Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
कवर्धा में फर्जी डिजिटल पेमेंट का भंडाफोड़: फर्जी रिसीविंग दिखाकर नकद राशि ऐंठने वाले गिरोह पर एक्शन Bhilai News: भिलाई सेक्टर-2 में गटर की सफाई के दौरान मिला नवजात का शव, इलाके में सनसनी; जांच में जुट... Barwani News: बिजासन घाट में शिमला मिर्च से भरे मिनी ट्रक में लगी भीषण आग, कूदकर बची ड्राइवर की जान;... लाठीचार्ज के बाद भड़के डॉक्टर्स, सीनियर रेजिडेंट्स ने किया OPD का बहिष्कार; JDA का समर्थन MP High Court on Dacoity Act: जब प्रदेश में डकैत ही नहीं तो 45 साल पुराना एक्ट क्यों? हाईकोर्ट ने DG... भोपाल में स्टाइपेंड बढ़ाने की मांग पर अड़े इंटर्न डॉक्टर: कमला पार्क में धरना जारी, मिला कांग्रेस का... रतलाम में मॉडिफाइड साइलेंसरों पर गरजा पुलिस का बुलडोजर: 108 साइलेंसर कुचले, ₹1 लाख का जुर्माना वसूला Gwalior Achaleshwar Mandir: अचलेश्वर महादेव मंदिर की दानपेटी से निकली अनोखी चिट्ठियां, भक्त बोला- 'क... Chhindwara Patalkot School: पातालकोट में दावों की खुली पोल, 5 साल से छप्पर वाले कच्चे मकान में पढ़ने... सागर कांड के बाद छतरपुर प्रशासन का बड़ा एक्शन: अवैध शराब कारोबारियों पर संयुक्त प्रहार

सीएम हाउस घेराव पर पुलिस से झड़प, देर रात तक कमला पार्क पर डटे रहे इंटर्न; प्रदेशभर में ओपीडी ठप करने का ऐलान

4

भोपाल (मध्य प्रदेश): राजधानी भोपाल स्थित गांधी मेडिकल कॉलेज (GMC) से संबद्ध हमीदिया अस्पताल के इंटर्न डॉक्टरों ने स्टाइपेंड बढ़ाने की मांग को लेकर मंगलवार को ओपीडी (OPD) सेवाएं पूरी तरह बंद रखने का ऐलान किया है।

आंदोलनकारी इंटर्न डॉक्टरों का कहना है कि यह हड़ताल केवल भोपाल तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि इसका सीधा असर मध्य प्रदेश के अन्य सभी सरकारी मेडिकल कॉलेजों से जुड़े अस्पतालों की स्वास्थ्य सेवाओं पर भी देखने को मिलेगा। अपनी मांगों को लेकर जूनियर डॉक्टरों ने पहले हमीदिया अस्पताल परिसर में जोरदार नारेबाजी और प्रदर्शन किया। इसके बाद वे अपनी मांगों का ज्ञापन सौंपने के लिए मुख्यमंत्री निवास (सीएम हाउस) की ओर बढ़े, जहां हालात नियंत्रित करने के लिए पुलिस को बल प्रयोग करना पड़ा।

🚨 पुलिस पर लाठीचार्ज और मारपीट का आरोप: कमला पार्क पर बैरिकेडिंग कर रोका, सड़क पर दिया धरना

सीएम हाउस घेराव के दौरान पुलिस से झड़प:

  • मारपीट का आरोप: इंटर्न डॉक्टरों ने पुलिस प्रशासन पर लाठीचार्ज और मारपीट करने का गंभीर आरोप लगाया है। छात्रों का कहना है कि इस झड़प में कई इंटर्न डॉक्टरों को गंभीर चोटें आई हैं।

  • सड़क पर बैठे डॉक्टर: पुलिस कार्रवाई के बाद सैकड़ों डॉक्टर हमीदिया परिसर से मार्च निकालते हुए कमला पार्क पहुंचे। पुलिस ने मजबूत बैरिकेडिंग लगाकर उन्हें रोक लिया, जिसके विरोध में डॉक्टर वहीं मुख्य सड़क पर धरने पर बैठ गए।

  • ₹25 हजार स्टाइपेंड की मांग: डॉ. अक्षत सोनी ने बताया कि मध्य प्रदेश में इंटर्न को वर्तमान में मात्र ₹14,337 प्रतिमाह स्टाइपेंड दिया जा रहा है, जिसे बढ़ाकर कम से कम ₹25,000 प्रति माह किया जाना चाहिए। शासन ने पूर्व में इसे बढ़ाने का आश्वासन दिया था, लेकिन अब तक आदेश जारी नहीं किए गए।

📉 ‘एमपी में देश का सबसे कम स्टाइपेंड’: पॉलिटेक्निक चौराहे से हमीदिया रोड पर भीषण जाम

अन्य राज्यों से तुलना और यातायात पर प्रभाव:

  • सबसे कम भत्ते का आरोप: डॉक्टरों का कहना है कि जम्मू-कश्मीर के बाद पूरे देश में मध्य प्रदेश ही ऐसा राज्य है, जहां इंटर्न डॉक्टरों को सबसे कम स्टाइपेंड दिया जाता है। पड़ोसी राज्य उत्तर प्रदेश में भी यह राशि बढ़ाकर ₹25,000 प्रतिमाह की जा चुकी है।

  • यातायात ठप: कमला पार्क पर डॉक्टरों के धरने और चक्काजाम के चलते पॉलिटेक्निक चौराहे से लेकर हमीदिया रोड तक लंबा ट्रैफिक जाम लग गया। व्यस्ततम मार्ग बंद होने के कारण आम राहगीरों और एम्बुलेंस तक को घंटों जाम में जूझना पड़ा।

⏳ एक माह पहले मिला था सिर्फ कोरा आश्वासन: आज से प्रदेशव्यापी असर की चेतावनी

मांगों की पृष्ठभूमि और टीचर्स एसोसिएशन का समर्थन:

  • भूख हड़ताल की दी थी चेतावनी: इंटर्न डॉक्टर संकेश शर्मा ने बताया कि यह मांग नई नहीं है। एक महीने पहले भी भूख हड़ताल का नोटिस दिया गया था, जिस पर प्रशासन ने जल्द फैसला लेने का भरोसा दिया था। सरकार की वादाखिलाफी से आहत होकर ही ओपीडी बंद करने का कड़ा फैसला लिया गया है।

  • टीचर्स एसोसिएशन का खुला समर्थन: मेडिकल टीचर्स एसोसिएशन (MTA) के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. राकेश मालवीय ने आंदोलन का समर्थन करते हुए चेतावनी दी कि यदि युवा डॉक्टरों पर कोई दंडात्मक कार्रवाई या पुलिस ज्यादती की गई, तो प्रदेशभर के सभी सीनियर डॉक्टर एकजुट होकर कार्य बहिष्कार करेंगे।

🌙 देर रात तक सड़क पर डटे रहे आंदोलनकारी: कलेक्टर प्रियंक मिश्रा की समझाइश भी रही बेअसर

प्रशासनिक वार्ता और गतिरोध:

  • कमला पार्क बना धरना स्थल: भोपाल के कमला पार्क क्षेत्र में इंटर्न डॉक्टरों का धरना देर रात तक जारी रहा और पूरा इलाका आंदोलन के केंद्र में तब्दील हो गया।

  • कलेक्टर पहुंचे समझाने: देर रात भोपाल कलेक्टर प्रियंक मिश्रा स्वयं धरना स्थल पर पहुंचे और उन्होंने छात्रों को समझाइश देकर सड़क खाली करने और वार्ता की मेज पर आने का आग्रह किया।

  • मांगों पर अड़े छात्र: डॉक्टरों ने प्रशासनिक आश्वासनों को ठुकराते हुए स्पष्ट कर दिया कि जब तक स्टाइपेंड वृद्धि का लिखित शासकीय आदेश जारी नहीं होता, तब तक उनका आंदोलन और ओपीडी का बहिष्कार जारी रहेगा।

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.