Haryana Vehicle Scrappage Policy: हरियाणा सरकार की पुरानी गाड़ियों को लेकर बड़ी अपील, 10-15 साल पुराने वाहन होंगे स्क्रैप
हरियाणा सरकार ने राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (एनसीआर) में बढ़ते वायु प्रदूषण को नियंत्रित करने और पर्यावरण को पूरी तरह स्वच्छ बनाने के उद्देश्य से वाहन मालिकों से अपने पुराने वाहनों को स्क्रैप कराने की जोरदार अपील की है। सरकार के स्पष्ट दिशा-निर्देशों के अनुसार, 10 वर्ष पुराने डीजल और 15 वर्ष पुराने पेट्रोल वाहनों को पंजीकृत वाहन स्क्रैपिंग सुविधा केंद्रों (RVSF) में ले जाकर स्क्रैप कराने पर विशेष जोर दिया जा रहा है। एक सरकारी प्रवक्ता ने इस बारे में जानकारी देते हुए बताया कि ये पुरानी गाड़ियाँ पर्यावरण में प्रदूषण का स्तर बढ़ाने के साथ-साथ रखरखाव पर भारी खर्च और सड़क सुरक्षा से जुड़ी गंभीर समस्याओं की बड़ी वजह बनती जा रही हैं। ऐसे में प्रत्येक नागरिक का यह कर्तव्य है कि वह पर्यावरण संरक्षण के प्रति अपनी जिम्मेदारी निभाए और निर्धारित मानकों के तहत अपने पुराने वाहनों को स्क्रैप कराने के लिए आगे आए।
♻️ पंजीकृत स्क्रैपिंग केंद्रों की सुविधा और नियमों की अनदेखी पर होगी सख्त कार्रवाई
प्रवक्ता ने आगे बताया कि सरकार द्वारा मान्यता प्राप्त पंजीकृत वाहन स्क्रैपिंग सुविधा केंद्रों पर पुराने वाहनों को वैज्ञानिक और सुरक्षित तरीके से नष्ट करने की पूरी व्यवस्था की गई है। इन केंद्रों के माध्यम से प्रदूषण को तेजी से कम करने, सड़क सुरक्षा में सुधार लाने तथा गाड़ियों में इस्तेमाल होने वाली उपयोगी और धातु सामग्रियों के पुनर्चक्रण (Recycling) को बढ़ावा देने में बहुत मदद मिलती है।
प्रवक्ता ने दो टूक चेतावनी देते हुए कहा है कि जो वाहन मालिक इन तय नियमों का पालन नहीं करेंगे और सड़कों पर पुराने वाहन दौड़ाते मिलेंगे, उनके खिलाफ प्रशासनिक स्तर पर नियमानुसार कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। सरकार ने सभी नागरिकों से एक स्वच्छ एनसीआर और हरित भविष्य के निर्माण में अपना पूरा सहयोग देने तथा अपने पुराने वाहनों को बिना किसी देरी के अधिकृत केंद्रों पर स्क्रैप कराने का अनुरोध किया है।
Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.