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आंखों में आंसू, अपनों की तलाश और अस्पताल में भटकते लोग… बस उम्मीद जो प्लेन क्रैश के बाद ‘जिंदा’

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‘उम्मीद की किरण अभी जिंदा है’… ये हम नहीं कह रहे, बल्कि अहमदाबाद सिविल अस्पताल के बाहर जमा उस हर एक शख्स की आंखें बयां कर रही हैं, जो अपनों की तलाश में वहां पहुंचा है. अस्पताल में सभी इधर-उधर भटक रहे हैं. देख रहे हैं कि किसी बेड पर कोई अपना तो दिख जाए. चहल-पहल के बीच कोई रो रहा है तो कोई अपने लोगों के आंसुओं को पोछ रहा है. प्लेन क्रैश के हादसे वाली जगह की तस्वीरें बड़ी भयावह हैं. किसी के बचने की उम्मीद तो न के बराबर है, लेकिन परिजन अभी भी आस लगाए बैठे हैं. प्लेन में 242 लोग सवार थे. ये प्लेन अहमदाबाद से लंदन जा रहा था, तभी हादसे का शिकार हो गया.

अहमदाबाद के सिविल अस्पताल में आई एक महिला ने बताया कि मेरी ननद और उनके पति अस्पताल के अंदर हैं. वे अपनी बेटी के पास जा रहे थे. महिला ने बताया कि उनकी बेटी का मुझे फोन आया था. वो बहुत रो रही थी. बेटी ने बताया कि मामी मम्मी-पापा मुझे देखने आ रहे थे. आप एक बार अस्पताल जाइए. शायद उनके बारे में कुछ जानकारी मिल जाए. महिला ने बताया कि बेटी के फोन के बाद मैं यहां पहुंची हूं. अभी कुछ जानकारी नहीं मिल पा रही है.

वहीं प्लाइट नंबर AI-171 के एक यात्री की पड़ोसी भी सिविल अस्पताल पहुंची हैं. वह अस्पताल के बाहर लोगों से जानकारी ले रही हैं. उन्होंने बताया कि मेरे पड़ोसी की बेटी फ्लाइट में थी. हमें अभी तक उसके बारे में कोई अपडेट नहीं मिला है, क्योंकि हमें अंदर जाने की अनुमति नहीं दी जा रही है.

सिविल अस्पताल में रोने लगे परिजन

वहीं सिविल अस्पताल पहुंचा एक व्यक्ति जोर-जोर से रोने लगा. वह अंदर जाना चाहता था, ताकि उसे अपने परिजनों के बारे में कुछ पता चल सके, लेकिन अधिकारियों ने उसे रोक लिया. वह अधिकारियों के सामने हाथ जोड़कर विनती करने लगा, तभी उसकी आंख से आंसू छलक पड़े. ऐसे बहुत से परिवार सिविल अस्पताल के बाहर आए हैं, जिनके परिजन इस हादसे का शिकार हुए हैं. अभी उनको अपने परिजनों के बारे में कुछ पता नहीं चल सका है.

सोचा नहीं था इतना बड़ा हादसा हो जाएगा

तौसीफ के मित्र के पिता एयर इंडिया की फ्लाइट में सवार थे. तौसीफ ने TV9 को बताया जिस तरह से यह हादसा हुआ है, किसी के भी बचने की उम्मीद नहीं है. तौसीफ ने यह भी बताया कि बीती रात रज्जाक चिट्ठी वाला से उनकी मुलाकात भी हुई थी और उन्होंने कभी सपने में भी यह नहीं सोचा था कि आज इतना बड़ा हादसा हो जाएगा. अहमदाबाद के रहने वाले रज्जाक चिट्ठी वाला अपने बेटे से मिलने लंदन के लिए रवाना हुए थे.

शायद कोई भी जीवित न बचा हो- पुलिस कमिश्नर

वहीं अहमदाबाद के पुलिस कमिरश्न ने टीवी9 भारतवर्ष से बातचीत में कहा कि ऐसा लगता है कि एयर इंडिया विमान के दुर्घटनाग्रस्त होने के बाद कोई भी इसमें जीवित बचा हो. बता दें कि एयर इंडिया का विमान अहमदाबाद एयरपोर्ट से गुरुवार दोपहर 1:39 बजे (IST) रनवे 23 से उड़ान भरने के तुरंत बाद एयरपोर्ट से बाहर जाते ही क्रैश हो गया. उड़ान भरते ही पायलट ने ATC को MAYDAY कॉल दिया, लेकिन इसके बाद विमान से कोई और संपर्क नहीं हो पाया. विमान में कुल 242 लोग सवार थे, जिनमें 2 पायलट, 10 क्रू मेंबर्स और 230 यात्री शामिल थे. अभी तक इनके बार में कोई जानकारी नहीं मिल पाई है.

PM मोदी ने हादसे पर दुख जताया

हादसे के बाद से पूरे देश में गम का माहौल है. सभी हादसे को लेकर शोक व्यक्त कर रहे हैं. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से लेकर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू तक ने हादसे पर दुख जताया है. PM मोदी ने कहा कि वे इस घटना से बहुत स्तब्ध हैं. उन्होंने ट्वीट किया, “अहमदाबाद में हुई त्रासदी से हम स्तब्ध और दुखी हैं. यह शब्दों से परे दुखद है. इस दुख की घड़ी में, मेरी संवेदनाएं उन सभी के साथ हैं, जो इससे प्रभावित हुए हैं. मंत्रियों और अधिकारियों के साथ संपर्क में हूं, जो प्रभावित लोगों की सहायता के लिए काम कर रहे हैं.”

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