मासूमों की सेहत से खिलवाड़! मध्यान्ह भोजन में परोसा जा रहा गुणवत्ताहीन खाना, स्कूल में बच्चों को मिल रही सिर्फ पतली दाल और सूखी रोटी
मनेंद्रगढ़ चिरमिरी भरतपुर: मनेंद्रगढ़ के वार्ड क्रमांक 9 में संचालित शासकीय प्राथमिक स्कूल में बच्चों को दिए जाने वाले मध्यान्ह भोजन में घोर लापरवाही बरतने का मामला सामने आया है. जिसकी शिकायत शिक्षा विभाग के अधिकारियों से भी की गई है.
“मिड डे मील के नाम पर मजाक”
मिड डे मील में लापरवाही को लेकर स्थानीय गिरीश चंदेल ने जिला प्रशासन से लिखित शिकायत की है. गिरीश चंदेल ने शिकायत का कॉपी दिखाते हुए बताया कि प्राथमिक शाला वार्ड क्रमांक 9 में मध्यान्ह भोजन की व्यवस्था ठीक नहीं है. बच्चों को मेनू के अनुसार भोजन नहीं दिया जा रहा. दाल के नाम पर सिर्फ पानी जैसा पतला घोल दिया जाता है. सब्जी में रंग तक नहीं होता. इस संबंध में उन्होंने जिला शिक्षा अधिकारी, बीईओ और कलेक्टर से शिकायत की है.
स्कूल में पढ़ने वाले ज्यादातर बच्चे काफी गरीब तबके से आते हैं. इसलिए उन्हें जैसा खाना दिया जाता है वे खा लेते हैं. लेकिन उन्हें उनका हक मिलना चाहिए-गिरीश चंदेल, शिकायतकर्ता
डीईओ ने जांच का दिया भरोसा
जिला शिक्षा अधिकारी आरपी मीरे ने मिड डे मील में गुणवत्ताहीन भोजन देने के मामले में प्रतिक्रिया दी. उन्होंने कहा कि पोषण योजना प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की महत्वपूर्ण योजनाओं में से एक है. छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय भी मध्यान्ह भोजन को लेकर विशेष ध्यान दे रहे हैं. शासन की योजना में अगर लापरवाही बरती जा रही है तो इस मामले में जांच करवाई जाएगी. जांच में संबंधित बीईओ और वार्ड पार्षद को भी शामिल किया जाएगा और दोषी पाए जाने पर कार्रवाई की जाएगी.
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