Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
Iran-Israel War Impact: ईरान युद्ध के कारण बढ़ सकते हैं पानी और कोल्ड ड्रिंक की बोतलों के दाम; भारतीय... मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड का बड़ा फरमान: "मुसलमानों के लिए इस्लामी उत्तराधिकार कानून अनिवार्य"; संपत्ति... विकसित भारत 2047: हरियाणा बनेगा देश का 'ग्रोथ इंजन'! उद्योग और युवाओं के कौशल पर सरकार का बड़ा दांव;... दिल्ली-देहरादून हाईवे पर 'आपत्तिजनक नारा' लिखना पड़ा भारी! दो युवतियों समेत 3 गिरफ्तार; माहौल बिगाड़ने... सावधान! दिल्ली में 48 घंटे बाद बरसेगा पानी, यूपी-राजस्थान में 'तूफान' जैसी हवाओं का अलर्ट; IMD ने पह... आगरा में 'जहरीली गैस' का तांडव! कोल्ड स्टोरेज से रिसाव के बाद मची भगदड़, जान बचाने के लिए खेतों की त... Bus Fire News: जैसलमेर से अहमदाबाद जा रही स्लीपर बस में लगी भीषण आग, एक यात्री झुलसा; खिड़कियों से क... कश्मीर में VIP सुरक्षा पर 'सर्जिकल स्ट्राइक'! फारूक अब्दुल्ला पर हमले के बाद हिला प्रशासन; अब बुलेटप... ईरान की 'हिट लिस्ट' में Google, Apple और Microsoft? अब टेक कंपनियों को तबाह करेगा तेहरान; पूरी दुनिय... दिल्ली में 'Zero' बिजली बिल वालों की शामत! खाली पड़े घरों की सब्सिडी छीनने की तैयारी; क्या आपका भी बं...

सरकारी विभागों में कॉन्ट्रैक्ट नौकरियों में मिलेगा आरक्षण, केंद्र सरकार ने सुप्रीम कोर्ट को बताया

42

नई दिल्ली :  सरकारी विभागों में कॉन्ट्रैक्ट नौकरियों में भी आरक्षण मिलेगा। केंद्र सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में ये जानकारी दी। केंद्र ने बताया कि सरकारी विभागों में 45 दिन या उससे अधिक की अस्थायी नियुक्तियों में SC/ST/OBC आरक्षण दिया जाएगा। केंद्र सरकार ने कहा कि सभी मंत्रालयों और विभागों को अस्थायी पदों पर इस आरक्षण को सख्ती से लागू करने के निर्देश जारी किए गए हैं।

आरक्षण की मांग को लेकर दाखिल की गई थी याचिका

दरअसल, अस्थायी नौकरियों में एससी/एसटी/ओबीसी आरक्षण की मांग को लेकर एक याचिका दाखिल की गई थी। इसके जवाब में केंद्र सरकार ने कोर्ट में बताया कि 2022 में भारत सरकार द्वारा जारी विज्ञापन में इस बारे में जानकारी दी गई है।

सरकार की ओर से जारी ओएम में कहा गया है कि केंद्र सरकार के पदों और सेवाओं में नियुक्तियों के संबंध में 45 दिन या उससे अधिक की अस्थायी नियुक्तियों में अनुसूचित जाति/अनुसूचित जनजाति/अन्य पिछड़ा वर्ग के उम्मीदवारों के लिए आरक्षण होगा। हालांकि, अस्थायी नियुक्तियों में आरक्षण की व्यवस्था 1968 से लागू है. इसे लेकर 2018 और 2022 में भी निर्देश जारी हो चुके हैं।

संसदीय समिति की रिपोर्ट का दिया गया हवाला

हालांकि, याचिका में अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति के कल्याण पर संसदीय समिति की एक रिपोर्ट का हवाला दिया गया था, जिसमें पाया गया कि सभी विभागों द्वारा अस्थायी नौकरियों में आरक्षण के निर्देशों का पालन नहीं किया जा रहा है।

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.

Please Pay your remaining balance to remove this banner !
इस बैनर को हटाने के लिए कृपया अपनी बकाया राशि का भुगतान करें !