रांची। बंगाल की खाड़ी में डिप्रेशन के बाद बना मौसम का सिस्टम आज सुबह 5.30 बजे उत्तर-पूर्वी (North-East) मध्य प्रदेश और उससे सटे उत्तरी छत्तीसगढ़ के पास पहुंच गया है। अब यह सिस्टम तेजी से उत्तर की ओर बढ़ रहा है। इसके असर से राजधानी रांची में आज भी तेज हवाओं के साथ मूसलाधार बारिश हो रही है। लगातार हो रही इस झमाझम बारिश का सीधा असर राजधानी के तीन बड़े डैम (कांके, रुक्का-गेतलसूद और हटिया) के जलस्तर पर पड़ा है।
🌊 रुक्का-गेतलसूद और कांके डैम के खुले फाटक: पानी का दबाव कम करने की कवायद
रुक्का-गेतलसूद डैम का जलस्तर बढ़ने के बाद आज सुबह करीब आठ बजे डैम के दो फाटक 4 इंच तक खोल दिए गए, ताकि डैम के तटबंधों पर पानी का अत्यधिक दबाव न पड़े और वह पूरी तरह सुरक्षित रहे। वहीं, कांके डैम का एक फाटक 23 सितंबर से ही 4 इंच तक खुला रखा गया था, जिसे बीच में घटाकर 2 इंच कर दिया गया था। लेकिन कल से हो रही जोरदार बारिश की वजह से जलस्तर बढ़ने पर अब इसे 6 इंच तक खोल दिया गया है। इस मानसूनी सीजन में यह चौथी बार है जब कांके डैम के फाटक को खोलना पड़ा है।
📊 कांके डैम का जलस्तर पहुंचा 28 फीट: लगातार हो रही है पानी की निकासी
कांके डैम के इंचार्ज नागेंद्र कुमार सिंह ने जानकारी देते हुए बताया कि लगातार हो रही बारिश की वजह से डैम का जलस्तर 28 फीट तक पहुंच गया है। इसके चलते फाटक को 2 इंच से बढ़ाकर 6 इंच तक खोलना पड़ा है। उन्होंने बताया कि 28 फीट क्षमता वाले इस डैम में शनिवार सुबह जलस्तर क्षमता के बराबर हो जाने के बाद सुबह सात बजे से अधिक मात्रा में पानी डिस्चार्ज किया जा रहा है।
💧 हटिया डैम भी हुआ लबालब: जलस्तर 36 फीट के पार, स्क्रबर वाल्व खोले गए
दूसरी तरफ, रांची के धुर्वा स्थित 39 फीट क्षमता वाले हटिया डैम का जलस्तर भी 36 फीट के निशान को पार कर गया है। हटिया डैम के जेई (JE) ने बताया कि अभी जलस्तर डैम की उच्च क्षमता के बेहद करीब है। डैम के सुरक्षा मानकों (Safety Point of View) को ध्यान में रखते हुए और कचरा पानी के साथ बाहर निकल जाए, इसके लिए स्क्रबर वाल्व को कल ही खोल दिया गया है। उन्होंने बताया कि हटिया डैम की कुल क्षमता 39 फीट की है, लेकिन गेट की अधिकतम ऊंचाई 38 फीट है। फिलहाल पानी का स्तर गेट से नीचे है और डैम के जलस्तर पर लगातार कड़ी नजर रखी जा रही है।
🗣️ राजधानी की आधी आबादी की बुझती है प्यास: रुक्का डैम का जलस्तर 34.3 फीट पहुंचा
रुक्का-गेतलसूद डैम के सहायक अभियंता जॉन बोदरा ने बताया कि लगातार बारिश की वजह से 36 फीट क्षमता वाले डैम का जलस्तर 34.3 फीट पहुंच चुका है। सुरक्षा को देखते हुए शनिवार को डैम के दो फाटक 4-4 इंच खोल दिए गए हैं। उन्होंने बताया कि इस सीजन में रुक्का-गेतलसूद डैम का फाटक तीसरी बार खोला गया है। बता दें कि राजधानी रांची के सबसे बड़े क्षेत्र में जलापूर्ति करने वाला डैम रुक्का-गेतलसूद ही है, जहां से राजधानी की तकरीबन आधी आबादी के घरों में पेयजल की आपूर्ति की जाती है।
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