Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
Iran-Israel War Impact: ईरान युद्ध के कारण बढ़ सकते हैं पानी और कोल्ड ड्रिंक की बोतलों के दाम; भारतीय... मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड का बड़ा फरमान: "मुसलमानों के लिए इस्लामी उत्तराधिकार कानून अनिवार्य"; संपत्ति... विकसित भारत 2047: हरियाणा बनेगा देश का 'ग्रोथ इंजन'! उद्योग और युवाओं के कौशल पर सरकार का बड़ा दांव;... दिल्ली-देहरादून हाईवे पर 'आपत्तिजनक नारा' लिखना पड़ा भारी! दो युवतियों समेत 3 गिरफ्तार; माहौल बिगाड़ने... सावधान! दिल्ली में 48 घंटे बाद बरसेगा पानी, यूपी-राजस्थान में 'तूफान' जैसी हवाओं का अलर्ट; IMD ने पह... आगरा में 'जहरीली गैस' का तांडव! कोल्ड स्टोरेज से रिसाव के बाद मची भगदड़, जान बचाने के लिए खेतों की त... Bus Fire News: जैसलमेर से अहमदाबाद जा रही स्लीपर बस में लगी भीषण आग, एक यात्री झुलसा; खिड़कियों से क... कश्मीर में VIP सुरक्षा पर 'सर्जिकल स्ट्राइक'! फारूक अब्दुल्ला पर हमले के बाद हिला प्रशासन; अब बुलेटप... ईरान की 'हिट लिस्ट' में Google, Apple और Microsoft? अब टेक कंपनियों को तबाह करेगा तेहरान; पूरी दुनिय... दिल्ली में 'Zero' बिजली बिल वालों की शामत! खाली पड़े घरों की सब्सिडी छीनने की तैयारी; क्या आपका भी बं...

लोहरदगा रेलवे पुल क्षतिग्रस्त, राजधानी सहित अन्य ट्रेनों का परिचाल हुआ बंद, खनन और रेलवे अधिकारी एक-दूसरे को ठहरा रहे दोषी

16

लोहरदगा: जिले में लोहरदगा-रांची रेलखंड के कोयल नदी पर रेलवे ब्रिज के पिलर नंबर 115 में दरार आ गई. जिसके बाद रेलवे प्रशासन और जिला प्रशासन एक-दूसरे पर आरोप लगा रहे हैं. रेलवे अधिकारियों ने इसे बालू उठाव की वजह से पिलर को नुकसान पहुंचाने की बात कही है. जबकि जिला प्रशासन इस मामले में कुछ और ही कह रहा है.

एक-दूसरे पर लगा रहे हैं आरोप-प्रत्यारोप

मामले को लेकर रेलवे और खनन विभाग एक-दूसरे पर आरोप लगा रहे हैं. पदाधिकारियों का कहना है कि एक-दूसरे की गलती की वजह से ऐसा हुआ है. विगत 6 जनवरी को ब्रिज के निरीक्षण के दौरान दक्षिण पूर्व रेलवे के जीएम अनिल कुमार मिश्र ने कहा था कि ब्रिज के पिलर को बालू उठाव और पानी के कारण हुए कटाव से नुकसान पहुंचा है. वहीं, अब मामले में जिला खनन पदाधिकारी राजाराम प्रसाद ने कहा है कि बालू उठाव के कारण नहीं, बल्कि घटिया निर्माण के कारण पिलर को नुकसान पहुंचा है.

घटिया निर्माण की वजह से पिलर में आया दरार: खनन पदाधिकारी

खनन पदाधिकारी ने कहा कि पिलर के आसपास रेलवे के एजेंसी द्वारा ही बालू का उठाव पोकलेन और ट्रैक्टर के माध्यम से किया गया है. उन्होंने यह भी कहा कि सिर्फ एक-दो नहीं बल्कि कई पिलर घटिया निर्माण के कारण क्षतिग्रस्त हुए हैं. इसमें बालू उठाव कोई कारण नहीं है. जिला खनन पदाधिकारी ने खुद रेलवे ब्रिज का निरीक्षण किया. उन्होंने बालू उठाव की स्थिति को देखा, साथ ही पिलर में आई दरारें भी देखीं. जिसके बाद उन्होंने स्पष्ट कहा कि बालू उठाव की वजह से पिलर को कोई नुकसान नहीं हुआ है.

राजधानी एक्सप्रेस समेत कई ट्रेनों की लोहरदगा तक परिचालन बंद

लोहरदगा के रेलवे ब्रिज में हुए नुकसान को लेकर विवाद गहराता जा रहा है. रेलवे और खनन विभाग एक-दूसरे पर आरोप प्रत्यारोप लगा रहे हैं. रेलवे ब्रिज के पिलर को नुकसान पहुंचने की वजह से लोहरदगा स्टेशन तक एक्सप्रेस ट्रेनों की परिचालन बंद पड़ा हुआ है. वहीं, मेमू का परिचालन भी लोहरदगा के इरगांव तक ही हो रहा है. जिससे दैनिक आवाजाही करने वाली यात्रियों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है.

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.