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इजराइल के गाजा पर हवाई-जमीनी हमले तेज, इंटरनेट और संचार सेवाएं की बंद

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हमास द्वारा 7 अक्‍टूबर को किए हमले के बाद इजरायल लगातार गाजा पट्टी पर एयर स्‍ट्राइक कर रहा है और अब उसने जमीनी हमले भी तेज कर दिए हैं। बीते 24 घंटे की बमबारी में गाजा पट्टी में कुल 756 लोग मारे गए हैं जो सात अक्टूबर से जारी युद्ध में एक दिन में मारे गए लोगों की सर्वाधिक संख्या है। मारे गए लोगों में 344 बच्चे हैं। 18 दिन के युद्ध में इजरायली बमबारी में गाजा के कुल 6546 लोग मारे गए हैं।  वहीं इजरायल में तब तक 1400 लोगों की मौत हो चुकी है। इजरायल हमास युद्ध में अब तक कुल 7044 लोगों की मौत चुकी है।

कुछ दिनों पहले  इजरायल ने  उत्तरी गाजा की सीमा परअपने टैंक और सैनिक भी तैनात कर दिए। इसके अलावा हमास के लड़ाके  200 से ज्‍यादा लोगों को बंधक बनाकर भी  ले गए थे।  इजराइली टैंक और सैनिक आदेश की प्रतीक्षा में गाजा सीमा पर तैनात हैं। इजरायल ने 360,000 रिजर्विस्ट बुलाए हैं। गाजा पर आक्रमण में देरी करने के लिए अंतर्राष्ट्रीय दबाव बढ़ रहा है, लेकिन यह दबाव बंधकों के कारण नहीं है। इजरायली सरकार ने कहा कि हमास द्वारा रखे गए 220 बंधकों में से आधे से अधिक के पास 25 विभिन्न देशों के विदेशी पासपोर्ट हैं। माना जाता है कि कई लोगों के पास दोहरी इजरायली राष्ट्रीयता थी।

  • इजराइल ने गाजा पट्टी में इंटरनेट और संचार के अन्य माध्यम बंद कर दिए हैं, जिससे वहां रहने वाले 23 लाख लोगों का आपस में तथा बाहरी दुनिया से संपर्क कट गया है। इजराइल ने शुक्रवार रात से गाजा पर हवाई और जमीनी हमले भी तेज कर दिए हैं। इजराइल की सेना ने कहा कि वह क्षेत्र में जमीनी अभियान ‘‘व्यापक” कर रही है। सेना की यह घोषणा इस बात का संकेत देती है कि वह गाजा पर संपूर्ण आक्रमण के नजदीक पहुंच रही है। उसने गाजा में हमास आतंकियों का पूरी तरह से सफाया करने का प्रण लिया है।
  • इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्‍याहू   का कहना है कि वह हमास को जड़ से खत्‍म कर ही शांत बैठेंगे  वहीं, हमास ने शनिवार को कहा कि इजरायली सेना द्वारा फिलिस्तीनी इलाके पर अपने हवाई और जमीनी हमलों को तेज करने के बाद गाजा में उसके लड़ाके “पूरी ताकत” से इजरायली हमलों का सामना करने के लिए तैयार हैं।
  • इजराइल के हवाई हमलों के कारण हुए विस्फोट से गाजा सिटी के आसमान में लगतार चमक दिखाई देती रही। फलस्तीन के टेलीकॉम प्रदाता ‘पालटेल’ ने कहा कि बमबारी के कारण इंटरनेट, सेल्युलर और लैंडलाइन सेवाएं ‘पूर्ण रूप से बाधित’ हो गईं हैं। संचार ठप होने का तात्पर्य यह है कि हमले में लोगों के मारे जाने और जमीनी कार्रवाई के बारे में कोई जानकारी नहीं मिल पाएगी। हालांकि, क्षेत्र में कुछ सैटेलाइट फोन काम कर रहे हैं।
  • वाशिंगटन में ऑस्ट्रेलियाई प्रधानमंत्री एंथनी अल्बानीज के साथ एक संयुक्त संवाददाता सम्मेलन में राष्ट्रपति जो बाइडेन ने कहा, “इजरायली और फिलीस्तीनी समान रूप से सुरक्षा, सम्मान और शांति से साथ-साथ रहने के हकदार हैं। बाइडन ने कहा कि इस्लामवादी हमास समूह द्वारा इजराइल पर हमला करने, 1400 लोगों की हत्या करने और विभिन्न राष्ट्रीयताओं के 200 से अधिक लोगों को बंधक बनाने का एक कारण इजरायल और सऊदी अरब के बीच संबंधों को सामान्य होने से रोकना था।”
  • गाजापट्टी में स्वास्थ्य मंत्रालय ने बुधवार को कहा कि इजरायली जवाबी हमलों में साढ़े छह हजार से अधिक लोगों की मौत हो चुकी है। वहीं इजरायली सरकार के आंकड़ों के अनुसार, 7 अक्टूबर से अब तक गाजा पर इजरायल की ओर से 7600 से अधिक रॉकेट दागे गए हैं। वहीं संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद के मतदान में सहायता प्रस्ताव विफल संयुक्त राष्ट्र में रूस और चीन ने अमेरिकी-मसौदा सुरक्षा परिषद के प्रस्ताव को वीटो कर दिया, जिसमें फलस्तीनी नागरिकों को आवश्यक भोजन, पानी और दवा पहुंचाने की अनुमति देने के लिए शत्रुता को रोकने का आह्वान किया गया था। संयुक्त अरब अमीरात ने भी नहीं में मतदान किया, जबकि 10 सदस्यों ने पक्ष में मतदान किया और दो अनुपस्थित रहे।
  • गाजा एक सप्ताह से बिजली नहीं होने से अंधेरे में डूबा हुआ है। फिलीस्तीन के लोग भोजन और पेयजल की समस्या से भी जूझ रहे हैं। गाजा के लोग उस वक्त दशहत में आ गए, जब मैसेजिंग ऐप अचानक बंद होने के कारण परिवारों के साथ उनका संपर्क कट गया और कॉल आने बंद हो गए। वेस्ट बैंक के रामल्ला शहर में महिलाओं की एक संस्था की निदेशक वफ़ा अब्दुल रहमान ने कहा, ‘‘मैं बहुत डर गई। मेरी कई घंटों से मेरे परिवार से कोई बातचीत नहीं हुई है।”
  • कब्जे वाले क्षेत्रों के लिए संयुक्त राष्ट्र के मानवीय समन्वयक लिन हेस्टिंग्स ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर पोस्ट किया कि फोन और इंटरनेट सेवा के बिना अस्पताल और सहायता अभियान संचालित नहीं हो सकेंगे। वहीं, रेड क्रिसेंट ने कहा कि वह चिकित्सा दलों से संपर्क नहीं कर पा रहा है और निवासी एम्बुलेंस सेवा को फोन नहीं कर पा रहे हैं। अंतरराष्ट्रीय सहायता समूहों ने कहा कि वे सैटेलाइट फोन के इस्तेमाल से केवल कुछ कर्मचारियों से ही संपर्क कर सके हैं। इजराइल के सैन्य प्रवक्ता रियर एडमिरल डैनियल हगारी ने कहा कि गाजा में जमीनी बलों ने शुक्रवार शाम से ‘‘अपनी गतिविधि बढ़ा” दी है।

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