Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
बालाघाट में घर में घुसकर सो रही महिला को उठा ले गया बाघ: कान्हा बफर जोन में दिल नहला देने वाला हादसा... पन्ना में दर्दनाक हादसा: 9 माह की गर्भवती महिला और अजन्मे बच्चे की मौत, एनीमिया बनी वजह; पति पर लापर... इंदौर ने नम आंखों से दी वीर सपूत को अंतिम विदाई, मेजर हमजा आरिफ सैन्य सम्मान के साथ सुपुर्द-ए-खाक ग्वालियर में गुमशुदा तोते 'शकुंतला' के लिए 50 हजार का इनाम: ढोल-लाउडस्पीकर से तलाश में जुटा ओझा परिव... इंदौर में महज 7 दिन में टूटा शादी का बंधन, फैमिली कोर्ट ने तलाक की अर्जी को दी मंजूरी रतलाम में एग्रीमेंट वाली शादी का खौफनाक अंत: 3rd फ्लोर से रस्सी के सहारे भाग रही थी 23 साल की दुल्हन... छतरपुर में हॉस्टल की बड़ी लापरवाही! छत फांदकर एक साथ भागे 3 छात्र; मचा हड़कंप, परिजनों के उड़े होश गोरखपुर में दिल दहला देने वाली घटना, बहन से छेड़छाड़ का विरोध करने पर 9 वर्षीय मासूम की पीट-पीटकर हत... Vपप्पू यादव की प्रेस कॉन्फ्रेंस में हंगामा: चाकू लेकर पहुंचा युवक, समर्थकों ने दबोचा; सांसद बोले— 'म... Solar Eclipse 2027: 75 साल बाद सऊदी अरब में दिखेगा पूर्ण सूर्य ग्रहण, 21वीं सदी की सबसे बड़ी खगोलीय ...

घर खरीदारों से धोखाधड़ी पर ED का बड़ा एक्शन! सोनीपत में 206 करोड़ की संपत्ति कुर्क, हड़कंप

19

सानीपत : घर खरीदारों से कथित धोखाधड़ी और मनी लॉन्ड्रिंग के मामले में प्रवर्तन निदेशालय (ई.डी.) के गुरुग्राम जोनल कार्यालय ने बड़ी कार्रवाई करते हुए सोनीपत के कमासपुर क्षेत्र में स्थित करीब 206.40 करोड़ रुपए मूल्य की सम्पत्तियों को अस्थायी रूप से कुर्क कर लिया है। यह कार्रवाई मनी लॉन्ड्रिंग निवारण अधिनियम (पी.एम.एल.ए.) 2002 तहत की गई।

जांच एजेंसी अनुसार यह मामला टी.डी.आई. इन्फ्रास्ट्रक्चर लिमिटेड (पूर्व में इंटाइम प्रमोटर्स प्राइवेट लिमिटेड) से जुड़ा है। कुर्क सम्पत्तियों में कमासपुर स्थित करीब 8.3 एकड़ जमीन के टुकड़े और कई कमर्शियल यूनिट्स शामिल हैं। ये सम्पत्तियां कम्पनी और उससे जुड़ी सहयोगी कम्पनियों के नाम पर हैं। ई.डी. ने अपनी जांच दिल्ली पुलिस और आर्थिक अपराध शाखा द्वारा दर्ज 26 एफ.आई.आर. और चार्जशीट के आधार पर शुरू की।

आरोप है कि कम्पनी, उसके प्रोमोटर्स और प्रबंधन से जुड़े लोगों ने निर्धारित समय में फ्लैट और प्लॉट न देकर बड़ी संख्या में घर खरीदारों के साथ धोखाधड़ी की। कुछ प्रोजैक्ट्स में तो 16 से 18 साल की देरी तक सामने आई है। जांच में सामने आया कि कम्पनी ने सोनीपत में 23 आवासीय और व्यावसायिक परियोजनाएं शुरू की थीं जिन्हें वर्ष 2005 से 2014 के बीच लॉन्च किया गया। इन प्रोजैक्ट्स के लिए कम्पनी ने 14,105 ग्राहकों से एडवांस बुकिंग के रूप में लगभग 4619.43 करोड़ रुपए एकत्र किए। कंपनी के प्रमोटर्स और प्रबंधन ने होमबायर्स से जुटाई बड़ी रकम को परियोजनाओं को पूरा करने के बजाय सहायक कम्पनियों और जमीन खरीदने वाली इकाइयों में स्थानांतरित कर दिया व इस धन का उपयोग कर्ज चुकाने और अन्य निवेशों में भी किया गया। ई.डी. ने बताया कि इससे पहले भी इस मामले में 45.48 करोड़ रुपए मूल्य की संपत्तियां अटैच की जा चुकी हैं। नई कार्रवाई के बाद इस केस में कुल 251.88 करोड़ रुपए की संपत्ति अटैच हो चुकी है।

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.