Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
क्या भारत में नागरिकों को हासिल है पूरी आजादी? जानिए संविधान प्रदत्त 11 अधिकारों के साथ जुड़ी अहम का... क्या NDA में होगा बड़ा विस्तार? परिसीमन और महिला आरक्षण बिल के बीच DMK, NCP और अकाली दल के साथ आने क... महाराष्ट्र के सांगली में बड़ा हादसा: रेणावी घाट में दो ST बसों की आमने-सामने भीषण टक्कर स्वतंत्रता दिवस 2026: दिल्ली मेट्रो की विशेष व्यवस्था, लाल किला और जामा मस्जिद के लिए सुबह 4 बजे से ... अयोध्या पहुंचे मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, महंत परमहंस रामचंद्र दास के स्मृति समारोह में हुए शामिल 80वें स्वतंत्रता दिवस की पूर्व संध्या पर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू का राष्ट्र के नाम संबोधन, देशवासि... PM मोदी और विदेश नीति पर टिप्पणी से गरमाई सियासत: राजनाथ सिंह और एकनाथ शिंदे ने राहुल गांधी को घेरा,... CJI सूर्य कांत विवाद के बाद सुर्खियों में NALSAR यूनिवर्सिटी, BCI ने वापस लिया निलंबन फैसला 4,200 करोड़ के लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे निर्माण में भ्रष्टाचार का आरोप, हाईकोर्ट ने मांगा जवाब 15 अगस्त को देश मनाएगा 80वां स्वतंत्रता दिवस, लाल किले पर समारोह के दौरान मौसम पर टिकीं निगाहें

कब्रिस्तान से निकले दो भूत… करने लगे जमीन का काला कारोबार! पुलिस के भी फूले हाथ

35

किसी ने भूत देखा हो या न देखा हो, लेकिन उसके बारे में सुना जरूर होगा. भूत की कहानियां अपने आसपास अक्सर ही सुनने को मिलती हैं. ऐसी ही एक कहानी उत्तर प्रदेश के बलिया जिले से सामने आई है. जहां साल 1961 और 2019 में दो लोगों की मौत हो गई. इन दोनों के मरने के बाद भी जिले में जमीन के काले कारोबार में इनका नाम चल रहा था. बलिया जिले के रसड़ा इलाके के रहने वाले अजीमुद्दीन की मौत साल 1961 में हुई थी, जबकि शोएब की मौत 2019 में हुई. मरने के बाद दोनों के शव को कब्रिस्तान में दफना दिया गया था.

दोनों की मौत के बाद भी उनके नाम से जिले में जमीन का काला कारोबार चल रहा है. इस मामले ने पुलिस की टीम को भी चौंका दिया है. सच्चाई सामने आने पर पुलिस ने 9 लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया है. इस मामले पर जांच तेज कर दी है. आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने की बात कही है.

मृतकों की ओर से किया गया वकील

दरअसल, रसड़ा इलाके में मृतक के नाम पर जमीन का काला कारोबार किया जा रहा था. मृतक के फर्जी हस्ताक्षर कर जमीन की रजिस्ट्री कर दी गई. एसडीएम रसड़ा कोर्ट में आरोपियों के खिलाफ धारा 229-बी के तहत केस दर्ज कराया गया. उनमें से कुछ ने मृतकों की भूमि को लूटने और हड़पने के इरादे से एक समूह बनाकर मृतकों को कागजों में पुनर्जीवित किया. इतना ही नहीं मृतक की ओर से एक वकील भी नियुक्त किया गया. लाखों की जमीन की खरीद-फरोख्त भी हुई. बाद में कोर्ट के आदेश पर रसड़ा थाने की पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई.

पुलिस आरोपियों के खिलाफ दर्ज किया केस

रसड़ा पुलिस ने आरोपी रेयाज अहमद, फैयाज अहमद, मुस्ताक, मुमताज, मुशर्रफ जहांगीर, सायरा बानो के खिलाफ अवैध रूप से जमीन हड़पने का प्रयास करने के आरोप में धारा 419, 20, 67, 68, 71 और 506 के तहत केस दर्ज किया है. सुमन जयसवाल और दो अज्ञात लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है.

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.