बोकारो (झारखंड): बोकारो जिले के मोहन कुमार मंगलम स्टेडियम में द्वितीय एनटीपीसी (NTPC) राष्ट्रीय रैंकिंग तीरंदाजी प्रतियोगिता का भव्य आयोजन शुरू हो गया है।
27 अगस्त तक चलने वाली इस प्रतिष्ठित राष्ट्रीय प्रतियोगिता में देशभर के शीर्ष एवं दिग्गज तीरंदाज अपनी सटीक निशानेबाजी और खेल प्रतिभा का प्रदर्शन कर रहे हैं। इस राष्ट्रीय स्पर्धा में हिस्सा लेने के लिए अर्जुन पुरस्कार से सम्मानित कई अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ी भी बोकारो पहुंचे हैं।
🌟 अर्जुन अवार्डी अभिषेक वर्मा, रजत चौहान और वर्ल्ड चैंपियन ऋषभ यादव पहुंचे बोकारो
देश के प्रमुख तीरंदाजी सितारों की उपस्थिति से प्रतियोगिता का स्तर काफी ऊंचा हो गया है:
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रजत चौहान: अर्जुन अवार्डी और राजस्थान सरकार में पुलिस उपाधीक्षक (DSP) के पद पर पदस्थ अंतरराष्ट्रीय तीरंदाज रजत चौहान स्पर्धा में भाग लेने बोकारो पहुंचे हैं।
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अभिषेक वर्मा: दो बार के विश्व चैंपियन, एशियन गेम्स के पदक विजेता और अर्जुन पुरस्कार से सम्मानित शीर्ष कंपाउंड तीरंदाज अभिषेक वर्मा भी निशाने साधते नजर आ रहे हैं।
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ऋषभ यादव: वर्ष 2025 के वर्ल्ड चैंपियन गोल्ड मेडलिस्ट ऋषभ यादव ने भी प्रतियोगिता में उपस्थिति दर्ज कराई है। विश्व रैंकिंग में शीर्ष स्थान पर शुमार ऋषभ ने बताया कि उनका मुख्य लक्ष्य आगामी एशियन गेम्स और कॉमनवेल्थ गेम्स में देश के लिए स्वर्ण पदक जीतना है।
🎯 ‘झारखंड की मिट्टी में है तीरंदाजी का हुनर’ — अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ियों ने सराहा
राष्ट्रीय स्पर्धा में भाग ले रहे देश के शीर्ष खिलाड़ियों ने राज्य की खेल संस्कृति की प्रशंसा की:
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आगामी लक्ष्य: खिलाड़ी राष्ट्रीय रैंकिंग में शीर्ष अंक अर्जित कर आगामी एशियन गेम्स एवं कॉमनवेल्थ गेम्स की भारतीय टीम में जगह पक्की करने में जुटे हैं।
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झारखंड की प्रतिभा: दिग्गज तीरंदाजों का मानना है कि झारखंड की मिट्टी में प्राकृतिक रूप से तीरंदाजी की अद्भुत प्रतिभा और क्षमता मौजूद है, यही कारण है कि यहां से निकले तीरंदाज वैश्विक पटल पर भारत का परचम लहरा रहे हैं।
🏅 ‘खेलो इंडिया’ और सरकारी नीतियों से जमीनी स्तर पर मिल रहा प्रोत्साहन
प्रतियोगिता के दौरान खिलाड़ियों ने खेल विकास की सरकारी योजनाओं पर अपने विचार साझा किए:
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बजट और सुविधाएं: खिलाड़ियों के अनुसार सरकार खेलों के विकास के लिए ठोस कदम उठा रही है। ‘खेलो इंडिया’ के बजट में वृद्धि होने से ग्रामीण व जमीनी स्तर के युवाओं को आधुनिक प्रशिक्षण मिल रहा है।
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रोजगार और सुरक्षा: उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों के लिए सरकारी नौकरियों और कॉर्पोरेट नियोजन के रास्ते सुलभ हुए हैं, जिससे खेल अब एक सुरक्षित करियर विकल्प बन गया है।
💡 युवा खिलाड़ियों को संदेश: ‘लक्ष्य पर एकाग्रता और लगन से संवरता है भविष्य’
वरिष्ठ तीरंदाजों ने उभरते युवा एथलीट्स को प्रेरित करते हुए कहा कि सफलता का कोई शॉर्टकट नहीं होता। यदि युवा अपने तय लक्ष्य पर पूर्ण एकाग्रता, लगन और निरंतर अनुशासन के साथ अभ्यास करें, तो वे न केवल वैश्विक स्तर पर देश का मान बढ़ा सकते हैं, बल्कि खेल के माध्यम से अपने भविष्य को भी सुरक्षित और उज्ज्वल बना सकते हैं।
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