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Dumka News: दुमका के सूर्य मंदिर में उमड़ा आस्था का सैलाब, मूलभूत सुविधाओं के अभाव में प्रबंधन कमेटी ने जताई नाराजगी

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दुमका: जिले के जरमुंडी प्रखंड क्षेत्र के केसरी गांव स्थित सूरज मंदिर में अष्टमी तिथि को दर्शन के लिए सुबह से ही श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी. वर्षों से चली आ रही परंपरा के अनुसार रविवार के दिन अष्टमी तिथि को मन्नत पूर्ण होने के बाद श्रद्धालु मंदिर आकर सूर्य भगवान को बलि चढ़ाते हैं. वहीं पर प्रसाद बनाकर श्रद्धालु ग्रहण करते हैं.

जरमुंडी प्रखंड के केसरी गांव में अवस्थित संथाल परगना का एक मात्र प्रसिद्ध सूर्य मंदिर है. भगवान भास्कर के इस मंदिर में विशेष तिथियों को होने वाले पूजा अनुष्ठान में शामिल होने के लिए स्थानीय सहित दूरदराज के श्रद्धालु पहुंचते हैं. मंदिर के मुख्य पुजारी दिनेश राय ने बताया कि जो भी भक्त सूर्य भगवान के इस मंदिर में मन्नत मांगते हैं, भगवान भास्कर उनकी मुरादें अवश्य पूरी करते हैं. भक्तों की मनोकामना पूर्ण होने पर वे विशेष तिथियों पर होने वाली पूजा पाठ में पूरी निष्ठा से भाग लेते हैं और बलि भी दी जाती है.

बासुकीनाथ से 8 किमी दूर है सूर्य मंदिर

बता दें कि बासुकीनाथ धाम से महज 8 किलोमीटर की दूरी पर केसरी गांव में स्थित इस सूर्य मंदिर का विकास होना अभी बाकी है. मंदिर को मुख्य सड़क तक जोड़ने वाली सड़क खस्ताहाल है. जिसके कारण मंदिर पहुंचने वाले श्रद्धालुओं को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ता है. मंदिर और उसके आसपास ठहरने की धर्मशाला जैसी कोई सुविधा नहीं रहने से दूरदराज से आने वाले श्रद्धालुओं को रात्रि में विश्राम करने के लिए काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है. श्रद्धालु खुले आसमान के नीचे टेंट लगाकर किसी तरह रात गुजारने को विवश हैं. लोगों ने आस्था के इस मंदिर में आवश्यक सुविधाएं बहाल करने की मांग की है.

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