Bairgania Police Action: तकिया टोला में मची चीख-पुकार, एक ग्रामीण गंभीर रूप से झुलसा; पुलिस जांच में जुटी
बिहार के सीतामढ़ी जिले के बैरगनिया प्रखंड से एक बेहद वीभत्स और झकझोर देने वाली घटना सामने आई है। शनिवार तड़के खेत में जंगली सूअरों से धान की फसल बचाने के लिए बिछाए गए बिजली के नंगे तार की चपेट में आने से पति-पत्नी समेत तीन ग्रामीणों की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई। यह दिल दहला देने वाली घटना बैरगनिया थाना क्षेत्र के अक्ता पश्चिमी चकवा पंचायत के तकिया टोला (वार्ड नंबर-5) की है, जहां इस गैर-कानूनी लापरवाही ने तीन बेकसूरों की जिंदगी छीन ली।
🐃 भैंस तलाशने निकले थे ग्रामीण, एक के बाद एक तीन लोग बने जानलेवा करंट का शिकार
प्राप्त जानकारी के अनुसार, शनिवार भोर के अंधेरे में एक ग्रामीण की भैंस खूंटे से खुलकर भाग गई थी, जिसे तलाशने के लिए ग्रामीण खेतों की ओर निकले थे। सबसे पहले मोहम्मद इस्लाम मंसूरी खेत में बिछे नंगे तार की चपेट में आ गए। काफी देर तक उनके घर न लौटने पर उनकी पत्नी रुबैदा खातून उन्हें ढूंढते हुए खेत पहुंचीं, और पति को जमीन पर पड़े देख जैसे ही पास गईं, वे भी करंट की चपेट में आ गईं। इसके बाद वहां पहुंचे एक अन्य ग्रामीण असमत अली भी इस जानलेवा तार की जद में आ गए और तीनों की घटनास्थल पर ही मौत हो गई। खास बात यह है कि करंट की चपेट में आने से दो जंगली सूअरों की भी मौके पर ही मौत हो गई थी।
🏥 एक ग्रामीण गंभीर रूप से घायल, थानाध्यक्ष अरविंद गिरी बोले—मामले की जांच कर रही है पुलिस
इस भयावह हादसे के दौरान बचाने की कोशिश में एक अन्य ग्रामीण सैफ अली गंभीर रूप से झुलस गए, जिन्हें प्राथमिक उपचार के बाद सीतामढ़ी सदर अस्पताल रेफर किया गया है। घटना की सूचना मिलते ही बैरगनिया थानाध्यक्ष अरविंद गिरी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस ने पुष्टि की है कि फसल सुरक्षा के लिए अवैध रूप से करंट प्रवाहित किया गया था। इस अप्रत्याशित घटना के बाद पूरे गांव में मातम पसरा हुआ है और ग्रामीण आरोपी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।
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