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UPSC Result में ‘हमशक्ल’ नाम का खेल! 301वीं रैंक पर दो आकांक्षा सिंह का दावा, जानें कौन है असली अफसर?

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संघ लोक सेवा आयोग की तरफ से शुक्रवार को सिविल सेवा परीक्षा 2025 के परिणाम को घोषित किया. इस परीक्षा में अंतिम रूप से सफल परीक्षार्थियों के नाम और रैंक घोषित किए गए. सफल परीक्षार्थियों ने अपनी सफलता का जश्न भी मनाया. बिहार से भी कई परीक्षार्थी देश की इस सबसे प्रतिष्ठित परीक्षा में सफल हुए. लेकिन अब इसी UPSC सिविल सेवा परीक्षा के परिणाम घोषित किए जाने के बाद नया विवाद शुरू हो गया है. यह विवाद रणवीर सेना के प्रमुख रहे बरमेश्वर सिंह उर्फ मुखिया के परिवार से है.

दरअसल जब इस परीक्षा के परिणाम जारी हुए तब यह खबर आई कि बरमेश्वर सिंह उर्फ मुखिया जी की पोती आकांक्षा सिंह ने UPSC में 301वीं रैंक हासिल की है. अब इसी कहानी में नया मोड आ गया है. दरअसल 301 रैंक पर एक और आकांक्षा सिंह सामने आ गई हैं जिससे पूरा मामला उलझ गया है. सवाल यही है कि असली आकांक्षा सिंह कौन हैं और 301वीं रैंक आखिर है किसकी है?.

301वीं रैंक पर बरमेश्वर सिंह की पोती

दरअसल शुक्रवार (6 मार्च) को यूनियन पब्लिक सर्विस कमीशन ने सिविल सेवा परीक्षा 2025 के परिणाम को जारी किया. परिणाम में कई टॉपर के नाम शामिल थे. इसी क्रम में यह ख

गाजीपुर की आकांक्षा सिंह का दावा

इस पूरी कहानी में ट्विस्ट तब आया, जब उत्तर प्रदेश के गाजीपुर की रहने वाली आकांक्षा सिंह ने यह दावा किया कि जिस रैंक को हासिल करने का दावा बरमेश्वर सिंह की पोती कर रही हैं, दरअसल वह रैंक उनकी है. अपने आधिकारिक फेसबुक पेज पर आकांक्षा सिंह ने अपने सारे दस्तावेज और एडमिट कार्ड को भी शेयर किया.

दोनों उम्मीदवारों ने अपने एडमिट कार्ड किए शेयर

अभी तक की जानकारी के अनुसार इन दोनों ही उम्मीदवारों ने अपने-अपने एडमिट कार्ड को साझा किया है. हालांकि इनमें फर्क दिख रहा है. गाजीपुर की रहने वाली आकांक्षा सिंह के इंटरव्यू वाले एडमिट कार्ड पर QR कोड है, उसे स्कैन करने पर अलग रोल नंबर और आवेदन संख्या दिखाई दे रहा है, यही रोल नंबर UPSC के परिणाम में भी दिख रहा है जबकि बरमेश्वर सिंह की पोती ने जिस एडमिट कार्ड को साझा किया है, उसके बारे में यह बताया जा रहा है कि वह प्रारंभिक परीक्षा का एडमिट कार्ड है. एडमिट कार्ड पर अंकित QR कोड को स्कैन करने पर रोल नंबर अलग-अलग लिखा हुआ आ रहा है.

बर सामने आई कि 301वीं रैंक पर मुखिया उर्फ बरमेश्वर सिंह की पोती आकांक्षा सिंह हैं. जिसके बाद उनको बधाई देने वालों का तांता लग गया.

UPSC की तरफ से कोई बयान नहीं आया

इस पूरी घटना ने UPSC रिजल्ट की चर्चा को अलग मोड़ दे दिया है. सोशल मीडिया पर तरह-तरह के बयान भी सामने आ रहे हैं. हालांकि बड़ा सवाल यही बना हुआ है कि आखिर 301 रैंक पर है कौन. वहीं इस पूरे मामले पर अभी तक UPSC की तरफ से कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है. लेकिन खबर यह भी सामने आ रही है कि सोमवार को UPSC की तरफ से इस बारे में जानकारी दी जाएगी. इस पूरी घटना को लेकर बरमेश्वर सिंह के परिवार की तरफ से भी अभी तक कोई बयान सामने नहीं आया है.

कुल 958 उम्मीदवारों का चयन

UPSC ने 6 मार्च को सिविल सेवा परीक्षा 2025 के अंतिम परिणाम को घोषित किए थे. परिणामों के अनुसार कुल 958 उम्मीदवारों को अंतिम रूप से चयनित होने का मौका मिला है. इनमें 317 जनरल कैटेगरी के उम्मीदवार हैं. जबकि 104 ईडब्ल्यूएस, 306 ओबीसी, 158 अनुसूचित जाति और 71 अनुसूचित जनजाति वर्ग के उम्मीदवार शामिल हैं.

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