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चर्चित मोहद कांड के सोलह आरोपित छह साल बाद दोषमुक्त किए गए

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बुरहानपुर। क्षेत्र की शांति व सौहार्द्र बिगाड़ने, विभिन्न समूहों के बीच शत्रुता पैदा करने और आपराधिक षड्यंत्र रचने के मामले में आरोपित बनाए गए सोलह ग्रामीणों को छह साल तीन माह बाद अदालत से न्याय मिला है। न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी देवेश मिश्रा की अदालत ने सोमवार को फैसला सुनाते हुए सभी सोलह आरोपितों को दोषमुक्त घोषित कर दिया है।

मोहद गांव के सत्रह लोगों को आरोपित बनाया था

इस प्रकरण में शाहपुर थाना पुलिस ने मोहद गांव के सत्रह लोगों को आरोपित बनाया था। प्रकरण की सुनवाई के दौरान एक आरोपित रुबाब तड़वी की मृत्यु हो चुकी है। न्यायालय का फैसला आने के बाद मंगलवार को दोषमुक्त हुए आरोपितों ने कहा कि उन्हें कानून और न्याय प्रक्रिया पर पूरा भरोसा था। उनके अधिवक्ता उबैद शेख ने कहा कि उनके पक्षकारों को झूठे प्रकरण में पुलिस द्वारा फंसाया गया था।

गंभीर धारा में प्रकरण दर्ज हुआ था

तत्कालीन थाना प्रभारी ने वर्ग विशेष के लोगों पर अन्य धाराओं के साथ देश द्रोह जैसी गंभीर धारा में प्रकरण दर्ज किया था। जिसके चलते उन्हें जेल जाना पड़ा था। बाद में मानवाधिकार आयोग के हस्तक्षेप पर देश द्रोह की धारा हटाई गई थी, लेकिन अन्य गंभीर धाराएं लगाए जाने के कारण ग्रामीणों को पूरा इंसाफ नहीं मिल पाया था। अब जाकर उन्हें न्याय मिला है।

भारत-पाकिस्तान के बीच क्रिकेट मैच बना था विवाद का कारण

देश द्रोह का यह मामला 18 जून 2017 का था। इस दिन भारत और पाकिस्तान के बीच आइसीसी चैंपियंश ट्राफी क्रिकेट टूर्नामेंट का फाइनल मैच खेला गया था। गांव के सुभाष कोली, रितेश सहित अन्य लोगों ने आरोप लगाया था कि भारत की टीम के विकेट गिरने पर आरोपित जश्न मना रहे थे। भारत के मैच हारने के बाद उन्होंने गांव में कई जगह न केवल पटाखे फोड़े बल्कि पाकिस्तान जिंदाबाद के नारे भी लगाए थे। जिससे लोगों की भावनाएं आहत हुईं और शांति भंग होने का खतरा पैदा हो गया था। पुलिस ने 17 अप्रैल 2018 को न्यायालय में अभियोग पत्र प्रस्तुत किया था। सवा छह साल बाद नौ अक्टूबर 2023 को फैसला सुनाया गया। प्रकरण की सुनवाई के दौरान घटना के आठों साक्षियों ने बयान बदल दिए थे।

ये आरोपित दोष मुक्त किए गए

शाहपुर थाना पुलिस ने मोहद गांव निवासी इतबार गुलजार, फिरोज जमशेर, बशीर शमशेर, मुकद्दर पुत्र सिकंदर, सज्जाद पुत्र करीम, अनीस पुत्र बाबू, इमाम पुत्र खुदाबख्श, सलमान पुत्र तुराब, शरीफ पुत्र हसन, मेहमूद पुत्र रसीद, इरफान पुत्र मीर खां, रमजान पुत्र हसन, इमरान पुत्र मूसा, सरफराज पुत्र रशीद, रमजान पुत्र सरदार, बशीर पुत्र उस्मान और रूबाब पुत्र नबाव को आरोपित बनाया था। इनमें से रूबाब की मृत्यु हो चुकी है।

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