Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
Solar Eclipse 2027: 75 साल बाद सऊदी अरब में दिखेगा पूर्ण सूर्य ग्रहण, 21वीं सदी की सबसे बड़ी खगोलीय ... रांची के कांके रोड पर बेकाबू ट्रैक्टर का तांडव: आधा दर्जन बाइक-स्कूटी को रौंदा, एक गंभीर रूप से घायल जौनपुर की शाहजहां बानो बनीं 'प्रतीक्षा': सनातन धर्म अपनाकर बरेली के आश्रम में प्रेमी पवन संग रचाया व... गुरुग्राम के सूरत नगर में MNC कर्मचारी की संदिग्ध हालात में मौत, फंदे से लटकता मिला शव बरेली दहेज हत्या मामले में अदालत का बड़ा फैसला, 5 साल के मासूम की गवाही पर ससुर दोषमुक्त मंदसौर में घर की सीढ़ियों पर बैठा दिखा विशालकाय मगरमच्छ! चीख पड़ी महिला, वन विभाग ने रेस्क्यू कर चंब... बिहार में रेल नेटवर्क का बड़ा विस्तार: 976 करोड़ की लागत से दानापुर-फतुहा के बीच बिछेगी नई रेल लाइन,... देश में मंदिर चढ़ावा चोरी पर सियासत तेज, राज ठाकरे का दावा— "सिद्धिविनायक मंदिर में हर साल 18 करोड़ ... मानसून का रौद्र रूप! यूपी, बिहार समेत 15 राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट; दिल्ली में तूफानी हवाओं की... जबलपुर में महिला आरक्षक से पहचान छिपाकर दुष्कर्म और धर्मांतरण का दबाव, एसपी दफ्तर पहुंची पीड़िता

पत्नी डिंपल के साथ संसद पहुंचे अखिलेश यादव, बोले- मणिपुर में RSS द्वारा फैलाई गई नफरत

90

लखनऊ: दिल्ली दौरे पर पहुंचे समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने कहा कि मणिपुर में जो कुछ भी हो रहा है, वह RSS द्वारा फैलाई गई नफरत और बीजेपी की वोट बैंक की राजनीति है। क्या एजेंसियों को पता नहीं था कि वहां क्या हो रहा है। उसके बारे में उन्हें पता होना चाहिए। अगर सरकार ने यह सब होते देखा है, तो उन्हें सत्ता में नहीं रहना चाहिए।”

अखिलेश ने कहा कि बीजेपी और पीएम एक हैं। आरएसएस द्वारा फैलाई गई नफरत और बीजेपी की वोट बैंक की राजनीति मणिपुर में जो कुछ भी हो रहा है, वह इसी के कारण है। सरकार को हर चीज के बारे में पता होना चाहिए। अखिलेश ने कहा, “सत्ताधारी दल लोकतंत्र की हत्या करने पर उतारू है। मैं संजय सिंह और उन तमाम सांसदों का समर्थन करता हूं जो मणिपुर की घटना पर बहस चाहते हैं। बीजेपी के लोग जब हर बात पर बोलते हैं तो मणिपुर की जो घटना हुई उस पर भी कहना चाहिए।”

अखिलेश यादव गुरुवार को मैनपुरी सांसद और पत्नी डिंपल यादव के साथ संसद पहुंचे। उन्होंने आप सांसद संजय सिंह के मणिपुर के हालातों पर धरने को समर्थन दिया। गौरतलब है कि मणिपुर में 3 मई को जातीय झड़पें भड़क उठीं और तब से अब तक सैकड़ों लोगों की जान जा चुकी है, जबकि हजारों लोगों को राहत शिविरों में शरण लेने के लिए मजबूर होना पड़ा है। मणिपुर में भीड़ द्वारा दो महिलाओं को निर्वस्त्र कर घुमाने का 4 मई का वीडियो 19 जुलाई को वायरल हो गया, इसकी पूरे देश में व्यापक निंदा हुई।

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.