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“इतिहास हमें माफ नहीं करेगा”: वेनेजुएला पर अमेरिकी हमले पर मनोज झा का भारत सरकार को कड़ा संदेश

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वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो को अमेरिका द्वारा पकड़े जाने पर आरजेडी नेता मनोज झा ने कहा कि यह खुलेआम हमला है. एक संप्रभु देश पर हमला है. अगर हम यह साफ-साफ नहीं कह सकते, तो हम अपनी विरासत भूल गए हैं. उन्होंने कहा कि इतिहास भी शायद हमें माफ नहीं करेगा, क्योंकि हम अभी भी ‘अगर’ और ‘लेकिन’ का इस्तेमाल कर रहे हैं. ये हमारा भारतवर्ष नहीं है.

भारत हमेशा ऐसा देश रहा है जब 1952-54 में भी ऐसा एग्रेशन होता था तो ये नहीं देखता था कि कौन सा पोल ये कर रहा है. चिंता का सबब ये है कि साल के शुरुआती दिनों में, और बहाना क्या दिया जा रहा कि ड्रग का नेटवर्क है. ये सब के सब एक दिन के स्क्रूटनी में नहीं ठहर पाएंगे. मूलत:उनकी नजर वेनेजुएला के तेल पर है, वहां के संसाधनों पर नजर है.

पूरी दुनिया को इसके बारे में चिंता होनी चाहिए

AIMIM चीफ असदुद्दीन ओवैसी के बयान पर RJD सांसद मनोज झा ने कहा कि यह इस बात का मौका नहीं है. सवाल वेनेजुएला के बारे में है. यह उस तरह की दादागिरी है जो हम सामंती समाजों में देखते थे. उन्होंने कहा कि आपने बिना किसी उकसावे के एक देश पर हमला किया, सच तो यह है कि यह एक संप्रभु देश पर खुला हमला है.

पूरी दुनिया को इस बारे में चिंतित होना चाहिए क्योंकि कोई भी अंतर्राष्ट्रीय कानून इसकी इजाज़त नहीं देता. उन्होंने कहा कि 1952, 1954 और 1957 में जब भी दुनिया में कुछ हुआ, तब हम इतने समृद्ध नहीं थे, लेकिन हमने मजबूती से अपना रुख रखा. चाहे किसी भी सरकार की सत्ता रही हो, हमारी विदेश नीति ने इन मामलों पर कभी भी गोलमोल बात नहीं की.

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