Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
बालाघाट में घर में घुसकर सो रही महिला को उठा ले गया बाघ: कान्हा बफर जोन में दिल नहला देने वाला हादसा... पन्ना में दर्दनाक हादसा: 9 माह की गर्भवती महिला और अजन्मे बच्चे की मौत, एनीमिया बनी वजह; पति पर लापर... इंदौर ने नम आंखों से दी वीर सपूत को अंतिम विदाई, मेजर हमजा आरिफ सैन्य सम्मान के साथ सुपुर्द-ए-खाक ग्वालियर में गुमशुदा तोते 'शकुंतला' के लिए 50 हजार का इनाम: ढोल-लाउडस्पीकर से तलाश में जुटा ओझा परिव... इंदौर में महज 7 दिन में टूटा शादी का बंधन, फैमिली कोर्ट ने तलाक की अर्जी को दी मंजूरी रतलाम में एग्रीमेंट वाली शादी का खौफनाक अंत: 3rd फ्लोर से रस्सी के सहारे भाग रही थी 23 साल की दुल्हन... छतरपुर में हॉस्टल की बड़ी लापरवाही! छत फांदकर एक साथ भागे 3 छात्र; मचा हड़कंप, परिजनों के उड़े होश गोरखपुर में दिल दहला देने वाली घटना, बहन से छेड़छाड़ का विरोध करने पर 9 वर्षीय मासूम की पीट-पीटकर हत... Vपप्पू यादव की प्रेस कॉन्फ्रेंस में हंगामा: चाकू लेकर पहुंचा युवक, समर्थकों ने दबोचा; सांसद बोले— 'म... Solar Eclipse 2027: 75 साल बाद सऊदी अरब में दिखेगा पूर्ण सूर्य ग्रहण, 21वीं सदी की सबसे बड़ी खगोलीय ...

7 महीने पहले पति की मौत, इंदौर में IVF तकनीक से शबनम ने दिया 4 बच्चों को जन्म

30

इंदौर: धार रोड स्थित एक निजी अस्पताल में एक महिला ने एक साथ चार बच्चों को जन्म दिया है. फिलहाल सभी बच्चे स्वस्थ हैं जिन्हें इंटेंसिव केयर यूनिट में रखा गया है. राज मोहल्ला स्थित श्री क्लॉथ मार्केट अस्पताल में रविवार शाम शबनम मंसूरी पति शाहिद को गर्भावस्था के दौरान डिलीवरी के लिए अस्पताल में भर्ती किया गया था. जिनका इलाज अस्पताल की डॉक्टर फरहत पठान द्वारा किया जा रहा था. बुधवार सुबह लेबर पेन हुआ तो महिला की डिलीवरी कराई गई. इस दौरान शबनम ने एक के बाद एक करके बारी-बारी से चार बच्चों को जन्म दिया.

3 बेटियां और 1 बेटे को दिया जन्म
अस्पताल के डॉक्टर रितेश पलिया के मुताबिक, चारों बच्चे स्वस्थ हैं, जिनमें तीन बेटियां और एक बेटा है. इनमें क्रमशः सभी के वजन 1 किलो 400 ग्राम, 1 किलो 68 ग्राम, 1 किलो 90 ग्राम और 1 किलो 365 ग्राम हैं. बच्चों के सामान्य तौर पर वजन कम होने के कारण उन्हें आईसीयू में रखा गया है. जहां उनकी हालत सामान्य बताई गई है.

महिला का हुआ सिजेरियन ऑपरेशन
इस मामले में स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉक्टर फरहत पठान का कहना है कि, ”एक साथ कई बच्चों की डिलीवरी होना मल्टीपल डिलीवरी कहलाता है. जिसमें दो से लेकर चार या पांच शिशु हो सकते हैं. आमतौर पर यह दुर्लभ होता है.” उन्होंने बताया, ”सामान्य तौर पर ऐसे प्रसव सिजेरियन के माध्यम से किए जाते हैं. इस महिला का भी सिजेरियन ऑपरेशन हुआ है. फिलहाल मरीज की स्थिति सामान्य है, लेकिन थोड़ी कमजोरी है. वही बच्चों को नियो नेटल केयर के लिए वरिष्ठ अस्पताल भेजा गया है.”

7 महीने पहले हुई थी पति की मौत
प्राप्त जानकारी के अनुसार, शबनम ने आईवीएफ (In vitro fertilization) तकनीक के माध्यम से उपचार लिया था और इसी प्रक्रिया के चलते वह चार बच्चों की मां बनने में सफल हुईं. शबनम ने यह बड़ा फैसला अपने पति की 7 महीने पहले हुई मौत के बाद लिया. बताया जाता है कि शबनम के पति सैय्यद मंसूरी की सात महीने पहले एक सड़क दुर्घटना में मृत्यु हो गई थी. पति के असामयिक निधन के बाद भी शबनम ने हिम्मत नहीं हारी और परिवार को आगे बढ़ाने के लिए आईवीएफ तकनीक अपनाने का निर्णय लिया.

क्योंकि पति की मृत्यु के पहले ही शबनम ने आईवीएफ तकनीक के माध्यम से उपचार लिया था इसलिए डॉक्टर के पास पति के स्पर्म पहले से मौजूद थे. इसी फैसले के फल स्वरुप आज चार नन्हीं जानों के रूप में एक बड़ा सुख लेकर आया है. अस्पताल प्रशासन के अनुसार, शबनम ने तीन लड़कियों और एक लड़के को जन्म दिया है.

डॉक्टरों ने बताया कि मेडिकल टीम पहले से ही हाई-रिस्क डिलीवरी को लेकर तैयार थी. आईवीएफ के माध्यम से मल्टीपल प्रेग्नेंसी होने की संभावना अधिक रहती है, इसलिए पूरी प्रक्रिया को सतर्कता और विशेषज्ञता के साथ पूरा किया गया. प्रसव के तुरंत बाद बच्चों और मां दोनों को विशेष निगरानी में रखा गया. अस्पताल के डॉक्टरों ने कहा कि यह प्रसूति न केवल मेडिकल टीम के लिए गर्व का क्षण है बल्कि महिला की हिम्मत और मातृत्व की मजबूत भावना का भी प्रतीक है. शबनम ने कठिन परिस्थितियों के बावजूद अपने परिवार को आगे बढ़ाने का जो साहस दिखाया, वह समाज के लिए प्रेरणादायी है.

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.