Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
Chhattisgarh Weather Update: सुबह-शाम ठंड और दोपहर में गर्मी, मानसून की हुई विदाई Dhamtari Crime: मुजगहन गांव में दो युवकों पर जानलेवा हमला, दीपांशु साहू की मौत Dhamtari Nagar Nigam: PWD सभापति पद से हटाए गए विजय मोटवानी, प्रभार सौंपते हुए हुए भावुक President Murmu in Chhattisgarh: रायपुर में नुआखाई और जगदलपुर में बस्तर दशहरा का कार्यक्रम Bastar Dussehra Accident: भीतर रैनी रस्म के दौरान रथ की चपेट में आया ग्रामीण, एक घायल Shadani Darbar Raipur: माता हासी देवी के सम्मान में ₹200 का सिक्का और डाक टिकट जारी Balrampur Health Center: गर्भवती पहुंची अस्पताल तो गेट पर मिला ताला, पढ़ें पूरी खबर Chhattisgarh Yuva Udaan 2026: कोरबा में युवाओं को मिली साइबर सुरक्षा और करियर की अहम टिप्स Dhanbad Encroachment: 21 साल बाद बारामुड़ी से हटाए जाएंगे 200 परिवार? दुर्गा पूजा में रांची वालों ने तोड़े ट्रैफिक नियम, पुलिस ने वसूला 3 करोड़ से ज्यादा का जुर्माना

Haryana Government VIP Helicopters: हरियाणा सरकार खरीदेगी अत्याधुनिक सॉफ्टवेयर, वीआईपी विमानों और हेलीकॉप्टरों का रखरखाव होगा डिजिटल

3

चंडीगढ़: हरियाणा सरकार अपने वीआईपी हेलीकॉप्टरों और विमानों के संचालन तथा तकनीकी रखरखाव की व्यवस्था को पूरी तरह आधुनिक बनाने की दिशा में एक अहम कदम उठा रही है. प्रदेश के नागरिक उड्डयन विभाग ने विमानों की मेंटेनेंस, क्रू प्रबंधन और सुरक्षा संबंधी सभी रिकॉर्ड्स को डिजिटल तरीके से व्यवस्थित करने के लिए एक अत्याधुनिक सॉफ्टवेयर खरीदने की प्रक्रिया शुरू कर दी है, जिसके लिए ई-टेंडरिंग के माध्यम से ऑनलाइन निविदाएं (टेंडर) आमंत्रित की गई हैं. इस प्रस्तावित सॉफ्टवेयर का मुख्य इस्तेमाल सरकार के तीन प्रमुख वीआईपी हेलीकॉप्टरों और फ्यूजन एयरप्लेन के बेहतर प्रबंधन में किया जाएगा, ताकि विमानन सुरक्षा से जुड़े तमाम मानकों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित किया जा सके और तकनीकी रखरखाव तथा कर्मचारियों की ड्यूटी से जुड़ी सभी जानकारियां एक ही सुरक्षित डिजिटल प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध हो सकें.

⚙️ तकनीकी रखरखाव और कलपुर्जों का डिजिटल रिकॉर्ड, मैनुअल चुनौतियों से मिलेगी राहत

विमानों के सुरक्षित संचालन के लिए उनके इंजन, विभिन्न तकनीकी कंपोनेंट्स और कलपुर्जों की स्थिति तथा उनके निर्धारित उपयोग की अवधि (लाइफ साइकिल) का सटीक रिकॉर्ड रखना बेहद महत्वपूर्ण होता है. नई डिजिटल व्यवस्था के तहत इन सभी पहलुओं की निगरानी बेहद आसानी से की जा सकेगी, जिससे सही समय पर मेंटेनेंस की योजना बनाने और किसी भी तकनीकी जरूरत की पहले से ही पहचान करने में बड़ी मदद मिलेगी. पारंपरिक मैनुअल रिकॉर्ड व्यवस्था में जानकारी को लगातार अपडेट रखने, उसका मिलान करने और जरूरत पड़ने पर समय पर उपलब्ध कराने में जो तमाम प्रशासनिक और तकनीकी चुनौतियां आती थीं, इस नई पहल से उनमें भारी कमी आएगी. ऑटोमेटेड ट्रैकिंग सिस्टम के जरिए रखरखाव का पूरा रिकॉर्ड बेहद व्यवस्थित रहेगा और भविष्य की आवश्यक तकनीकी कार्रवाई की योजना बनाने में पूरी सुविधा मिलेगी.

👨‍✈️ पायलटों की ड्यूटी, विश्राम समय और डीजीसीए नियमों के अनुपालन पर रहेगी विशेष नजर

इस प्रस्तावित सॉफ्टवेयर के माध्यम से पायलटों के उड़ान भरने के कुल समय, ड्यूटी की अवधि और उनके अनिवार्य विश्राम (रेस्ट) समय का रिकॉर्ड भी पूरी तरह डिजिटल रूप से मेंटेन किया जाएगा. यदि किसी पायलट की ड्यूटी तय सुरक्षा सीमा के करीब पहुँचती है या नियमों के उल्लंघन की कोई भी आशंका होती है, तो यह सिस्टम पहले ही अलर्ट जारी करने में पूरी तरह सक्षम होगा. इसके अलावा पायलटों की छुट्टियों, ऑन-कॉल ड्यूटी और क्रू शेड्यूलिंग का प्रबंधन भी डिजिटल तरीके से होगा, जिससे ड्यूटी निर्धारण में पारदर्शिता बढ़ेगी. विमानों की उड़ान योग्यता और क्रू प्रबंधन से जुड़े नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (DGCA) के सभी नियमों का कड़ाई से पालन विमानन सुरक्षा का एक अहम हिस्सा है, जिसे यह नया सिस्टम सुनिश्चित करेगा. साथ ही, सरकार की योजना के अनुसार इस पूरे डेटा का स्वामित्व हरियाणा सरकार के पास रहेगा और इसकी सुरक्षा व बैकअप की पुख्ता व्यवस्था भी सुनिश्चित की जाएगी.

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.