के ग्रामीणों द्वारा उठाया गया यह कदम पूरे राज्य में चर्चा का विषय बना हुआ है और इससे वन्यजीव संरक्षण के अभियानों को नया बल मिलेगा।

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.