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UP Political News: समाजवादी पार्टी को बड़ा झटका, पूर्व मंत्री रामगोविंद चौधरी के निधन से राजनीतिक गलियारों में शोक

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लखनऊ: समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता और उत्तर प्रदेश विधानसभा के पूर्व नेता प्रतिपक्ष रामगोविंद चौधरी का निधन हो गया है. वह 74 वर्ष के थे. कुछ समय पहले ही समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव उनसे मिलने पीजीआई (PGI) अस्पताल पहुंचे थे, जहां उन्होंने अपनी आखिरी इच्छा व्यक्त करते हुए अपने नेता को मुख्यमंत्री बनाने की बात कही थी. उनके निधन से समाजवादी पार्टी सहित पूरे उत्तर प्रदेश के राजनीतिक गलियारों में शोक की लहर दौड़ गई है. अखिलेश यादव, शिवपाल सिंह यादव और उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य सहित कई दिग्गज नेताओं ने उनके निधन पर गहरा शोक व्यक्त किया है.

🎓 2. छात्र राजनीति से की थी सार्वजनिक जीवन की शुरुआत, जेपी आंदोलन में सक्रिय रहकर आपातकाल के दौरान गए थे जेल

रामगोविंद चौधरी ने अपने लंबे और शानदार सार्वजनिक जीवन की शुरुआत छात्र राजनीति से की थी. इसके बाद उन्होंने कई दशकों तक उत्तर प्रदेश विधानसभा का प्रतिनिधित्व किया. वह अपने राजनीतिक जीवन में एक-दो बार नहीं, बल्कि कुल 8 बार विधायक चुने गए और साल 2017 में यूपी विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष की जिम्मेदारी भी संभाली. विधानसभा के आधिकारिक अभिलेखों में उनके 8 सफल कार्यकालों का पूरा जिक्र दर्ज है. उनका जन्म 7 सितंबर 1953 को बलिया जिले के गोसाईपुर गांव में हुआ था, और उन्होंने ग्रेजुएशन के बाद एलएलबी (LLB) की डिग्री हासिल की थी. राजनीति में आने से पहले वह छात्र राजनीति में अत्यधिक सक्रिय रहे और जयप्रकाश नारायण (जेपी) के ऐतिहासिक आंदोलन में भी बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया था, जिसके चलते आपातकाल के दौरान उन्हें जेल भी जाना पड़ा था.

🗳️ 3. साल 1977 में पहली बार चिलकहर से बने थे विधायक, मुलायम सिंह यादव की सरकार में संभाली थी मंत्री की कमान

राम गोविंद चौधरी ने अपने राजनीतिक सफर की बड़ी शुरुआत करते हुए साल 1977 में पहली बार विधानसभा चुनाव जीता और चिलकहर विधानसभा क्षेत्र से विधायक बने. इसके बाद उन्होंने कभी पीछे मुड़कर नहीं देखा और जनता के बीच अपनी मजबूत पकड़ बनाए रखी. उन्होंने साल 1980, 1985 और 1989 के विधानसभा चुनावों में भी शानदार जीत दर्ज की. इसके अलावा, उन्होंने समाजवादी पार्टी के संरक्षक मुलायम सिंह यादव के मंत्रिमंडल में मंत्री के रूप में भी अपनी सेवाएं दीं और प्रदेश के विकास में अहम योगदान दिया.

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